{"_id":"5cdc6974bdec22078812714e","slug":"71557948788-baghpat-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"सरूरपुर में मुंह भींचकर की गई थी मासूम दिपांशु की हत्या","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम","slug":"crime"}}
सरूरपुर में मुंह भींचकर की गई थी मासूम दिपांशु की हत्या
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बागपत। सरूरपुर कलां गांव के सात वर्षीय दिपांशु की मुंह भींचकर हत्या की थी। बुधवार को मेरठ से फोरेंसिक एक्सपर्ट की देखरेख में शव का दोबारा से हुए पोस्टमार्टम में खुलासा हुआ है। परिजन शव को घर लेकर चले गए। पुलिस घटना के खुलासे में जुट गई है।
कोतवाली क्षेत्र के सरूरपुर कलां गांव निवासी ईश्वर सिंह का सात वर्षीय बेटा दिपांशु कक्षा एक का छात्र था। सोमवार को तीन बजे के लगभग दिपांशु का शव चुनरी के फंदे पर लटका मिला था। परिजनों ने पुलिस को सूचना दिए बिना ही शव को श्मशान घाट में गड्ढा खोदकर दबाया था। पुलिस ने परिजनों से घटना की जानकारी ली। मंगलवार को मृतक छात्र के पिता ईश्वर सिंह ने कोतवाली में बेटे की हत्या की आशंका जताकर तहरीर दी। डीएम से शव का पोस्टमार्टम कराने की मांग की। डीएम पवन कुमार ने पुलिस को शव जमीन से निकाल कर पोस्टमार्टम कराने के आदेश दिए थे।
सीओ ओमपाल सिंह, नायब तहसीलदार राम नयन सिंह व कोतवाली प्रभारी की मौजूदगी में बच्चे के शव को जमीन से निकाला। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। मंगलवार को जिला अस्पताल के चिकित्सकों ने शव का पोस्टमार्टम किया, लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत के कारणों का पता नहीं चला। सीएमओ डॉ. सुषमा चंद्रा ने मेरठ व बागपत के तीन चिकित्सकों का पैनल गठित कर दोबारा पोस्टमार्टम कराने के निर्देश दिए । बुधवार को मेरठ से आए फोरेंसिक एक्सपर्ट की देखरेख में बच्चे के शव का दोबारा पोस्टमार्टम कराया । पोस्टमार्टम रिपोर्ट में चौंकाने वाला खुलासा हुआ। बच्चे की मुंह भींचकर हत्या की गई थी। एएसपी रण विजय सिंह ने बताया कि बच्चे की हत्या की गई है। पुलिस हत्यारोपियों का पता लगाने में जुट गई है।
विज्ञापन
आखिर किसने की होगी दिपांशु की हत्या
बागपत। सरूरपुर कलां गांव के मासूम दिपांशु के शव की पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने कई सवाल खड़े कर दिए है। आखिर मासूम की हत्या किसने और क्यों की। उसकी हत्या में कोई नजदीकी तो शामिल नहीं रहा। इसका खुलासा हत्यारोपियों के पकड़े जाने के बाद भी हो सकेगा। परिजनों ने पहले तो आत्महत्या समझ कर बच्चे के शव को जमीन में दफना दिया था, लेकिन रिश्तेदारों एवं भाजपा जिलाध्यक्ष वेदपाल उपाध्याय के कहने पर परिजन बच्चे के शव का पोस्टमार्टम कराने के लिए तैयार हुए। यदि पोस्टमार्टम नहीं कराया जाता तो शायद ही हत्या का पता चल पाता।
परिचितों पर घूम रही हत्या की सुई
बागपत। मासूम दिपांशु की हत्या में पुलिस के शक की सुई परिचितों पर ही घूम रही है, क्योंकि स्कूल से छुट्टी होने के बाद दिपांशु सीधा घर आया । घर में आने के बाद उसका पिता बड़ौत सामान लेने चले गए । उसका बड़ा भाई अपनी मां व बहनों को बुलाने गया। जब परिजन घर पहुंचे तो उसका शव दरवाजे पर चुनरी के फंदे से लटका हुआ था। इससे यह तो साफ हो गया है कि घर में घुसकर उसकी हत्या की और वारदात में किसी करीबी का हाथ है।
विज्ञापन
कोतवाली क्षेत्र के सरूरपुर कलां गांव निवासी ईश्वर सिंह का सात वर्षीय बेटा दिपांशु कक्षा एक का छात्र था। सोमवार को तीन बजे के लगभग दिपांशु का शव चुनरी के फंदे पर लटका मिला था। परिजनों ने पुलिस को सूचना दिए बिना ही शव को श्मशान घाट में गड्ढा खोदकर दबाया था। पुलिस ने परिजनों से घटना की जानकारी ली। मंगलवार को मृतक छात्र के पिता ईश्वर सिंह ने कोतवाली में बेटे की हत्या की आशंका जताकर तहरीर दी। डीएम से शव का पोस्टमार्टम कराने की मांग की। डीएम पवन कुमार ने पुलिस को शव जमीन से निकाल कर पोस्टमार्टम कराने के आदेश दिए थे।
विज्ञापन
सीओ ओमपाल सिंह, नायब तहसीलदार राम नयन सिंह व कोतवाली प्रभारी की मौजूदगी में बच्चे के शव को जमीन से निकाला। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। मंगलवार को जिला अस्पताल के चिकित्सकों ने शव का पोस्टमार्टम किया, लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत के कारणों का पता नहीं चला। सीएमओ डॉ. सुषमा चंद्रा ने मेरठ व बागपत के तीन चिकित्सकों का पैनल गठित कर दोबारा पोस्टमार्टम कराने के निर्देश दिए । बुधवार को मेरठ से आए फोरेंसिक एक्सपर्ट की देखरेख में बच्चे के शव का दोबारा पोस्टमार्टम कराया । पोस्टमार्टम रिपोर्ट में चौंकाने वाला खुलासा हुआ। बच्चे की मुंह भींचकर हत्या की गई थी। एएसपी रण विजय सिंह ने बताया कि बच्चे की हत्या की गई है। पुलिस हत्यारोपियों का पता लगाने में जुट गई है।
विज्ञापन
आखिर किसने की होगी दिपांशु की हत्या
बागपत। सरूरपुर कलां गांव के मासूम दिपांशु के शव की पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने कई सवाल खड़े कर दिए है। आखिर मासूम की हत्या किसने और क्यों की। उसकी हत्या में कोई नजदीकी तो शामिल नहीं रहा। इसका खुलासा हत्यारोपियों के पकड़े जाने के बाद भी हो सकेगा। परिजनों ने पहले तो आत्महत्या समझ कर बच्चे के शव को जमीन में दफना दिया था, लेकिन रिश्तेदारों एवं भाजपा जिलाध्यक्ष वेदपाल उपाध्याय के कहने पर परिजन बच्चे के शव का पोस्टमार्टम कराने के लिए तैयार हुए। यदि पोस्टमार्टम नहीं कराया जाता तो शायद ही हत्या का पता चल पाता।
परिचितों पर घूम रही हत्या की सुई
बागपत। मासूम दिपांशु की हत्या में पुलिस के शक की सुई परिचितों पर ही घूम रही है, क्योंकि स्कूल से छुट्टी होने के बाद दिपांशु सीधा घर आया । घर में आने के बाद उसका पिता बड़ौत सामान लेने चले गए । उसका बड़ा भाई अपनी मां व बहनों को बुलाने गया। जब परिजन घर पहुंचे तो उसका शव दरवाजे पर चुनरी के फंदे से लटका हुआ था। इससे यह तो साफ हो गया है कि घर में घुसकर उसकी हत्या की और वारदात में किसी करीबी का हाथ है।