फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Baghpat News ›   पुलिस को डर, निकाय चुनाव में खलल न डाल दें हप्पू

पुलिस को डर, निकाय चुनाव में खलल न डाल दें हप्पू

Wed, 15 Nov 2017 01:14 AM IST
Updated Wed, 15 Nov 2017 01:14 AM IST
विज्ञापन
पुलिस को डर, निकाय चुनाव में खलल न डाल दें हप्पू
बागपत। 50 हजार रुपये का इनामी अजीत उर्फ हप्पू पुलिस के लिए सिर दर्द बना हुआ है। आरोपी निकाय चुनाव में भी दखल डाल सकता है। उसको पकड़ना पुलिस के लिए बड़ी चुनौती बना हुआ है। उसकी पुलिस को जनपद में समय-समय पर लोकेशन मिलती रही है, लेकिन अभी तक पुलिस की पकड़ से बाहर है।
विज्ञापन

बावली निवासी अजीत उर्फ हप्पू बड़ौत कोतवाली का हिस्ट्रीशीटर है। उसके खिलाफ, हत्या, जानलेवा हमला, रंगदारी और धमकी समेत विभिन्न धाराओं के दर्जनों मुकदमे दर्ज हैं। वर्ष 2015 में उसने अपने साथियों के साथ मिलकर बावली गांव में ही दो भाइयों की हत्या की। बड़ौत कोतवाली में मुकदमा दर्ज हुआ है। इस मामले में हप्पू फरार चल रहा है और अन्य आरोपी जेल जा चुके हैं। इसी केस में हप्पू पर 50 हजार रुपये का इनाम घोषित है। पुलिस को हप्पू की बावली के जंगल के अलावा कई स्थानों पर लोकेशन मिल चुकी है। पुलिस कई बार जंगल खंगाल चुकी है। इतना ही नहीं ड्रोन से भी उसकी तलाश की जा चुकी है, लेकिन आरोपी अभी तक पुलिस की पकड़ से बाहर है। हप्पू के रंगदारी मांगने के मामले भी सामने आ रहे हैं। उसके गैंग के सदस्य जेल से भी रंगदारी वसूलने के लिए फोन कर रहे हैं। ऐसी स्थिति में हप्पू निकाय चुनाव में भी दखल दे सकता है। इसीलिए उसको पकड़ना पुलिस के लिए बड़ी चुनौती बना है। एएसपी अजय कुमार सिंह का कहना है कि इनामी अजीत उर्फ हप्पू की गिरफ्तारी के लिए संभावित स्थानों पर दबिश दी जा रही है। जल्द ही उसको गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
विज्ञापन


पुलिस को ठिकाने बताकर
गया हप्पू का साथी रवि
बागपत। पुलिस ने हप्पू के साथी रवि को नौ नवंबर को गिरफ्तार किया था। रवि हप्पू के इशारे पर रंगदारी वसूलने की फिराक में था। पुलिस ने रवि से हप्पू के ठिकाने भी पता किए हैं। पुलिस उनको तस्दीक करने में लगी हुई है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed