भाकियू की पंचायत स्थगित : महापंचायत महत्वपूर्ण, नरेश टिकैत बोले- सरकार की 'फूट डालो, राज करो' नीति से सावधान रहें किसान
कहा कि 23 जुलाई की पुसार में होने वाली पंचायत को किसी कारणवश स्थगित किया गया है। पांच सितंबर की मुजफ्फरनगर में होने वाली महापंचायत में ऐतिहासिक फैसले लिए जाएंगे। कहा कि इस बीच यदि किसी कार्यकर्ता के साथ कोई बात होती है तो आपात पंचायत भी बुलाई जा सकती है।
विस्तार
भारतीय किसान यूनियन ने संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर जीआईसी के मैदान में पांच सितंबर को होने वाली महापंचायत की तैयारी शुरू कर दी है। भाकियू अध्यक्ष चौधरी नरेश टिकैत ने संगठन के नेताओं को जिम्मेदारी सौंप दी है। वहीं 23 जुलाई को पुसार में होने वाली पंचायत को स्थगित कर दिया गया है। भाकियू अध्यक्ष नरेश टिकैत ने कहा कि मुजफ्फरनगर में 5 सितंबर को होने वाली महापंचायत में ऐतिहासिक फैसले लिए जाएगे।
बागपत में दोघट में भाकियू अध्यक्ष नरेश टिकैत ने कहा कि सरकार किसान आंदोलन को दबाना चाहती है। मगर, किसान सरकार की हठधर्मिता के सामने नहीं झुकेंगे। कृषि कानून वापसी पर ही धरने से लौटेंगे। किसानों को सरकार की फूट डालो और राज करो वाली नीति से सावधान रहना होगा।
दोघट कस्बे में राजेंद्र चौधरी के आवास पर हुई पंचायत में भाकियू अध्यक्ष ने कहा कि किसान गन्ना बकाया भुगतान आदि समस्याओं से जूझ रहा है। कहा कि पीएम कार्यालय से गोपनीय रिपोर्ट मिली है कि यह सरकार धरना दे रहे किसानों के साथ कुछ भी करा सकती है। इसलिए सभी संगठित होकर रहे। जाति बिरादरी सिर्फ विवाह शादी तक ही रखे। सरकार की 'फूट डालो, राज करो' वाली नीति से बचना होगा।
कहा कि 23 जुलाई की पुसार में होने वाली पंचायत को किसी कारणवश स्थगित किया गया है। पांच सितंबर की मुजफ्फरनगर में होने वाली महापंचायत में ऐतिहासिक फैसले लिए जाएंगे। कहा कि इस बीच यदि किसी कार्यकर्ता के साथ कोई बात होती है तो आपात पंचायत भी बुलाई जा सकती है। पंचायत की अध्यक्षता रामलाल शर्मा संचालन विक्रम शर्मा व राजकुमार ने संयुक्त रूप से किया।
कृषि कानूनों के विरोध में बिजनौर से निकाली जाने वाली ट्रैक्टर रैली के लिए भाकियू ने ताकत झोंक दी है। भाकियू नेता गौरव टिकैत खुद बिजनौर और मेरठ के किसानों के बीच पहुंच रहे हैं। भाकियू के निवर्तमान जिलाध्यक्ष मनोज त्यागी ने बताया कि बिजनौर से ट्रैक्टर रैली 24 जुलाई से आरंभ होगी। इसी दिन शाम को बहसूमा कस्बा स्थित राजकीय इंटर कॉलेज में रैली में शामिल किसान रात बिताएंगे।
इसके बाद रैली रविवार सुबह बहसुमा से प्रस्थान करेगी। शहर में किसान मवाना रोड होते हुए कमिश्नरी चौराहे से बेगमपुल जीरो माइल चौराहे पर आएगी। यहां से यात्रा गांधी बाग होते हुए कंकरखेड़ा पहुंचेगी और एनएच-58 से होते हुए गाजीपुर के लिए रवाना होगी। रैली में मेरठ जनपद के किसानों के ट्रैक्टर भी शामिल होंगे और गाजीपुर बॉर्डर पहुंचेंगे। भाकियू नुक्कड़ बैठकों के जरिए किसानों का जागरूक कर रही है।
किसानों को बर्बाद करने पर तुली है सरकार: गौरव टिकैत
वहीं बिजनौर में प्रस्तावित ट्रैक्टर रैली की तैयारी को लेकर भाकियू युवा विंग के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने विभिन्न गांवों में भ्रमण कर किसानों से अधिक से अधिक संख्या में रैली में शामिल होने का आह्वान किया। बुधवार को भाकियू युवा विंग के राष्ट्रीय अध्यक्ष गौरव टिकैत ने अन्य साथियों के साथ दर्जन भर गांवों में भ्रमण कर किसानों से जनसंपर्क किया।
गांव नवाबपुरा स्थित प्राइमरी स्कूल परिसर में नुक्कड़ सभा को संबोधित करते हुए गौरव टिकैत ने कहा कि किसानों को बर्बाद करने के लिए कृषि कानूनों को लाया गया है। संगठन इन कृषि कानूनों का वापस होने तक हर स्तर पर विरोध करता रहेगा। आठ माह से चल रहे आंदोलन को लेकर सरकार पूरी तरह संवेदनहीन बनी हुई है।
आंदोलन काल में 650 किसान प्राणों की आहुति दे चुके हैं, लेकिन सरकार हठधर्मिता अपनाए हुए है। उन्होंने आंदोलन को किसानों के स्वाभिमान के लिए चलाये जाने तथा युवा वर्ग से अनावश्यक रूप से खर्चों पर रोक लगाने व खेतों पर ध्यान देने की बात कही। उन्होंने कहा कि सरकार किसान सम्मान निधि तथा राशन बांटकर देश को पुन: गुलामी की ओर ले जाना चाहती है।
उन्होंने कहा कि 24 जुलाई को सुबह नौ बजे अफजलगढ़ स्थित गुरुद्वारे से ट्रैक्टर पर सवार किसानों का जत्था बिजनौर के लिए प्रस्थान करेगा। जहां से हजारों ट्रैक्टर बहसूमा के लिए रवाना होंगे। रात्रि विश्राम के बाद 25 जुलाई को सुबह दिल्ली बार्डर के लिए रवाना होंगे। इस दौरान उन्होंने गांव मुरलीवाला, लड्डूवाला, नबाबपुरा, तुरतपुर, मीरापुर, जामुनवाला, कादराबाद सहित विभिन्न गांवों में जनसंपर्क किया।