बारिश का कहर: अचानक गिरी मकान की छत, मलबे में दबे मासूम, मची चीख-पुकार, ऐसे बची चारों की जान
Baghpat News : बागपत में एक परिवार पर आफत टूट पड़ी। बारिश के चलते मकान की छत गिर गई, जिसके मलबे में चार बच्चे दब गए। इस दौरान मकान के अंदर चीख-पुकार मच गई।
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बागपत जनपद के रटौल में सोमवार सुबह एक हादसा हो गया। यहां बारिश के चलते एक मकान की छत गिर गई, जिसके मलबे में दबकर चार बच्चे घायल हो गए हैं। सभी बच्चों को चिकित्सक के यहां भर्ती कराया गया है।
रटौल निवासी यूसुफ पुत्र जमशेद ने बताया कि उसका मकान वार्ड-10 अब्दुलहमीद नगर में है, जो कच्चा मकान है। वह पिछले काफी समय से इसी मकान में परिवार सहित रह रहा है। तीन दिन से लगातार बारिश के चलते मकान में भी दरारें आने लगी हैं।
उसने बताया कि सोमवार सुबह वह चाय बनाने के लिए चीनी लेने बाजार गया था। तभी मकान की छत की तीन कड़ी टूटकर गिर गई और बेड पर सो रहे बच्चे अलिसबा, अलिफ्शा, इशान, व माहरा दब गए। वहीं, चीख-पुकार सुनकर बाहर बैठी बच्चों की दादी ने देखा तो शोर मचा दिया।
इसके बाद आसपास के लोगों ने मलबे में दबे बच्चों को निकाला और आनन-फानन चिकित्सक के यहां ले गए। पीड़ित यूसुफ नें बताया कि उसने दो साल पहले प्रधानमंत्री आवास योजना के अन्तर्गत फार्म भी भरा था लेकिन, आज तक उसका नंबर नहीं आया है।
उन्होंने बताया कि योजना के तहत गांव के कई लोगों के खातों में रुपये आ गए थे, जिस वजह से आज उनके मकान पक्के बने हैं। बताया कि अधिकारी जांच करने आते हैं और आश्वासन देकर चले जाते हैं लेकिन, आज तक कोई समाधान नहीं हो पाया है।
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पीड़ित ने बताया कि छत गिरने से बेड और टंकी में रखा गेंहू भी खराब हो गया है। बताया गया कि करीब 50 हजार रुपये का नुकसान हुआ है। इसके अलावा बारिश के चलते रटौल के ही जुल्फिकार के मकान में दरार आ गई है, जो घर के बहार तिरपाल डालकर रहने को मजबूर है। ग्रामीणों ने उच्च अधिकारियों से पीड़ितों के मकान बनवाने की मांग की है।
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