{"_id":"5f53d22f8ebc3e36bb7756e5","slug":"allegations-of-irregularities-in-toilet-construction-baghpat-news-mrt4997201151","type":"story","status":"publish","title_hn":"शौचालय निर्माण में अनियमितता का आरोप","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शौचालय निर्माण में अनियमितता का आरोप
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
- डीपीआरओ से की जांच कर कार्रवाई की मांग
बालैनी। गांव रोशनगढ़ के ग्रामीणों ने ग्राम प्रधान पर गांव में बनाए गए शौचालयों में अनियमितता बरतने और सरकारी धन का दुरुपयोग करने का आरोप लगाया है। डीपीआरओ से शौचालयों की जांच कराकर कार्रवाई की मांग की है।
ग्रामीण इलियास, दीपक, मुकीम, घसीटा, इकबाल, नबाब अली, नफीस. शंकर, सोनू का कहना था कि ग्राम प्रधान ने गांव में स्वच्छ भारत मिशन के अंतर्गत 770 शौचालयों का निर्माण कराना दर्शाया है। जबकि 400 शौचालय धरातल पर बने ही नहीं हैं और ग्राम प्रधान ने भुगतान भी निकाल लिया है। इतना ही नहीं गांव में बनाए गए शौचालयों में घटिया सामग्री का प्रयोग किया गया है। ग्रामीणों ने डीपीआरओ को जांच कराकर कार्रवाई की मांग की है। उधर ग्राम प्रधान हाजी नाजिम का कहना है कि मानक के अनुरूप शौचालयों का निर्माण कराया गया है। आरोप निराधार हैं। ग्राम पंचायत अधिकारी नितिन शर्मा का कहना है कि उनकी कुछ दिन पहले ही गांव में तैनाती हुई है।
विज्ञापन
बालैनी। गांव रोशनगढ़ के ग्रामीणों ने ग्राम प्रधान पर गांव में बनाए गए शौचालयों में अनियमितता बरतने और सरकारी धन का दुरुपयोग करने का आरोप लगाया है। डीपीआरओ से शौचालयों की जांच कराकर कार्रवाई की मांग की है।
ग्रामीण इलियास, दीपक, मुकीम, घसीटा, इकबाल, नबाब अली, नफीस. शंकर, सोनू का कहना था कि ग्राम प्रधान ने गांव में स्वच्छ भारत मिशन के अंतर्गत 770 शौचालयों का निर्माण कराना दर्शाया है। जबकि 400 शौचालय धरातल पर बने ही नहीं हैं और ग्राम प्रधान ने भुगतान भी निकाल लिया है। इतना ही नहीं गांव में बनाए गए शौचालयों में घटिया सामग्री का प्रयोग किया गया है। ग्रामीणों ने डीपीआरओ को जांच कराकर कार्रवाई की मांग की है। उधर ग्राम प्रधान हाजी नाजिम का कहना है कि मानक के अनुरूप शौचालयों का निर्माण कराया गया है। आरोप निराधार हैं। ग्राम पंचायत अधिकारी नितिन शर्मा का कहना है कि उनकी कुछ दिन पहले ही गांव में तैनाती हुई है।
विज्ञापन