{"_id":"5ff742288ebc3e2e6a251935","slug":"a-building-made-of-20-lakh-rupees-was-dilapidated-in-ten-years-baraut-news-mrt5193873189","type":"story","status":"publish","title_hn":"20 लाख से बना भवन दस साल में हुआ जर्जर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
20 लाख से बना भवन दस साल में हुआ जर्जर
विज्ञापन
बड़ौत में एक्सईएन प्रथम कार्यालय में जर्जर छत का दृश्य।
- फोटो : BARAUT
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जर्जर भवन में ड्यूटी करने से डर रहे हैं बिजली कर्मचारी
कभी भी भवन गिरकर हो सकता है हादसा
जल्द कार्रवाई न होने पर दी कार्य बहिष्कार करने की चेतावनी
संवाद न्यूज एजेंसी
बड़ौत। बीस लाख रुपये की लागत से तैयार एक्सईएन प्रथम कार्यालय कोताना रोड का भवन मात्र 10 साल में जर्जर हो गया। भवन गिरने से कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। इसे लेकर कर्मचारी दहशत में हैं। बिजली कर्मचारियों ने उच्चाधिकारियों से भवन की जल्द मरम्मत न कराने पर कार्य बहिष्कार कर आंदोलन शुरू करने की चेतावनी दी।
विद्युत मजदूर पंचायत के अध्यक्ष मनोहर सिंह तोमर ने बताया कि वर्ष 2008 में कोताना रोड पर डिवीजन की स्थापना हुई। इसके बाद यहां पर भवन बनाने का कार्य शुरू हुआ, जो वर्ष 2010 तक चला। भवन निर्माण में उस समय तकरीबन 20 लाख रुपये का खर्च आया, लेकिन हैरानी की बात यह है कि अभी दस साल गुजरे भी नहीं की भवन जर्जर हालत में हो गया। इसके गिरने से कभी भी कोई हादसा हो सकता है।
कर्मचारी राधेश्याम गुप्ता, आरिफ चौहान, सन्नी, दिनेश, राजीव आदि ने बताया कि कई बार मौखिक और लिखित में शिकायत करने के बाद भी कोई सुनवाई नहीं हो रही है। इससे कर्मचारी डर और सहमे हैं। उन्होंने भवन का जल्द निर्माण न होने पर कार्य बहिष्कार कर आंदोलन शुरू करने की चेतावनी दी। इस संबंध मेें एक्सईएन प्रथम गोपाल सिंह ने कहा मामला जानकारी में है, उच्चाधिकारियों को कई बार पत्र लिखा है। कर्मचारियों की सुरक्षा मेरी पहली प्राथमिकता है। आक्रोश और मांग करने वालों में एसडीएम राणा प्रताप, एसडीओ गोपाल, अवर अभियंता गुलशन, पवन, मूलचंद, आरिफ चौहान, अमित, धर्मपाल, सन्नी, सुनील, प्रमोद आदि रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
कभी भी भवन गिरकर हो सकता है हादसा
जल्द कार्रवाई न होने पर दी कार्य बहिष्कार करने की चेतावनी
संवाद न्यूज एजेंसी
बड़ौत। बीस लाख रुपये की लागत से तैयार एक्सईएन प्रथम कार्यालय कोताना रोड का भवन मात्र 10 साल में जर्जर हो गया। भवन गिरने से कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। इसे लेकर कर्मचारी दहशत में हैं। बिजली कर्मचारियों ने उच्चाधिकारियों से भवन की जल्द मरम्मत न कराने पर कार्य बहिष्कार कर आंदोलन शुरू करने की चेतावनी दी।
विद्युत मजदूर पंचायत के अध्यक्ष मनोहर सिंह तोमर ने बताया कि वर्ष 2008 में कोताना रोड पर डिवीजन की स्थापना हुई। इसके बाद यहां पर भवन बनाने का कार्य शुरू हुआ, जो वर्ष 2010 तक चला। भवन निर्माण में उस समय तकरीबन 20 लाख रुपये का खर्च आया, लेकिन हैरानी की बात यह है कि अभी दस साल गुजरे भी नहीं की भवन जर्जर हालत में हो गया। इसके गिरने से कभी भी कोई हादसा हो सकता है।
विज्ञापन
कर्मचारी राधेश्याम गुप्ता, आरिफ चौहान, सन्नी, दिनेश, राजीव आदि ने बताया कि कई बार मौखिक और लिखित में शिकायत करने के बाद भी कोई सुनवाई नहीं हो रही है। इससे कर्मचारी डर और सहमे हैं। उन्होंने भवन का जल्द निर्माण न होने पर कार्य बहिष्कार कर आंदोलन शुरू करने की चेतावनी दी। इस संबंध मेें एक्सईएन प्रथम गोपाल सिंह ने कहा मामला जानकारी में है, उच्चाधिकारियों को कई बार पत्र लिखा है। कर्मचारियों की सुरक्षा मेरी पहली प्राथमिकता है। आक्रोश और मांग करने वालों में एसडीएम राणा प्रताप, एसडीओ गोपाल, अवर अभियंता गुलशन, पवन, मूलचंद, आरिफ चौहान, अमित, धर्मपाल, सन्नी, सुनील, प्रमोद आदि रहे।
विज्ञापन