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खुरपका-मूंहपका बीमारी से दो पशुओं की मौत
Updated Sat, 07 Apr 2018 01:12 AM IST
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दोघट (बागपत)। कस्बा दोघट में खुरपका-मुंहपका बीमारी से पशुओं की मौत का सिलसिला रुकने का नाम नहीं ले रहा है। शुक्रवार को भी दो पशुओं की मौत हो गई। पशु पालकों का कहना है कि कस्बे में पशु चिकित्सकों की टीम डेरा डाले है, लेकिन बीमारी पर अभी तक अंकुश नहीं लग पाया है।
दोघट कस्बे में पिछले एक माह से पशुओं में खुरपका-मुंहपका बीमारी फैली हुई है। बीमारी पशुओं की मौत का सिलसिला जारी है। शुक्रवार को कस्बे में रमेश की एक भैंस और मदन की एक भैंस की बीमारी के कारण मौत हो गई। इस बीमारी से अब तक 18 पशुओं की मौत हो चुकी है। जबकि सैकड़ों पशु अब भी बीमारी की चपेट में हैं। वहीं कस्बे में तीन दिन पहले अज्ञात बीमारी से 57 सूकरों की भी मौत हो गई थी। बीमारी से हो रही पशुओं मौत को लेकर पशु पालकों में दहशत फैली हुई है। पशु पालकों का कहना है कि कस्बे में पशु चिकित्सकों की टीम तैनात की हुई है। पशु चिकित्सकों ने दो दिनों तक कस्बे में घूमकर पशुओं की जांच की, लेकिन उसका बाद पशु चिकित्सक बीमार पशुओं को देखने तक नहीं आए। पशु चिकित्सक की लापरवाही के कारण फिर से बीमारी ने पैर पसार लिए है। उनमें पशु चिकित्सकों के खिलाफ आक्रोश व्याप्त है। इस संबंध में इस संबंध में मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. राजपाल सिंह ने बताया कि पशु चिकित्सकों की टीम कस्बे में लगाई गई है। बीमार पशुओं का इलाज किया जा रहा है। बीमारी पर पूर्ण रूप से नियंत्रण कर लिया गया है। यदि किसी पशु पालक का पशु बीमार है तो वह चिकित्सकों की टीम को सूचना दें।
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दोघट कस्बे में पिछले एक माह से पशुओं में खुरपका-मुंहपका बीमारी फैली हुई है। बीमारी पशुओं की मौत का सिलसिला जारी है। शुक्रवार को कस्बे में रमेश की एक भैंस और मदन की एक भैंस की बीमारी के कारण मौत हो गई। इस बीमारी से अब तक 18 पशुओं की मौत हो चुकी है। जबकि सैकड़ों पशु अब भी बीमारी की चपेट में हैं। वहीं कस्बे में तीन दिन पहले अज्ञात बीमारी से 57 सूकरों की भी मौत हो गई थी। बीमारी से हो रही पशुओं मौत को लेकर पशु पालकों में दहशत फैली हुई है। पशु पालकों का कहना है कि कस्बे में पशु चिकित्सकों की टीम तैनात की हुई है। पशु चिकित्सकों ने दो दिनों तक कस्बे में घूमकर पशुओं की जांच की, लेकिन उसका बाद पशु चिकित्सक बीमार पशुओं को देखने तक नहीं आए। पशु चिकित्सक की लापरवाही के कारण फिर से बीमारी ने पैर पसार लिए है। उनमें पशु चिकित्सकों के खिलाफ आक्रोश व्याप्त है। इस संबंध में इस संबंध में मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. राजपाल सिंह ने बताया कि पशु चिकित्सकों की टीम कस्बे में लगाई गई है। बीमार पशुओं का इलाज किया जा रहा है। बीमारी पर पूर्ण रूप से नियंत्रण कर लिया गया है। यदि किसी पशु पालक का पशु बीमार है तो वह चिकित्सकों की टीम को सूचना दें।
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