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70 लाख खर्च, न शुद्ध पानी और न कैंसर से मुक्ति

Sun, 20 Sep 2020 12:15 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Sun, 20 Sep 2020 12:15 AM IST
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70 lakh spent, neither pure water nor cancer
असारा गांव स्थित पानी की टंकी - फोटो : BAGHPAT
- कृष्णा नदी किनारे बसे गांव की आधी आबादी को 12 साल बाद नसीब नहीं पानी
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- दूषित भूगर्भ जल को ही पी रही है गांव की जनता
- योजना को भूल गए अधिकारी, जनता की भी नहीं सुनते
- अब तक आधे गांव में पहुंच रहा पानी, वह भी आधा अधूरा
- पानी प्रेशर नहीं झेल पाती है भ्रष्टाचार की पाइप लाइन
संवाद न्यूज एजेंसी
रमाला (बागपत)। असारा गांव की जनता को कैंसर और त्वचा रोगों से मुक्ति दिलाने के लिए 2008 में शुद्ध पेयजल योजना संचालित की थी। जिसपर 70 लाख रुपये खर्च किए गए। एक ट्यूबवेल लगी और पाइप लाइन भी डाली गई। उस समय गांव की जनता को शुद्ध पेयजल की उम्मीद जगी थी, लेकिन भ्रष्टाचार के सामने ग्रामीणों का सपना भी टूट गया। अधिकारियों की अनदेखी से सरकारी योजना भी डूब गई। ग्रामीण बीमारियों से लड़ रहे हैं। हैंडपंप से दूषित पानी पीने को मजबूर हैं। गांव के एक हिस्से में ही टंकी का पानी पहुंच रहा है। बाकी जनता प्यासी है। भ्रष्टाचार से पर्दा न उठ जाए, इसलिए अधिकारी ग्रामीणों की शिकायत को नजर अंदाज करते हैं। क्षेत्रीय जनप्रतिनिधि भी जनता की समस्या को लेकर गंभीर नहीं हैं। अमर उजाला ने पेयजल योजना की पड़ताल की तो भ्रष्टाचार खुलकर सामने आ गया।

इनका यह कहना:
- अधिकारियों को बार-बार जानकारी दी गई है। टंकी के पानी की आपूर्ति आधे गांव में है। इससे समस्या खड़ी हो रही है। पूरी आबादी में पानी नहीं पहुंचता।
महमूदा, ग्राम प्रधान।
- हर घर तक पानी जाना चाहिए। अगर एक टंकी से काम नहीं चल पा रहा है तो दूसरी का निर्माण होना चाहिए। घरों तक टंकी का पानी पहुंचना चाहिए।
डॉ. मुकेश मित्तल,
- ग्रामीणों के सामने समस्या खड़ी हो रही है। कहने के लिए गांव में टंकी का निर्माण हो गया है, लेकिन अब तक पानी नहीं मिल सका है। यह बड़ी समस्या है।
सलीम अहमद।
- ऊंचाई पर आधा गांव है। ऐसे में हालात और अधिक विकट हो गए हैं। प्रशासन को ग्रामीणों की समस्या पर ध्यान देकर निर्माण कार्य कराना चाहिए।
ग्रामीण मोहसीन।
इस तरह सामने आए कैंसर के मामले
रमाला। ग्रामीणों का कहना है कि आधे गांव के सामने समस्या है। जिस क्षेत्र में पानी नहीं पहुंच रहा, वहां के लोग बीमारी का सामना भी कर रहे हैं। हारून, मोहिदा, इस्लामुद्दीन समेत अन्य लोग कैंसर की बीमारी से लड़ रहे हैं। कोरोना काल में ही कैंसर से तीन लोगों की मौत हुई है।
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वर्जन
-हर घर जल योजना में असारा गांव को शामिल किया गया है। पेयजल पाइपलाइन चेक कराई जाएगी। पानी को घरों तक पहुंचाया जाएगा।
अभियंता रविंद्र सिंह, अधीक्षण अभियंता जल निगम।
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