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विद्युत टीम को बंधक बनाने की चेतावनी
Updated Tue, 01 May 2018 12:56 AM IST
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बड़ौत (बागपत)। छछरपुर गांव मेें सोमवार को विद्युत निगम की मनमानी के खिलाफ पंचायत की गई। इसमें गांव में विद्युत निगम की टीम के घुसने पर बंधक बनाने का निर्णय लिया।
पंचायत की अध्यक्षता हरपाल सिंह ने की और संचालन ग्राम प्रधान एडवोकेट अनिल कुमार ने किया। इस पंचायत में बावली, मलकपुर, छछरपुर, गूंगा खेड़ी आदि गांवों के लोग पहुंचे।
पंचायत में ग्राम प्रधान अनिल कुमार ने कहा कि क्षेत्र के किसानों का गन्ना मलकपुर चीनी मिल पर जाता है, लेकिन वर्षों से मनमाने ढंग से मिल अधिकारी किसानों का करोड़ों रुपये बकाया गन्ना भुगतान दबाए बैठे हैं। कई बार हंगामे, प्रदर्शन करने के बाद भी भुगतान नहीं हो रहा है। लोग भुगतान न मिलने के कारण भुखमरी की कगार पर पहुंच गए हैं।
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उन्होंने कहा निगम की टीम लगातार गांव में चेकिंग अभियान चलाकर लोगों पर बिल जमा करने का दबाव बना रही है। आरोप लगाया कि कई बार टीम लोगों पर गलत एफआईआर दर्ज कराने का दबाव बनाते हुए अवैध वसूली करके ले जाती है। कई बार निगम के अफसरों से बकाया भुगतान न होने तक अभियान रोकने का अनुरोध किया जा चुका है, कोई सुनवाई नहीं हो रही है। पंचायत में गांव में टीम के घुसने पर बंधक बनाने का निर्णय लिया। पंचायत में महिपाल, सतीश, सुमित, दीपक, आदिश, सोहन पाल, जगवीर, महावीरा, हरेंद्र आदि रहे।
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पंचायत की अध्यक्षता हरपाल सिंह ने की और संचालन ग्राम प्रधान एडवोकेट अनिल कुमार ने किया। इस पंचायत में बावली, मलकपुर, छछरपुर, गूंगा खेड़ी आदि गांवों के लोग पहुंचे।
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पंचायत में ग्राम प्रधान अनिल कुमार ने कहा कि क्षेत्र के किसानों का गन्ना मलकपुर चीनी मिल पर जाता है, लेकिन वर्षों से मनमाने ढंग से मिल अधिकारी किसानों का करोड़ों रुपये बकाया गन्ना भुगतान दबाए बैठे हैं। कई बार हंगामे, प्रदर्शन करने के बाद भी भुगतान नहीं हो रहा है। लोग भुगतान न मिलने के कारण भुखमरी की कगार पर पहुंच गए हैं।
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उन्होंने कहा निगम की टीम लगातार गांव में चेकिंग अभियान चलाकर लोगों पर बिल जमा करने का दबाव बना रही है। आरोप लगाया कि कई बार टीम लोगों पर गलत एफआईआर दर्ज कराने का दबाव बनाते हुए अवैध वसूली करके ले जाती है। कई बार निगम के अफसरों से बकाया भुगतान न होने तक अभियान रोकने का अनुरोध किया जा चुका है, कोई सुनवाई नहीं हो रही है। पंचायत में गांव में टीम के घुसने पर बंधक बनाने का निर्णय लिया। पंचायत में महिपाल, सतीश, सुमित, दीपक, आदिश, सोहन पाल, जगवीर, महावीरा, हरेंद्र आदि रहे।