{"_id":"5a17215c4f1c1b9f678bd3fb","slug":"41511465308-baghpat-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"गन्ना क्रय केंद्र के लिए कमिश्नर से मिले लोग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
गन्ना क्रय केंद्र के लिए कमिश्नर से मिले लोग
Updated Fri, 24 Nov 2017 12:58 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बड़ौत (बागपत)। सिंभावली चीनी मिल का गन्ना क्रय केंद्र न लगने के विरोध मेें बृहस्पतिवार को क्षेत्र के लोगों ने रंछाड गांव में एकत्रित होकर प्रदर्शन किया और बाद में मेरठ कमिश्नर से मिले। उन्होंने जल्द कार्रवाई न होने पर आंदोलन की चेतावनी दी।
बृहस्पतिवार को बामनौली, रंछाड, सिरसली, धनौरा और माखर गांव के काफी संख्या में किसान नेता रविंद्र हट्टी के नेतृत्व में रंछाड गांव में एकत्रित हुए और प्रदर्शन किया बाद मेें सभी मेरठ कमिश्नर से मिले। किसान नेता रविंद्र हट्टी ने बताया कि संबंधित मिल से कई गांव के किसान वर्षों से जुडे़ हैं। इस बार भी मिल द्वारा क्षेत्र के गांवों में गन्ना क्रय केन्द्र आंवटित किए गए थे। लेकिन अभी तक किसी भी गांव में गन्ना क्रय केन्द्र नहीं लगाया गया है। इस कारण किसान बेहद परेशान हैं। गन्ना क्रय केंद्र न लगने के कारण जहां किसानों के सामने गेहूं बुवाई का संकट खड़ा हो गया है। वहीं मवेशियों के लिए चारे की दिक्कतें उत्पन्न हो रही है। कमिश्नर डा. प्रभात कुमार ने आश्वासन देकर लौटा दिया। इस अवसर पर पूर्व डायरेक्टर नरेश कुमार, हरवीर, ओमपाल, सुरेन्द्र, संजीव, सुखवीर, जगवीर, सुधीर, राजीव, ऋषि ठेकेदार, सत्यवीर शामिल रहे।
विज्ञापन
बृहस्पतिवार को बामनौली, रंछाड, सिरसली, धनौरा और माखर गांव के काफी संख्या में किसान नेता रविंद्र हट्टी के नेतृत्व में रंछाड गांव में एकत्रित हुए और प्रदर्शन किया बाद मेें सभी मेरठ कमिश्नर से मिले। किसान नेता रविंद्र हट्टी ने बताया कि संबंधित मिल से कई गांव के किसान वर्षों से जुडे़ हैं। इस बार भी मिल द्वारा क्षेत्र के गांवों में गन्ना क्रय केन्द्र आंवटित किए गए थे। लेकिन अभी तक किसी भी गांव में गन्ना क्रय केन्द्र नहीं लगाया गया है। इस कारण किसान बेहद परेशान हैं। गन्ना क्रय केंद्र न लगने के कारण जहां किसानों के सामने गेहूं बुवाई का संकट खड़ा हो गया है। वहीं मवेशियों के लिए चारे की दिक्कतें उत्पन्न हो रही है। कमिश्नर डा. प्रभात कुमार ने आश्वासन देकर लौटा दिया। इस अवसर पर पूर्व डायरेक्टर नरेश कुमार, हरवीर, ओमपाल, सुरेन्द्र, संजीव, सुखवीर, जगवीर, सुधीर, राजीव, ऋषि ठेकेदार, सत्यवीर शामिल रहे।
विज्ञापन