{"_id":"5b4cf4294f1c1b3d748b54ce","slug":"201531769897-baghpat-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"शासन-प्रशासन को सात दिन का अल्टीमेटम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शासन-प्रशासन को सात दिन का अल्टीमेटम
Updated Tue, 17 Jul 2018 01:08 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
दोघट (बागपत)।
टीकरी कस्बे में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र चालू कराने की मांग को लेकर चल रहे धरने पर 42वें दिन रविवार को कस्बावासियों की पंचायत हुई। इसमें शासन-प्रशासन को सात दिन का अल्टीमेटम दिया और निर्णय लिया कि 22 जुलाई को महापंचायत होगी। इसमें आगामी आंदोलन की रणनीति बनाई जाएगी।
पंचायत में वक्ताओं ने कहा कि केंद्र व प्रदेश सरकार गूंगी बहरी हो चुकी है। 42 दिन से कस्बावासी धरने पर बैठे हैं, लेकिन आज तक शासन के किसी प्रतिनिधि ने मौके पर आकर लोगों की समस्या को नहीं सुना। अब तक यह लड़ाई शांतिपूर्ण तरीके से लड़ी जा रही थी, लेकिन अब इसका तरीका दूसरा होगा। पंचायत में निर्णय लिया गया कि शासन-प्रशासन ने यदि सात दिन में सीएचसी को चालू नहीं किया तो सात दिन बाद फिर से महापंचायत कर आगामी आंदोलन की रणनीति बनाई जाएगी। सीएचसी को हर हाल में चालू कराकर ही दम लेंगे। इसमें मास्टर महेंद्र सिंह राठी, प्रमोद राठी, शिवकुमार राठी, अमरजीत राठी, रमेश भगत, विकास राठी, देवेंद्र राठी, कौशल, सोमपाल चेयरमैन, रणधीर सिंह, सईद बेग, रामकुमार, डॉ. पंकज राठी, प्रदीप, वीरेंद्र सिंह, आनंद प्रकाश, ओमबीर शर्मा, अमित आर्य, राजन जैन, भोपाल सिंह, बाबू राम, अरुण राठी, गुड्डू आर्य, किशोर पंडित, राजेश, सुखबीर सिंह आदि रहे।
विज्ञापन
टीकरी कस्बे में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र चालू कराने की मांग को लेकर चल रहे धरने पर 42वें दिन रविवार को कस्बावासियों की पंचायत हुई। इसमें शासन-प्रशासन को सात दिन का अल्टीमेटम दिया और निर्णय लिया कि 22 जुलाई को महापंचायत होगी। इसमें आगामी आंदोलन की रणनीति बनाई जाएगी।
पंचायत में वक्ताओं ने कहा कि केंद्र व प्रदेश सरकार गूंगी बहरी हो चुकी है। 42 दिन से कस्बावासी धरने पर बैठे हैं, लेकिन आज तक शासन के किसी प्रतिनिधि ने मौके पर आकर लोगों की समस्या को नहीं सुना। अब तक यह लड़ाई शांतिपूर्ण तरीके से लड़ी जा रही थी, लेकिन अब इसका तरीका दूसरा होगा। पंचायत में निर्णय लिया गया कि शासन-प्रशासन ने यदि सात दिन में सीएचसी को चालू नहीं किया तो सात दिन बाद फिर से महापंचायत कर आगामी आंदोलन की रणनीति बनाई जाएगी। सीएचसी को हर हाल में चालू कराकर ही दम लेंगे। इसमें मास्टर महेंद्र सिंह राठी, प्रमोद राठी, शिवकुमार राठी, अमरजीत राठी, रमेश भगत, विकास राठी, देवेंद्र राठी, कौशल, सोमपाल चेयरमैन, रणधीर सिंह, सईद बेग, रामकुमार, डॉ. पंकज राठी, प्रदीप, वीरेंद्र सिंह, आनंद प्रकाश, ओमबीर शर्मा, अमित आर्य, राजन जैन, भोपाल सिंह, बाबू राम, अरुण राठी, गुड्डू आर्य, किशोर पंडित, राजेश, सुखबीर सिंह आदि रहे।
विज्ञापन