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ग्राम प्रधान और सचिव के खिलाफ प्रदर्शन
Updated Sat, 09 Dec 2017 12:41 AM IST
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ग्राम प्रधान और सचिव के खिलाफ प्रदर्शन
बड़ौत। कोताना गांव के ग्रामीणों ने शुक्रवार को ब्लाक मुख्यालय पर पहुंचकर प्रदर्शन किया। उन्होंने ग्राम प्रधान और सचिव पर शौचालयों के निर्माण और अन्य विकास कार्यों में लाखों के गोलमाल का आरोप लगाया। उनकी ब्लाक कर्मचारियों से नोकझोंक भी हुई।
ग्रामीणों के अनुसार पांच साल से अधिक समय से पूर्व पंचायत ने ग्राम पंचायत सचिवालय का निर्माण कराया था। लेकिन दो साल से अधिक समय बीतने पर भी अब तक एक भी बैठक नवनिर्मित सचिवालय में नहीं हुई है। आरोप लगाया कि ग्राम प्रधान अपने निजी आवास पर गोपनीय और फर्जी बैठक कर सरकारी धन का दुरुपयोग कर रहे हैं। सरकार से ग्राम सचिवालय के लिए मिलने वाले धन को ग्राम प्रधान अपने आवास पर खर्च कर रहा है। शासन द्वारा संचालित विकास कार्य योजनाओं का भी गरीबों को लाभ नहीं मिल पा रहा है।
उन्होंने आरोप लगाया कि शौचालय निर्माण में भी प्रधान और सचिव ने काफी हेराफेरी की है। प्रदर्शन के दौरान ग्रामीणों की ब्लाक कर्मचारियों से भी नोकझोंक भी हुई। बाद मेें ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन भी ब्लॉक मुख्यालय पर दिया। प्रदर्शन करने वालों में आसमां, शकील, दिलशाद, मोमीन, शहाजहां, राजीव आदि शामिल रहे। उधर, बीडीओ प्रेमचंद का कहना था कि शिकायत मिली है। आरोपों की जांच कर कार्रवाई की जाएगी। इस मामले में ग्राम प्रधान प्रतिनिधि बालेश्वर और ग्राम सचिव प्रिंस जैन ने आरोपों को गलत बताया है।
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बड़ौत। कोताना गांव के ग्रामीणों ने शुक्रवार को ब्लाक मुख्यालय पर पहुंचकर प्रदर्शन किया। उन्होंने ग्राम प्रधान और सचिव पर शौचालयों के निर्माण और अन्य विकास कार्यों में लाखों के गोलमाल का आरोप लगाया। उनकी ब्लाक कर्मचारियों से नोकझोंक भी हुई।
ग्रामीणों के अनुसार पांच साल से अधिक समय से पूर्व पंचायत ने ग्राम पंचायत सचिवालय का निर्माण कराया था। लेकिन दो साल से अधिक समय बीतने पर भी अब तक एक भी बैठक नवनिर्मित सचिवालय में नहीं हुई है। आरोप लगाया कि ग्राम प्रधान अपने निजी आवास पर गोपनीय और फर्जी बैठक कर सरकारी धन का दुरुपयोग कर रहे हैं। सरकार से ग्राम सचिवालय के लिए मिलने वाले धन को ग्राम प्रधान अपने आवास पर खर्च कर रहा है। शासन द्वारा संचालित विकास कार्य योजनाओं का भी गरीबों को लाभ नहीं मिल पा रहा है।
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उन्होंने आरोप लगाया कि शौचालय निर्माण में भी प्रधान और सचिव ने काफी हेराफेरी की है। प्रदर्शन के दौरान ग्रामीणों की ब्लाक कर्मचारियों से भी नोकझोंक भी हुई। बाद मेें ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन भी ब्लॉक मुख्यालय पर दिया। प्रदर्शन करने वालों में आसमां, शकील, दिलशाद, मोमीन, शहाजहां, राजीव आदि शामिल रहे। उधर, बीडीओ प्रेमचंद का कहना था कि शिकायत मिली है। आरोपों की जांच कर कार्रवाई की जाएगी। इस मामले में ग्राम प्रधान प्रतिनिधि बालेश्वर और ग्राम सचिव प्रिंस जैन ने आरोपों को गलत बताया है।
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