{"_id":"5a2ade994f1c1b69678c0cd0","slug":"191512758937-baghpat-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"बालू खनन को लेकर ग्रामीण और ठेकेदार आ सकते है आमने-सामने","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बालू खनन को लेकर ग्रामीण और ठेकेदार आ सकते है आमने-सामने
Updated Sat, 09 Dec 2017 12:18 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
रेत खनन को लेकर ग्रामीण और ठेकेदार आ सकते है आमने-सामने
बागपत। नैथला के यमुना खादर में रात के समय खनन किया जा रहा है। इसको लेकर ग्रामीणों में आक्रोश पनप रहा है। कभी भी ग्रामीण और ठेकेदार आमने-सामने आ सकते है। पहले भी उनके बीच विवाद हो चुका है।
नैथला के खेतों से बालू का परिवहन करने की प्रशासन ने अनुमति दे रखी है। खनन की अनुमति ठेकेदारों को हरियाणा सरकार से मिली हुई है। ग्रामीणों का आरोप है कि उनके गांव के खादर से अवैध रूप से बालू का खनन किया जा रहा है। कई बार किसानों और ठेकेदारों के बीच विवाद हो चुका है। ग्रामीणों ने पिछले दिनों वाहनों को रोक दिया था। लेकिन अब दोबारा से रात के समय खनन शुरु हो गया है। इसको लेकर ग्रामीणों में आक्रोश पनप रहा है। वे चाहते है कि उनके जंगल से बालू का खनन न किया जाए। इसकी शिकायत डीएम से भी की जा चुके है। ग्रामीणों का कहना है कि जनपद के अफसर उनकी सुनने को तैयार नहीं है। इसकी उच्चाधिकारियों से शिकायत की जाएगी। इसको लेकर ग्रामीण और ठेकेदार कभी भी आमने-सामने आ सकते है। यह विवाद बड़ा रूप ले सकता है। एसडीएम विवेक कुमार यादव का कहना है कि नैथला के खादर में उनके पास अवैध खनन की किसी ने भी शिकायत नहीं की है। यदि शिकायत आती है तो जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
निवाड़ा के किसान है भयभीत, नहीं जा रहे खादर में
बागपत। निवाड़ा गांव के किसानों पर खादर की जमीन को लेकर चार दिन पूर्व हरियाणा के जाजल गांव के लोगों ने हमला कर दिया था। एक किसान को फोन पर धमकी दी जा रही है। इसको लेकर किसान भयभीत है। वे अपने खेत में भी नहीं जा पा रहे है। वे अफसरों से आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे है।
विज्ञापन
विज्ञापन
बागपत। नैथला के यमुना खादर में रात के समय खनन किया जा रहा है। इसको लेकर ग्रामीणों में आक्रोश पनप रहा है। कभी भी ग्रामीण और ठेकेदार आमने-सामने आ सकते है। पहले भी उनके बीच विवाद हो चुका है।
नैथला के खेतों से बालू का परिवहन करने की प्रशासन ने अनुमति दे रखी है। खनन की अनुमति ठेकेदारों को हरियाणा सरकार से मिली हुई है। ग्रामीणों का आरोप है कि उनके गांव के खादर से अवैध रूप से बालू का खनन किया जा रहा है। कई बार किसानों और ठेकेदारों के बीच विवाद हो चुका है। ग्रामीणों ने पिछले दिनों वाहनों को रोक दिया था। लेकिन अब दोबारा से रात के समय खनन शुरु हो गया है। इसको लेकर ग्रामीणों में आक्रोश पनप रहा है। वे चाहते है कि उनके जंगल से बालू का खनन न किया जाए। इसकी शिकायत डीएम से भी की जा चुके है। ग्रामीणों का कहना है कि जनपद के अफसर उनकी सुनने को तैयार नहीं है। इसकी उच्चाधिकारियों से शिकायत की जाएगी। इसको लेकर ग्रामीण और ठेकेदार कभी भी आमने-सामने आ सकते है। यह विवाद बड़ा रूप ले सकता है। एसडीएम विवेक कुमार यादव का कहना है कि नैथला के खादर में उनके पास अवैध खनन की किसी ने भी शिकायत नहीं की है। यदि शिकायत आती है तो जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
निवाड़ा के किसान है भयभीत, नहीं जा रहे खादर में
बागपत। निवाड़ा गांव के किसानों पर खादर की जमीन को लेकर चार दिन पूर्व हरियाणा के जाजल गांव के लोगों ने हमला कर दिया था। एक किसान को फोन पर धमकी दी जा रही है। इसको लेकर किसान भयभीत है। वे अपने खेत में भी नहीं जा पा रहे है। वे अफसरों से आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे है।
विज्ञापन