{"_id":"5b50e8b14f1c1b0c718b5060","slug":"181532029105-baghpat-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"बीमा कंपनी पर लगाया 36510 का जुर्माना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बीमा कंपनी पर लगाया 36510 का जुर्माना
Updated Fri, 20 Jul 2018 01:08 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बागपत। उपभोक्ता फोरम ने एक बीमा कंपनी पर 36510 रुपये का जुर्माना लगाया है। बागपत शहर निवासी ने बीमा कराया । वह बीमार हो गया, इसके बाद उसने कंपनी को क्लेम के लिए आवेदन किया, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की।
शहर के ठाकुर द्वारा मोहल्ला निवासी साजिदा ने बताया कि उसके पति मुर्तजा हैदर की हालत खराब हो गई और उसने पति का बीमा करा रखा था। 25 अप्रैल 2013 से 24 अप्रैल 2014 तक वैध था। उसके पति की हालत आठ मई 2013 को खराब हुई और वह 15 मई तक बड़ौत के आस्था हॉस्पिटल में भर्ती रहे । उनकी बीमारी में 38100 रुपये का खर्च आया। उन्होंने बीमा कंपनी को सभी कागजात दे दिए , लेकिन कंपनी ने उसको बीमा का लाभ नहीं दिया। पीड़ित ने जिला उपभोक्ता फोरम में वाद दायर कर दिया। पीड़ित की समस्या को सुनने के बाद उपभोक्ता फोरम के अध्यक्ष अशोक कुमार सिंह, सदस्य राकेश तोमर व विमलेश यादव ने बीमा कंपनी पर 36510 रुपये का जुर्माना लगाते हुए सात प्रतिशत ब्याज सहित साजिदा को दो माह में देने और इसके अलावा पांच हजार रुपये वाद खर्च देने के आदेश दिए।
विज्ञापन
शहर के ठाकुर द्वारा मोहल्ला निवासी साजिदा ने बताया कि उसके पति मुर्तजा हैदर की हालत खराब हो गई और उसने पति का बीमा करा रखा था। 25 अप्रैल 2013 से 24 अप्रैल 2014 तक वैध था। उसके पति की हालत आठ मई 2013 को खराब हुई और वह 15 मई तक बड़ौत के आस्था हॉस्पिटल में भर्ती रहे । उनकी बीमारी में 38100 रुपये का खर्च आया। उन्होंने बीमा कंपनी को सभी कागजात दे दिए , लेकिन कंपनी ने उसको बीमा का लाभ नहीं दिया। पीड़ित ने जिला उपभोक्ता फोरम में वाद दायर कर दिया। पीड़ित की समस्या को सुनने के बाद उपभोक्ता फोरम के अध्यक्ष अशोक कुमार सिंह, सदस्य राकेश तोमर व विमलेश यादव ने बीमा कंपनी पर 36510 रुपये का जुर्माना लगाते हुए सात प्रतिशत ब्याज सहित साजिदा को दो माह में देने और इसके अलावा पांच हजार रुपये वाद खर्च देने के आदेश दिए।
विज्ञापन