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क्षमा मांगने वाला कभी छोटा नही होता- अरूण मुनि
Updated Mon, 28 Aug 2017 01:12 AM IST
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बड़ौत (बागपत)। जैन स्थानक नया बाजार में पिछले आठ दिन से चल रहे पर्यूषण पर्व का रविवार को 1000 पौषध के साथ समापन हुआ।
राजीव जैन ने बताया पर्यूषण पर्व के अवसर पर तप और तपस्या की आराधना चल रही है। शनिवार को जैन स्थानक नया बाजार में स्त्री और पुरुषों ने लगभग 1000 पौषध करके संवत्सरि पर्व को मनाया । लगभग 50 व्रत और आय बिल की अठाई की और 88 एकाशना व्रत किए। इसके अतिरिक्त तेले की लड़ी में 54 तेले किए। इंद्राणी जैन ने बताया सवंत्सरि पर्व पर 1000 पौषध जैन स्थानक में किए। जैन संत अरुण मुनि ने कहा कि संवत्सरि पर्व एक देवी का रूप है। इसकी पूजा स्थानकवासी समाज में की जाती है। उन्होंने कहा क्षमा मांगने वाला कभी छोटा नहीं होता। राजीव जैन ने समाज और सभी श्रावक और श्रवकियों की ओर से क्षमा याचना की। इस में जयप्रकाश, राजीव जैन, सुभाष चंद, अनिल जैन आदि रहे।
राजीव जैन ने बताया पर्यूषण पर्व के अवसर पर तप और तपस्या की आराधना चल रही है। शनिवार को जैन स्थानक नया बाजार में स्त्री और पुरुषों ने लगभग 1000 पौषध करके संवत्सरि पर्व को मनाया । लगभग 50 व्रत और आय बिल की अठाई की और 88 एकाशना व्रत किए। इसके अतिरिक्त तेले की लड़ी में 54 तेले किए। इंद्राणी जैन ने बताया सवंत्सरि पर्व पर 1000 पौषध जैन स्थानक में किए। जैन संत अरुण मुनि ने कहा कि संवत्सरि पर्व एक देवी का रूप है। इसकी पूजा स्थानकवासी समाज में की जाती है। उन्होंने कहा क्षमा मांगने वाला कभी छोटा नहीं होता। राजीव जैन ने समाज और सभी श्रावक और श्रवकियों की ओर से क्षमा याचना की। इस में जयप्रकाश, राजीव जैन, सुभाष चंद, अनिल जैन आदि रहे।