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मनोरोगी व्यक्ति तहसील पर लगे ट्रांसफार्मर पर चढ़ा
Updated Sun, 28 Oct 2018 01:13 AM IST
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बड़ौत (बागपत)।
तहसील में शनिवार को उस समय लोग आश्चर्य चकित हो उठे, जब एक मनोरोगी व्यक्ति तहसील मेें लगे विद्युत ट्रांसफार्मर जोडे़ पर चढ़ गया और चिल्ला-चिल्ला कहने लगा कि मुझे बिजली का करंट लगने से मजा आता है, यह नजारा देख तुरत-फुरत में बिजली बंद कराई। करीब पौन घंटे बाद किसी तरह उसे ट्रांसफार्मर से नीचे उतारा और उसे कोतवाली ले आई। वह पोल पर क्यों चढ़ा, कुछ नहीं पता चला।
तहसील में सुबह से ही बद हालत में मैदान पर लेटा यह व्यक्ति अचानक दौड़कर वहां पर लगे ट्रांसफार्मर पर चढ़ गया। उसे देख वहां पर भारी भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलते ही विद्युत निगम ने बिजली सप्लाई बंद कराई, यदि बिजली बंद न होती तो वह मौत की नींद सो जाता। पोल पर चढ़ा व्यक्ति बार-बार चिल्ला रहा था कि बिजली का करंट लगने से मजा आता है, इसलिए यहां पर चढ़ा हूॅ। सूचना पर पुलिस मौके व नायाब तहसीलदार धर्मेंद्र मौके पर पहुंचे और उसे उतारने का प्रयास किया, लेकिन वह अपनी भाषा में कुछ न कुछ बोलता रहा। जो लोगों को समझ नहीं आ रही थी, कुछ देर बाद वह दूसरे ट्रांसफार्मर पर आकर बैठ गया। पौन घंटे तक उसका यह नाटक चलता रहा, जब वह थोड़ा नीचे आया तो लाइनमैन व अधिवक्ता ने उसे नीच उतारा। बाद में पुलिस उसे कोतवाली ले गई। कोतवाली पहुंचने पर वह अपनी भाषा में अपना नाम अरनूस पुत्र सुलेमान निवासी झारखंड बताया। बार-बार यह पूछे जाने पर यह कि ट्रांसफार्मर पर क्यों चढ़ा तो अपनी भाषा में कुछ बता, लेकिन वह समझ मेें नहीं आ रहा था, कोतवाल संजीव कुमार ने कहा वह मनोरोगी है, इसी कारण वह खंभो पर चढ़ा है, उसे पूछताछ की जा रही है, सहीं पता लगने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
वीडियो बनाई
बड़ौत। जिस समय मनोरोगी व्यक्ति खंभे पर चढ़ा तो उस समय मौजूदा भीड़ उसके खंभे पर चढ़े फोटो व वीडियो बना रहे थे और उसके चारों ओर भीड़ रही। लोगों ने कहा मनोरोगी व्यक्ति शनिवार को सुबह से ही तहसील के मैदान पर अचेत अवस्था में पड़ा हुआ था। यह नशे की हालत में है, लेकिन अचानक पोल पर चढ़ने से लोगों का एहसास हुआ कि वह मनोरोगी है। लोगों का कहना था कि यह कहीं मजदूरी करता था, लेकिन वह बता नहीं रहा है।
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तहसील में शनिवार को उस समय लोग आश्चर्य चकित हो उठे, जब एक मनोरोगी व्यक्ति तहसील मेें लगे विद्युत ट्रांसफार्मर जोडे़ पर चढ़ गया और चिल्ला-चिल्ला कहने लगा कि मुझे बिजली का करंट लगने से मजा आता है, यह नजारा देख तुरत-फुरत में बिजली बंद कराई। करीब पौन घंटे बाद किसी तरह उसे ट्रांसफार्मर से नीचे उतारा और उसे कोतवाली ले आई। वह पोल पर क्यों चढ़ा, कुछ नहीं पता चला।
तहसील में सुबह से ही बद हालत में मैदान पर लेटा यह व्यक्ति अचानक दौड़कर वहां पर लगे ट्रांसफार्मर पर चढ़ गया। उसे देख वहां पर भारी भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलते ही विद्युत निगम ने बिजली सप्लाई बंद कराई, यदि बिजली बंद न होती तो वह मौत की नींद सो जाता। पोल पर चढ़ा व्यक्ति बार-बार चिल्ला रहा था कि बिजली का करंट लगने से मजा आता है, इसलिए यहां पर चढ़ा हूॅ। सूचना पर पुलिस मौके व नायाब तहसीलदार धर्मेंद्र मौके पर पहुंचे और उसे उतारने का प्रयास किया, लेकिन वह अपनी भाषा में कुछ न कुछ बोलता रहा। जो लोगों को समझ नहीं आ रही थी, कुछ देर बाद वह दूसरे ट्रांसफार्मर पर आकर बैठ गया। पौन घंटे तक उसका यह नाटक चलता रहा, जब वह थोड़ा नीचे आया तो लाइनमैन व अधिवक्ता ने उसे नीच उतारा। बाद में पुलिस उसे कोतवाली ले गई। कोतवाली पहुंचने पर वह अपनी भाषा में अपना नाम अरनूस पुत्र सुलेमान निवासी झारखंड बताया। बार-बार यह पूछे जाने पर यह कि ट्रांसफार्मर पर क्यों चढ़ा तो अपनी भाषा में कुछ बता, लेकिन वह समझ मेें नहीं आ रहा था, कोतवाल संजीव कुमार ने कहा वह मनोरोगी है, इसी कारण वह खंभो पर चढ़ा है, उसे पूछताछ की जा रही है, सहीं पता लगने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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वीडियो बनाई
बड़ौत। जिस समय मनोरोगी व्यक्ति खंभे पर चढ़ा तो उस समय मौजूदा भीड़ उसके खंभे पर चढ़े फोटो व वीडियो बना रहे थे और उसके चारों ओर भीड़ रही। लोगों ने कहा मनोरोगी व्यक्ति शनिवार को सुबह से ही तहसील के मैदान पर अचेत अवस्था में पड़ा हुआ था। यह नशे की हालत में है, लेकिन अचानक पोल पर चढ़ने से लोगों का एहसास हुआ कि वह मनोरोगी है। लोगों का कहना था कि यह कहीं मजदूरी करता था, लेकिन वह बता नहीं रहा है।
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