{"_id":"5c213a8abdec2256e0514e09","slug":"131545681546-baghpat-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"43 न्याय पंचायतों में ‘एक ग्राम, दस जैविक कृषक’ होंगे तैयार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
43 न्याय पंचायतों में ‘एक ग्राम, दस जैविक कृषक’ होंगे तैयार
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बागपत। हिंडन के किनारे 43 ग्राम पंचायतों में प्रशासन की ओर से ‘एक ग्राम, दस जैविक कृषक’ प्लान के तहत कार्य किया जाएगा। इसके लिए कृषि विभाग को जिम्मेदारी दी जाएगी। किसानों में इसके जागरूकता लाई जाएगी। फायदों को बताकर इस खेती के लिए रुझान बढ़ाया जाएगा। विभागों ने अपनी कार्य योजना तैयार कर ली है।
दूषित हिंडन लोगों के लिए अभिशाप बनी हुई है। प्रशासन लगातार खोए हुए स्वरूप को लौटने पर कार्य किया जा रहा है। कार्य योजनाएं बनाई जा रही है। इसके लिए मास्टर ट्रेनरों को तैयार कर ब्लॉक स्तरीय प्रशिक्षण दिया जा चुका है। सभी विभागों को इसकी जिम्मेदारी दे दी। निर्मल हिंडन अभियान के जिला नोडल अधिकारी एवं डीडीओ हुब लाल ने बताया कि कार्य योजना के अनुसार हिंडन को स्वच्छ बनाया जाएगा। सभी विभागों के कार्य की समीक्षा होगी। उन्होंने बताया कि 43 ग्राम पंचायतों में ‘एक ग्राम, दस जैविक कृषक’ तैयार होंगे। कृषि विभाग इस पर कार्य करेगा। इससे वातावरण तो शुद्ध होगा कि इसके साथ-साथ हिंडन में भी शुद्धता आएगी। इसके लिए किसानों को जागरूक किया जाएगा। विभाग की ओर से प्रशिक्षण तक दिलाने की योजना बनाई । इस प्लान को परवान चढ़ाने के लिए अधिकारियों को सख्त हिदायत दी, क्योंकि पर्यावरण और जल प्रदूषण से क्षेत्र को मुक्ति दिलाने के लिए एनजीटी की ओर से लगातार आदेश जारी किए जा रहे है। जिसके आधार पर कार्य किया जा रहा है। डीडीओ हुब लाल ने बताया कि ‘एक ग्राम, दस जैविक कृषक’ के लिए किसानों को आगे आना चाहिए। क्योंकि इससे क्षेत्र के लोगों के साथ-साथ उनको भी फायदा पहुंचेगा। जिला खुशहाली की ओर दौड़ेगा।
किए जाने वाले कार्य
बागपत। प्लानिंग के तहत कृषकों का चयन, टिकाऊ कृषि प्रथाओं को अंगीकार करने हेतु किसानों की ज्ञान और कौशल में वृद्धि, व्यवस्था, कार्यशाला, प्रशिक्षण, और बाजार से संबद्धता, पर्यवेक्षण ओर मूल्यांकन पर होंगे कार्य।
विज्ञापन
कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए सहयोगी संस्था
बागपत। स्थानीय निकाय कृषि, उद्यान, कृषि विज्ञान केंद्र, कृषि विश्वविद्यालय एवं शैक्षिक संस्थान, अशासकीय संसाधन, फर्म एवं कंपनियां, स्वयं सेवी संस्था, नाबार्ड, पंचायती राज विभाग, जिला संसाधन समूह, ग्रामीण टास्कफोर्स को शामिल किया गया है।
विज्ञापन
दूषित हिंडन लोगों के लिए अभिशाप बनी हुई है। प्रशासन लगातार खोए हुए स्वरूप को लौटने पर कार्य किया जा रहा है। कार्य योजनाएं बनाई जा रही है। इसके लिए मास्टर ट्रेनरों को तैयार कर ब्लॉक स्तरीय प्रशिक्षण दिया जा चुका है। सभी विभागों को इसकी जिम्मेदारी दे दी। निर्मल हिंडन अभियान के जिला नोडल अधिकारी एवं डीडीओ हुब लाल ने बताया कि कार्य योजना के अनुसार हिंडन को स्वच्छ बनाया जाएगा। सभी विभागों के कार्य की समीक्षा होगी। उन्होंने बताया कि 43 ग्राम पंचायतों में ‘एक ग्राम, दस जैविक कृषक’ तैयार होंगे। कृषि विभाग इस पर कार्य करेगा। इससे वातावरण तो शुद्ध होगा कि इसके साथ-साथ हिंडन में भी शुद्धता आएगी। इसके लिए किसानों को जागरूक किया जाएगा। विभाग की ओर से प्रशिक्षण तक दिलाने की योजना बनाई । इस प्लान को परवान चढ़ाने के लिए अधिकारियों को सख्त हिदायत दी, क्योंकि पर्यावरण और जल प्रदूषण से क्षेत्र को मुक्ति दिलाने के लिए एनजीटी की ओर से लगातार आदेश जारी किए जा रहे है। जिसके आधार पर कार्य किया जा रहा है। डीडीओ हुब लाल ने बताया कि ‘एक ग्राम, दस जैविक कृषक’ के लिए किसानों को आगे आना चाहिए। क्योंकि इससे क्षेत्र के लोगों के साथ-साथ उनको भी फायदा पहुंचेगा। जिला खुशहाली की ओर दौड़ेगा।
विज्ञापन
किए जाने वाले कार्य
बागपत। प्लानिंग के तहत कृषकों का चयन, टिकाऊ कृषि प्रथाओं को अंगीकार करने हेतु किसानों की ज्ञान और कौशल में वृद्धि, व्यवस्था, कार्यशाला, प्रशिक्षण, और बाजार से संबद्धता, पर्यवेक्षण ओर मूल्यांकन पर होंगे कार्य।
विज्ञापन
कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए सहयोगी संस्था
बागपत। स्थानीय निकाय कृषि, उद्यान, कृषि विज्ञान केंद्र, कृषि विश्वविद्यालय एवं शैक्षिक संस्थान, अशासकीय संसाधन, फर्म एवं कंपनियां, स्वयं सेवी संस्था, नाबार्ड, पंचायती राज विभाग, जिला संसाधन समूह, ग्रामीण टास्कफोर्स को शामिल किया गया है।