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जिवाना गुलियान के ग्रामीणों का कलक्ट्रेट में धरना
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बागपत। जिवाना गुलियान गांव के ग्रामीणों ने कलक्ट्रेट पर देकर डीएम से जिला कारागार में हुई बंदी शाकिर की मौत की मजिस्ट्रेटी जांच कराने की मांग की। डीएम ने पीड़ित परिवार को कार्रवाई का आश्वासन दिया।
ग्रामीणों ने डीएम को बताया कि जिला कारागार में 27 जनवरी को शाकिर पुत्र असगर निवासी जिवाना गुलियान की मौत हो गई थी। वह चोरी के मामले में पांच माह से बंद था। मृत्यु से पांच दिन पहले मृतक की बहन कचहरी में पेशी के दौरान मृतक से मिली थी। जब वह ठीक था। उसने जेल कर्मियों द्वारा परेशान करना बताया था। जमानत की अर्जी लगाने को कह रहा था। उन्होंने आरोप लगाया कि जेल प्रशासन की लापरवाही एवं मिली भगत से उसकी हत्या की गई है। उसकी मौत की मजिस्ट्रेटी जांच करार दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाए। डीएम ऋषिरेंद्र कुमार ने कार्रवाई का आश्वासन दिया। इसके बाद ग्रामीणों ने धरना समाप्त कर दिया। इसमें असगर, शौकीन, शकील, नफीस, वसीला, मुनेश, अंजू आदि रहे।
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ग्रामीणों ने डीएम को बताया कि जिला कारागार में 27 जनवरी को शाकिर पुत्र असगर निवासी जिवाना गुलियान की मौत हो गई थी। वह चोरी के मामले में पांच माह से बंद था। मृत्यु से पांच दिन पहले मृतक की बहन कचहरी में पेशी के दौरान मृतक से मिली थी। जब वह ठीक था। उसने जेल कर्मियों द्वारा परेशान करना बताया था। जमानत की अर्जी लगाने को कह रहा था। उन्होंने आरोप लगाया कि जेल प्रशासन की लापरवाही एवं मिली भगत से उसकी हत्या की गई है। उसकी मौत की मजिस्ट्रेटी जांच करार दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाए। डीएम ऋषिरेंद्र कुमार ने कार्रवाई का आश्वासन दिया। इसके बाद ग्रामीणों ने धरना समाप्त कर दिया। इसमें असगर, शौकीन, शकील, नफीस, वसीला, मुनेश, अंजू आदि रहे।
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