{"_id":"59c8098e4f1c1b98688b643b","slug":"111506281870-baghpat-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"मेरठ जनपद से जोड़ा जाए सरोरा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मेरठ जनपद से जोड़ा जाए सरोरा
Updated Mon, 25 Sep 2017 01:07 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
दोघट। सरोरा गांव में कुशवाहा खाप की बैठक हुई। इसमें एकजुटता बनाने तथा नशा खोरी से दूर रहने का संकल्प दिलाया। बैठक में सरोरा को मेरठ जनपद से जोड़ने की मांग उठाई गई।
बैठक की अध्यक्षता करते हुए ठाकुर नरेश कुशवाहा ने कहा आज समाज की एकजुटता बनाये रखना जरूरी है। एकजुटता के बिना पहचान बनाना भी मुश्किल है। राजनीति से लेकर हर क्षेत्र में एकजुटता की जरूरत है। उन्होंने कहा समाज से नशाखोरी को पूर्ण रूप से दूर रखा जाए। युवा पीढ़ी को संस्कारवान बनाए। बच्चों में शिक्षा के साथ साथ सामाजिक ज्ञान भी दिया जाए।
बैठक में सरोरा के ग्रामीणों ने सरकार द्वारा गांव में उपेक्षा का आरोप लगाया और कहा कि यह गांव बागपत, मेरठ, मुजफ्फरनगर जनपदों की सीमा पर बसा है। बागपत 55 किलोमीटर, मेरठ 40 किलोमीटर, मुजफ्फरनगर 40 किलोमीटर दूर है। बिनौली ब्लाक गांव से 30 किलोमीटर जबकि मेरठ का सरधना तहसील गांव से मात्र 15 किलोमीटर ही है। गांव से जरूरत का सामान भी लेने सरधना या बुढ़ाना ही जाते हैं। ग्रामीणों ने मांग की उन्हें या तो मेरठ से जोड़ा जाए अन्यथा उन्हें सुविधाएं दिलवाई जाए। संचालन मास्टर गुड्डू ने किया। इस मौके पर ब्रजपाल, राजपाल, कुलदीप, राजेंद्र, अशोक, सूरजपाल, शिवकुमार, दुष्यंत, सतपाल, जितेंद्र, प्रदीप आदि मौजूद थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
बैठक की अध्यक्षता करते हुए ठाकुर नरेश कुशवाहा ने कहा आज समाज की एकजुटता बनाये रखना जरूरी है। एकजुटता के बिना पहचान बनाना भी मुश्किल है। राजनीति से लेकर हर क्षेत्र में एकजुटता की जरूरत है। उन्होंने कहा समाज से नशाखोरी को पूर्ण रूप से दूर रखा जाए। युवा पीढ़ी को संस्कारवान बनाए। बच्चों में शिक्षा के साथ साथ सामाजिक ज्ञान भी दिया जाए।
विज्ञापन
बैठक में सरोरा के ग्रामीणों ने सरकार द्वारा गांव में उपेक्षा का आरोप लगाया और कहा कि यह गांव बागपत, मेरठ, मुजफ्फरनगर जनपदों की सीमा पर बसा है। बागपत 55 किलोमीटर, मेरठ 40 किलोमीटर, मुजफ्फरनगर 40 किलोमीटर दूर है। बिनौली ब्लाक गांव से 30 किलोमीटर जबकि मेरठ का सरधना तहसील गांव से मात्र 15 किलोमीटर ही है। गांव से जरूरत का सामान भी लेने सरधना या बुढ़ाना ही जाते हैं। ग्रामीणों ने मांग की उन्हें या तो मेरठ से जोड़ा जाए अन्यथा उन्हें सुविधाएं दिलवाई जाए। संचालन मास्टर गुड्डू ने किया। इस मौके पर ब्रजपाल, राजपाल, कुलदीप, राजेंद्र, अशोक, सूरजपाल, शिवकुमार, दुष्यंत, सतपाल, जितेंद्र, प्रदीप आदि मौजूद थे।
विज्ञापन