फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Azamgarh News ›   The work of 174 health and wellness centers could not be completed even after the budget

बजट के बाद भी 174 हेल्थ एंड वेलनेस सेंटरों का कार्य नहीं हो सका पूरा

Wed, 15 Jun 2022 11:57 PM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Wed, 15 Jun 2022 11:57 PM IST
विज्ञापन
The work of 174 health and wellness centers could not be completed even after the budget
आजमगढ़। जिले में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों को विकसित कर हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर बनाने की योजना की गति काफी खराब है। बजट होने के बाद भी 174 हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर का कार्य पूरा नहीं हो पाया है। जिसके कारण सरकार की आमजन को नजदीक में स्वास्थ्य सुविधा मुहैया कराने की मंशा को पूरी तरह से पंख नहीं लग पाए। हाल यह है कि जो केंद्र बनकर तैयार हैं वहां पर भी समय से डॉक्टर नहीं बैठ रहे हैं। केंद्र सरकार ने 2019 में आयुष्मान भारत योजना के तहत प्रारंभिक स्वास्थ्य केंद्र के नाम पर चल रहे प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों को विकसित कर उसको ‘हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर’ बनाने का आदेश दिया था। इसके लिए सरकार द्वारा बजट भी जारी कर दिया गया। जनपद में 381 हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर बनाया जाना था। योजना के शुरू हुए तीसरा साल चल रहा है। हाल यह है कि अब तक मात्र 207 सेंटर ही बनकर तैयार हुए। बाकी के 174 सेंटरों का काम पूरा नहीं हो सका है जबकि इसके लिए पहले ही बजट जारी हो चुका है। जहां पर हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर तैयार हो चुके हैं वहां पर सीएचओ (कम्युनिटी हेल्थ ऑफिसर) व एएनएम को तैनात कर दिया यगा है ताकि ग्रामीणों को इलाज ओर परामर्श के लिए दूर न जाना पड़े लेकिन कुछ केंद्रों को छोड़ दिया जाय तो बाकी के केंद्रों पर डॉक्टर कब आते और कब जाते हैं इनका कोई समय निर्धारित नहीं है। जबकि हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर का मुख्य उद्देश्य गांव के सभी लोगों तक स्वास्थ्य सुविधाओं की पहुंच मुहैया कराने के साथ ही गंभीर रोगों वाले मरीजों की पहचान करना है।
विज्ञापन

प्रति सेंटर पर खर्च होंगे सात लाख रूपए
स्वास्थ्य उपकेंद्रों को हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर में बदलने के लिए शासन द्वारा प्रति सेंटर के लिए सात लाख रूपए का बजट भेजा गया है। जिले में 381 हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर बनाने के लिए 26 करोड़ 67 लाख रूपाए का बजट आया है। बजट होने के बाद भी 174 सेंटरों का कार्य पूरा नहीं हो सका है। जिसके कारण वहां की जनता को स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ नहीं मिल पा रहा है।
विज्ञापन

हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर पर मिलेगी यह सुविधा
हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर पर क्षेत्र के लोगों को लाकर डायबिटीज व ब्लड प्रेशर की जांच मशीन द्वारा की जाएगी। लोगों से उनकी स्वास्थ्य संबंधी दिक्कतों के बारे में जाना जाएगा। ओरल कैंसर, ब्रेस्ट कैंसर व अन्य गंभीर बीमारियों वाले मरीजों को हायर सेंटर रेफर कराकर उचित इलाज मुहैया कराया जाएगा। हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर पर तैनात स्टाफ सर्वे के दौरान लोगों को स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के बारे में जागरूक करेंगे जिससे लक्षण प्रतीत होने पर लोग स्वास्थ्य केंद्र पहुंचकर उपचार प्रारंभ करा सकें। सीएमओ आईएन तिवारी ने कहा कि जिले में जो हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर बनकर तैयार हो गए हैं। उन जगहों पर सीएचओ को तैनात कर दिया गया है। प्रतिदिन वह मरीजों को देख रहे हैं। जहां का कार्य पूरा नहीं हुआ है। उसके लिए बजट की कमी नहीं है। काम चल रहा है। जल्द ही यह भी विभाग को हैंड ओवर हो जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed