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संदिग्ध हाल में छात्र की मौत
ब्यूरो, अमर उजाला, आजमगढ़
Updated Sun, 01 Mar 2015 12:24 AM IST
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अमनावें गांव स्थित जूनियर हाईस्कूल में कक्षा छह के छात्र की शुक्रवार की रात संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। छात्र ने विद्यालय में बीएसजीवाई योजना के तहत बांटी गई विटामिन और आयरन की कई गोलियां खा ली थीं।
पीड़ित परिवार के लोगाें ने घटना के लिए विद्यालय के प्रधानाध्यापक और पीएचसी के डाक्टर की लापरवाही को जिम्मेदार ठहराया है। पुलिस ने प्रधानाध्यापक को हिरासत में लेकर पूछताछ की।
दीदारगंज थानाक्षेत्र के अमनावें निवासी आकाश सिंह (11) पुत्र मानबहादुर गांव के जूनियर हाईस्कूल में कक्षा छह का छात्र था।
एक सप्ताह पूर्व विद्यालय में बीएसजीवाई योजना के तहत लगे स्वास्थ्य कैंप में जांच में 32 छात्रों में आयरन, विटामिन की कमी मिली थी। डाक्टर ने छात्रों के नाम की सूची के साथ उनको दी जाने वाली दवा प्रधानाध्यापक को दे दी थी।
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बताया जाता है कि प्रधानाध्यापक को पांच दिन के अंतराल पर छात्रों को दवा की खुराक देनी थी। लेकिन प्रधानाध्यापक रामसूरत राम ने छात्रों को पूरी खुराक एक साथ दे दी थी।
शुक्रवार की दोपहर आकाश ने एक साथ आयरन की पांच गोलियां खा लीं। इसकी जानकारी होने पर अध्यापकों ने उसे डांटकर घर भेज दिया। रात करीब आठ बजे आकाश को उल्टियां होने लगीं।
घर वाले उसे पीएचसी मार्टिनगंज ले गए। घरवालों के अनुसार डाक्टर ने उसका इलाज कर घर भेज दिया। घर आने के बाद आकाश को फिर उल्टी हुई और उसकी मौत हो गई।
शनिवार की सुबह उसके पिता ने दीदारगंज थाने पर सूचना दी। पुलिस ने आकाश का शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
थानाध्यक्ष शमीम अली सिद्दीकी ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण स्पष्ट होने पर रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।
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पीड़ित परिवार के लोगाें ने घटना के लिए विद्यालय के प्रधानाध्यापक और पीएचसी के डाक्टर की लापरवाही को जिम्मेदार ठहराया है। पुलिस ने प्रधानाध्यापक को हिरासत में लेकर पूछताछ की।
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दीदारगंज थानाक्षेत्र के अमनावें निवासी आकाश सिंह (11) पुत्र मानबहादुर गांव के जूनियर हाईस्कूल में कक्षा छह का छात्र था।
एक सप्ताह पूर्व विद्यालय में बीएसजीवाई योजना के तहत लगे स्वास्थ्य कैंप में जांच में 32 छात्रों में आयरन, विटामिन की कमी मिली थी। डाक्टर ने छात्रों के नाम की सूची के साथ उनको दी जाने वाली दवा प्रधानाध्यापक को दे दी थी।
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बताया जाता है कि प्रधानाध्यापक को पांच दिन के अंतराल पर छात्रों को दवा की खुराक देनी थी। लेकिन प्रधानाध्यापक रामसूरत राम ने छात्रों को पूरी खुराक एक साथ दे दी थी।
शुक्रवार की दोपहर आकाश ने एक साथ आयरन की पांच गोलियां खा लीं। इसकी जानकारी होने पर अध्यापकों ने उसे डांटकर घर भेज दिया। रात करीब आठ बजे आकाश को उल्टियां होने लगीं।
घर वाले उसे पीएचसी मार्टिनगंज ले गए। घरवालों के अनुसार डाक्टर ने उसका इलाज कर घर भेज दिया। घर आने के बाद आकाश को फिर उल्टी हुई और उसकी मौत हो गई।
शनिवार की सुबह उसके पिता ने दीदारगंज थाने पर सूचना दी। पुलिस ने आकाश का शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
थानाध्यक्ष शमीम अली सिद्दीकी ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण स्पष्ट होने पर रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।