{"_id":"64d525e118ed5a9b150e8766","slug":"stomach-worms-cause-diseases-in-children-district-magistrate-azamgarh-news-c-258-1-svns1004-2503-2023-08-10","type":"story","status":"publish","title_hn":"पेट में कीड़े से बच्चों में होती है बीमारियां: जिलाधिकारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पेट में कीड़े से बच्चों में होती है बीमारियां: जिलाधिकारी
विज्ञापन
राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस पर बृहस्पतिवार को प्राथमिक विद्यालय जाफरपुर पल्हनी पर कार्यक्रम में जिलाधिकारी बच्चों को पेट के कीड़े मारने की दवा खिलाई। इसके साथ ही लोगों को राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस के आयोजन के प्रति जागरूक किया।
जिलाधिकारी विशाल भारद्वाज ने कहा कि बच्चों के शारीरिक व मानसिक विकास के लिए पेट के कीड़े मारने वाली दवा बहुत ही उपयोगी है। पेट में कीड़े होने से बच्चे कई बीमारियों का शिकार हो जाते हैं, जिससे उनका शारीरिक व मानसिक विकास प्रभावित हो जाता है।
जिले के सभी सरकारी एवं गैर सरकारी विद्यालयों एवं समस्त आंगनबाड़ी केन्द्रों पर एक से 19 वर्ष तक के बच्चों एवं किशोर-किशोरियों को पेट के कीड़े निकालने की दवा एल्बेंडाजोल खिलाई गई। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ आईएन तिवारी ने बताया कि इस दवा के सेवन न करने से पेट में होने वाले कीड़े या कृमि से बच्चों के शरीर में पोषण की कमी हो जाती है।
विज्ञापन
नोडल अधिकारी एवं अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी (एनडीडी) डॉ वाई प्रसाद ने बताया की बच्चे अक्सर कुछ भी उठाकर मुंह में डाल लेते हैं या फिर नंगे पांव ही संक्रमित स्थानों पर चले जाते हैं। इससे उनके पेट में कीड़े विकसित हो जाते हैं। इसलिए एल्बेन्डाजॉल खाने से यह कीड़े पेट से बाहर हो जाते हैं। कृमि के कारण कुपोषण का खतरा और शारीरिक विकास पर खास असर पड़ता है।
बताया कि जनपद में कुल 25 लाख से अधिक बच्चों को एल्बेंडाजोल खिलाई जाएगी। छूटे हुए बच्चों को 17 अगस्त को मॉपअप राउंड में गोली खिलाई जाएगी। बताया कि जिन बच्चों के पेट में पहले से कृमि होते हैं उन्हें कई बार कुछ हल्के प्रतिकूल प्रभाव हो सकते हैं जैसे- हल्का चक्कर आना, थोड़ी घबराहट, सिर दर्द, दस्त, पेट में दर्द, कमजोरी, मितली, उल्टी या भूख लगना शामिल है।
दवा खिलाने के बाद निकली तिरंगा यात्रा
रानी की सराय। ब्लाक क्षेत्र के सेठवल ग्राम सभा के अंग्रेजी माध्यम पूर्व माध्यमिक विद्यालय पर बृहस्पतिवार को राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस पर कार्यक्रम आयोजित हुआ। इसके तहत बच्चों को पेट के कीड़े को मारने वाली दवा खिलाई गई। इसके बाद आशा रंजना गुप्ता व सरिता सोनकर की देखरेख में दवा खिलाया गया। इसके पश्चात विद्यालय से तिरंगा यात्रा निकाली गई। जिसमें प्रधानाध्यापक अनिल पासवान, सहायक अध्यापक नेहा यादव , प्रवीण बाला, अनुपम राय, आरती पांडेय, अनुदेशक रीता वर्मा, सुनील कुमार के अलावा बच्चे शामिल रहे।
विज्ञापन
जिलाधिकारी विशाल भारद्वाज ने कहा कि बच्चों के शारीरिक व मानसिक विकास के लिए पेट के कीड़े मारने वाली दवा बहुत ही उपयोगी है। पेट में कीड़े होने से बच्चे कई बीमारियों का शिकार हो जाते हैं, जिससे उनका शारीरिक व मानसिक विकास प्रभावित हो जाता है।
विज्ञापन
जिले के सभी सरकारी एवं गैर सरकारी विद्यालयों एवं समस्त आंगनबाड़ी केन्द्रों पर एक से 19 वर्ष तक के बच्चों एवं किशोर-किशोरियों को पेट के कीड़े निकालने की दवा एल्बेंडाजोल खिलाई गई। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ आईएन तिवारी ने बताया कि इस दवा के सेवन न करने से पेट में होने वाले कीड़े या कृमि से बच्चों के शरीर में पोषण की कमी हो जाती है।
विज्ञापन
नोडल अधिकारी एवं अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी (एनडीडी) डॉ वाई प्रसाद ने बताया की बच्चे अक्सर कुछ भी उठाकर मुंह में डाल लेते हैं या फिर नंगे पांव ही संक्रमित स्थानों पर चले जाते हैं। इससे उनके पेट में कीड़े विकसित हो जाते हैं। इसलिए एल्बेन्डाजॉल खाने से यह कीड़े पेट से बाहर हो जाते हैं। कृमि के कारण कुपोषण का खतरा और शारीरिक विकास पर खास असर पड़ता है।
बताया कि जनपद में कुल 25 लाख से अधिक बच्चों को एल्बेंडाजोल खिलाई जाएगी। छूटे हुए बच्चों को 17 अगस्त को मॉपअप राउंड में गोली खिलाई जाएगी। बताया कि जिन बच्चों के पेट में पहले से कृमि होते हैं उन्हें कई बार कुछ हल्के प्रतिकूल प्रभाव हो सकते हैं जैसे- हल्का चक्कर आना, थोड़ी घबराहट, सिर दर्द, दस्त, पेट में दर्द, कमजोरी, मितली, उल्टी या भूख लगना शामिल है।
दवा खिलाने के बाद निकली तिरंगा यात्रा
रानी की सराय। ब्लाक क्षेत्र के सेठवल ग्राम सभा के अंग्रेजी माध्यम पूर्व माध्यमिक विद्यालय पर बृहस्पतिवार को राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस पर कार्यक्रम आयोजित हुआ। इसके तहत बच्चों को पेट के कीड़े को मारने वाली दवा खिलाई गई। इसके बाद आशा रंजना गुप्ता व सरिता सोनकर की देखरेख में दवा खिलाया गया। इसके पश्चात विद्यालय से तिरंगा यात्रा निकाली गई। जिसमें प्रधानाध्यापक अनिल पासवान, सहायक अध्यापक नेहा यादव , प्रवीण बाला, अनुपम राय, आरती पांडेय, अनुदेशक रीता वर्मा, सुनील कुमार के अलावा बच्चे शामिल रहे।