आजमगढ़: गैंगस्टर कुंटू सिंह के पट्टीदार की संपत्ति होगी कुर्क, एक सप्ताह के अंदर कार्रवाई के निर्देश
पूर्व विधायक सर्वेश सिंह सीपू हत्याकांड में दोषी करार गैंगस्टर ध्रुव कुमार सिंह उर्फ कुंटू सिंह के पट्टीदार की भी संपत्ति कुर्क करने का निर्देश आजमगढ़ डीएम ने दिया है।
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गैंगस्टर ध्रुव कुमार सिंह उर्फ कुंटू सिंह पर धीरे-धीरे कानून का शिकंजा कसता जा रहा है। आजमगढ़ डीएम की ओर से कुंटू सिंह के पट्टीदार उमेश सिंह की संपत्ति को कुर्क करने का निर्देश दिया गया है। जिलाधिकारी ने तहसीलदार सगड़ी और जीयनपुर कोतवाली प्रभारी को कुर्की कराकर रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया है।
उमेश सिंह पर आरोप है कि गैंगस्टर कुंटू सिंह के प्रभाव का इस्तेमाल कर उनके द्वारा गैस एजेंसी का लाइसेंस लिया गया। गैस एजेंसी का भवन और गोदाम गाटा संख्या-919/0.812 हेक्टेयर में से 0.091 हेक्टेयर भूमि पर स्थित है। जिसके उत्तर में पक्की सड़क, दक्षिण चक उमेश, पूरब व पश्चिम चक राजेश का है। गोदाम की कीमत पीडब्ल्यूडी द्वारा आठ लाख नौ हजार रुपये आंकी गई है।
आपराधिक कृत्यों द्वारा अनुचित ढंग से अर्जित संपत्ति
मामले की विवेचना में प्रशासन ने पाया कि कुंटू सिंह ने अपने प्रभाव का इस्तेमाल कर आपराधिक कृत्यों द्वारा अनुचित ढंग से अर्जित संपत्ति से इस गैस एजेंसी के भवन व लाइसेंस को लिया गया था। डीएम विशाल भारद्वाज ने धारा-14 (1) उप्र गिरोहबंद एवं समाज विरोधी क्रियाकलाप निवारण अधिनियम 1986 में प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए कुंटू सिंह के पट्टीदार उमेश सिंह व अंकिता सिंह पत्नी उमेश सिंह के नाम संयुक्त रूप से बनाई गई संपत्ति को एक सप्ताह के भीतर कुर्क करने का निर्देश दिया है।
पूर्व विधायक सीपू हत्याकांड : 17 को होगी सजा पर सुनवाई
पूर्व विधायक सर्वेश सिंह सीपू हत्याकांड में गुरुवार को आने वाला फैसला एक बार फिर टल गया है। अपर सत्र न्यायाधीश ने सजा पर सुनवाई की तारीख आगे बढ़ाते हुए 17 मई निर्धारित कर दी है। इस मामले में बीते मंगलवार को न्यायाधीश रामानंद ने कुख्यात कुंटू सिंह समेत 9 अभियुक्तों पर दोष सिद्ध करते हुए सजा पर सुनवाई के लिए 12 मई की तारीख मुकर्रर की थी।
19 जुलाई 2013 को पूर्व विधायक सर्वेश सिंह उर्फ सीपू सिंह की जीयनपुर स्थित उनके आवास के सामने बाइक सवार बदमाशों ने गोली मार कर हत्या कर दी थी। इस मामले में पूर्व विधायक के भाई ने जीयनपुर कोतवाली में कुख्यात ध्रुव कुमार सिंह उर्फ कुंटू सिंह समेत अन्य के खिलाफ तहरीर दी थी।
प्राथमिक विवेचना के बाद जीयनपुर कोतवाली पुलिस ने कुंटू समेत कुल 11 के खिलाफ आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया। वहीं सीबीआई की जांच में दो अन्य आरोपियों दुर्ग विजय व शिव प्रकाश के नाम भी कोर्ट में दाखिल आरोप पत्र में जोड़ दिया गया। इसमें एक आरोपित नाबालिग होने के चलते उसकी फाइल जुवेनाइल कोर्ट भेज दी गई।
दो अभियुक्त अरविंद कश्यप व अभिषेक अभी फरार है, इनकी फाइल भी अलग कर दी गई है। एक आरोपित गिरधारी उर्फ कन्हैया दौरान मुकदमा मुठभेड़ में मारा जा चुका है। शेष बचे नौ आरोपियों में शामिल कुख्यात ध्रुव सिंह उर्फ कुंटू, मृत्युंजय सिंह, दिनेश सिंह उर्फ रंपत, शिव प्रकाश उर्फ प्रकाश, राजेंद्र यादव, संग्राम सिंह, दुर्गविजय, मोहम्मद रिजवान तथा विजय यादव को हत्या व हत्या की साजिश का दोषी पाते हुए न्यायाधीश ने दोष सिद्ध घोषित किया। इसके साथ ही सजा पर सुनवाई के लिए 12 मई की तिथि नियत की गई थी। बृहस्पतिवार को न्यायाधीश ने सजा पर सुनवाई टाल दी।