आजमगढ़। कोविड-19 महामारी के संक्रमण से बचाव के लिए जिलाधिकारी नागेन्द्र प्रसाद सिंह की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में आईएमए और प्राइवेट अस्पतालों के डाक्टरों के साथ ही स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों की बैठक हुई। डीएम ने प्राइवेट अस्पतालों के डाक्टरों से अपील की कि यदि किसी मरीज की ओर से मोबाइल पर अपने इलाज के लिए चिकित्सकीय परामर्श लिया जाता है तो उस मरीज की बातों को पूरी संवदेनशीलता के साथ सुनें एवं मरीज को आवश्यक परामर्श देकर इलाज करें।
सीएमओ को निर्देश दिए कि प्रतिदिन प्राइवेट अस्पतालों के कितने डाक्टरों द्वारा कितने मरीजों को फोन के माध्यम से चिकित्सकीय परामर्श दिया गया है एवं इलाज किया जा रहा है, इसकी सूचना निर्धारित प्रारूप पर प्रतिदिन शाम को उपलब्ध कराएं। स्वास्थ्य विभाग के जो कर्मचारी कोविड-19 महामारी से बचाव कार्य में लगे हुए हैं वे हमारे लिए महत्वपूर्ण हैं। उन कर्मचारियों को पीपीई किट उपलब्ध कराएं, पैसे की कोई कमी नहीं है। प्राइवेट अस्पतालों के डाक्टरों से कहा कि जब आप किसी मरीज का इलाज करते हैं तो उस समय उस मरीज की ट्रेवल हिस्ट्री व खांसी, बुखार, सांस लेने में समस्या आदि इस तरह के लक्षण आ रहे हैं तो इसकी सूचना मुख्य चिकित्साधिकारी को उपलब्ध कराएं। हॉट स्पॉट क्षेत्र मुबारकपुर के चकसिकठी मरीजों का इलाज करते हैं तो इसकी भी सूचना सीएमओ को उपलब्ध कराएं। सीएमओ डॉ. एके मिश्र, अपर सीएमओ डॉ. संजय, डॉ. वाईके राय, एसआईसी डॉ. एसकेजी सिंह, जिला महिला अस्पताल की सीएमएस डॉ. अमिता अग्रवाल, आईएमए के सदस्य एवं विभिन्न प्राइवेट अस्पतालों के डॉक्टर उपस्थित रहे।