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डीएम ने बंगला खाली करने के लिए भाजपा नेता जनार्दन सिंह को भेजा नोटिस
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आजमगढ़। रैदोपुर में अंग्रेजों के जमाने में अधिकारियों के रहने के लिए बनाए गए सरकारी बंगलों को खाली कराने के जिला प्रशासन की ओर से एक बार फिर प्रयास शुरू कर दिया है। डीएम राजेश कुमार ने कब्जेधारी भाजपा नेता जनार्दन सिंह गौतम को जहां बंगला खाली करने के लिए नोटिस जारी किया है। वहीं, कांग्रेस नेता स्व. दलसिंगार यादव और रिटायर्ड एसडीएम रामधीन राम के दिवंगत होने से तहसीलदार सदर को पत्र भेज वारिसों को चिह्नित करने को कहा है। ताकि उन्हें भी खाली करने के लिए नोटिस जारी किया जा सके।
शहर के रैदोपुर में आजादी से पहले के तीन बंगले स्थिति हैं। इसमें एक बंगले में भाजपा नेता जनार्दन सिंह गौतम, एक में पूर्व मंत्री स्व. दलसिंगार यादव और एक बंगले में सेवानिवृत्त एसडीएम स्व. रामधीन राम का परिवार रहता है। जनार्दन सिंह गौतम को जारी नोटिस में बताया गया है कि बंगले के भूखंड को 22 फरवरी 1927 में राय साहब साहू दीनदयाल निवासी देवगांव और सेक्रेटरी आफ स्टेट फार इंडियन कौंसिंल के मध्य अनुबंध पट्टा किया गया था। विलेख के अनुसार पट्टेदार बंगले का निर्माण कर सरकारी अधिकारियों के आवास के लिए मकान उपलब्ध कराएगा। बची भूमि में एक एकड़ पर बाग लगाकर पट्टेदार फल-फूल उगा सकता है। जनार्दन सिंह की मां श्यामा सिंह पत्नी बुझारत सिंह की ओर से वर्ष 1999 में आराजी नंबर 1041 (900 कड़ी) को फ्री होल्ड करने के लिए आवेदन किया गया था। आवेदन पत्र को तत्कालीन डीएम ने छह सितंबर 1999 को निरस्त कर दिया गया था। भूखंड संख्या 1041 के संबंध में राय साहब दीनदयाल साहू के पक्ष में पट्टा 30-30 साल के नवीनीकरण के शर्त पर 90 साल के लिए हुआ था। उन्होंने इसका नवीनीकरण नहीं कराया। इस बीच गोलमाल कर इसका पट्टा किसी और के नाम कर इस बंगले को भाजपा नेता की मां के नाम बेच दिया गया। इस बंगले का करारनामा राय साहब साहू दीनदयाल से था। इस भवन को कोई खरीद नहीं सकता है। इस भवन में भाजपा नेता आवैध रूप से रह रहे हैं। जिलाधिकारी ने एक माह के अंदर बंगले को खाली करने के निर्देश दिए हैं। अन्यथा कार्रवाई की चेतावनी दी है। वहीं दो अन्य बंगलों में रहने वालों के दिवंगत होने से सदर तहसील के तहसीलदार को वारिसों को चिह्निकरण के निर्देश दिए गए हैं ताकि उन्हें भी नोटिस जारी कर बंगले को खाली कराया जा सके।
तीनों बंगले सरकारी अधिकारियों के रहने के लिए बने थे। इस पर अवैध रूप से कुछ लोग काबिज है। ऐसे लोगों को नोटिस जारी कर बंगला खाली करने का निर्देश दिया गया है। निर्धारित समय में बंगला खाली नहीं करने पर कार्रवाई की जाएगी। - राजेश कुमार, डीएम
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शहर के रैदोपुर में आजादी से पहले के तीन बंगले स्थिति हैं। इसमें एक बंगले में भाजपा नेता जनार्दन सिंह गौतम, एक में पूर्व मंत्री स्व. दलसिंगार यादव और एक बंगले में सेवानिवृत्त एसडीएम स्व. रामधीन राम का परिवार रहता है। जनार्दन सिंह गौतम को जारी नोटिस में बताया गया है कि बंगले के भूखंड को 22 फरवरी 1927 में राय साहब साहू दीनदयाल निवासी देवगांव और सेक्रेटरी आफ स्टेट फार इंडियन कौंसिंल के मध्य अनुबंध पट्टा किया गया था। विलेख के अनुसार पट्टेदार बंगले का निर्माण कर सरकारी अधिकारियों के आवास के लिए मकान उपलब्ध कराएगा। बची भूमि में एक एकड़ पर बाग लगाकर पट्टेदार फल-फूल उगा सकता है। जनार्दन सिंह की मां श्यामा सिंह पत्नी बुझारत सिंह की ओर से वर्ष 1999 में आराजी नंबर 1041 (900 कड़ी) को फ्री होल्ड करने के लिए आवेदन किया गया था। आवेदन पत्र को तत्कालीन डीएम ने छह सितंबर 1999 को निरस्त कर दिया गया था। भूखंड संख्या 1041 के संबंध में राय साहब दीनदयाल साहू के पक्ष में पट्टा 30-30 साल के नवीनीकरण के शर्त पर 90 साल के लिए हुआ था। उन्होंने इसका नवीनीकरण नहीं कराया। इस बीच गोलमाल कर इसका पट्टा किसी और के नाम कर इस बंगले को भाजपा नेता की मां के नाम बेच दिया गया। इस बंगले का करारनामा राय साहब साहू दीनदयाल से था। इस भवन को कोई खरीद नहीं सकता है। इस भवन में भाजपा नेता आवैध रूप से रह रहे हैं। जिलाधिकारी ने एक माह के अंदर बंगले को खाली करने के निर्देश दिए हैं। अन्यथा कार्रवाई की चेतावनी दी है। वहीं दो अन्य बंगलों में रहने वालों के दिवंगत होने से सदर तहसील के तहसीलदार को वारिसों को चिह्निकरण के निर्देश दिए गए हैं ताकि उन्हें भी नोटिस जारी कर बंगले को खाली कराया जा सके।
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तीनों बंगले सरकारी अधिकारियों के रहने के लिए बने थे। इस पर अवैध रूप से कुछ लोग काबिज है। ऐसे लोगों को नोटिस जारी कर बंगला खाली करने का निर्देश दिया गया है। निर्धारित समय में बंगला खाली नहीं करने पर कार्रवाई की जाएगी। - राजेश कुमार, डीएम
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