ग्राम समाज की जमीन पर शव दफनाने पर भिड़ंत
मिर्जापुर ब्लाक के शेखपूरवा गौसपुर गांव निवासी इसिमदार (55) की मौत हो गई। शनिवार की सुबह परिवार के लोग उनकी लाश लेकर एक जगह पहुंचे और कब्र खोदने लगे। तभी ग्राम प्रधान श्रीनाथ प्रसाद पहुंचे और शव यहां न दफनाने की बात कहते हुए काम रोकवा दिया। उनका कहना था कि शव कब्रिस्तान की बजाय ग्राम समाज की जमीन में दफनाया जा रहा है। दोनों जमीनें आपस में सटी हैं।
इसिमदार को दफनाने आए लोगों का कहना था कि यह कब्रिस्तान की जमीन है। दोनों पक्षों में हुई तकरार बढ़ने लगी। घटना की जानकारी मिलने पर दोपहर को तहसीलदार निजामाबाद रत्नेश तिवारी और एसओ विवेक यादव पहुंचे। दोनों पक्षों की दलीलें और अभिलेखों का परीक्षण करने के बाद तहसीलदार ने यह फैसला सुनाया कि यह कब्र खोद दी गई है। इसलिए शव दफनाने दिया जाए। इसके बाद इस जमीन में कोई भी लाश नहीं दफनाई जाएगी।
तहसीलदार ने लेखपाल और कानूनगो को पैमाइश करवाकर कब्रिस्तान और ग्राम समाज की जमीन को अलग करने को कहा। इस निर्णय पर दोनों पक्ष के लोग राजी हो गए। बता दें कि मिर्जापुर का शेखपूरवा गौसपुर गांव घनी आबादी गांव वालों की सूची में शामिल है।