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मदद की बजाय गायब कर दिए रुपये और मोबाइल
Updated Wed, 21 Jun 2017 11:47 PM IST
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बिंद्राबाजार (आजमगढ़)। गंभीरपुर थाना क्षेत्र के रोहुआ मोड़ के समीप बुधवार की शाम अनियंत्रित ट्रक की टक्कर से ऑटो सवार महिला और दो बेटियों की मौत और पांच लोगों के घायल होने के बाद मदद करने वालों की भीड़ जुट गई। इस दौरान लोग घायलों को अस्पताल पहुंचाने की तैयारी कर रहे थे। वहीं, कोई उसके 25 हजार रुपये और मोबाइल आदि पर हाथ साफ कर दिया। जो रुपये महिला ईद मनाने के लिए मायके से मांगकर ले जा रही थी। रुपये और मोबाइल गायब होने की घटना की हर तरफ निंदा की जा रही है। वहीं, पुलिस इस प्रकार का कृत्य करने वाले की पहचान करने में जुटी हुई है।
बरदह थाना क्षेत्र के छत्तरपुर गांव निवासी शमशाद मुंबई में रहकर नौकरी करता है। घर पर उसकी पत्नी रुमाना (31) अपने चार बेटी, दो बेटा, देवर और सास के साथ घर रह रही थी। ईद का त्यौहार मनाने के लिए शमशाद ने अपनी ससुराल गंभीरपुर थाना क्षेत्र के मकदूमपुर गांव में रुपये भेजे थे। बुधवार को रुमाना अपनी तीन बेटी और सास को लेकर मायके गई थी। वहां से 25 हजार रुपये लेकर घर लौट रही थी। रुमाना इन रुपयों से ईद के लिए बच्चों को कपड़ा आदि खरीदना था। घर पर बच्चे भी खुश थे कि उन्हें नया कपड़ा खरीदा जाएगा। रुमाना मायके से रुपये लेकर तीन बेटी और सास के साथ ऑटो रिक्शा में बैठकर घर लौट रही थी। रास्ते में रोहुआ मोड़ के पास हादसे की शिकार हो गई। रुमाना और उसकी बेटी राबिया और साबिया की मौत हो गई। घटना के बाद मदद करने के लिए मौके पर भीड़ जुट गई। इस दौरान लोग जहां घायलों की मदद कर रहे थे। वहीं कोई रुमाना का 25 हजार रुपया और मोबाइल आदि चुरा लिया। इसकी जानकारी लोगों को तब हुई जब उसके घर वाले मौके पर पहुंचे और पुलिस को यह बात बताया। पुलिस उसकी पहचान करने में जुटी है जो रुपये, मोबाइल आदि गायब किया है।
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बरदह थाना क्षेत्र के छत्तरपुर गांव निवासी शमशाद मुंबई में रहकर नौकरी करता है। घर पर उसकी पत्नी रुमाना (31) अपने चार बेटी, दो बेटा, देवर और सास के साथ घर रह रही थी। ईद का त्यौहार मनाने के लिए शमशाद ने अपनी ससुराल गंभीरपुर थाना क्षेत्र के मकदूमपुर गांव में रुपये भेजे थे। बुधवार को रुमाना अपनी तीन बेटी और सास को लेकर मायके गई थी। वहां से 25 हजार रुपये लेकर घर लौट रही थी। रुमाना इन रुपयों से ईद के लिए बच्चों को कपड़ा आदि खरीदना था। घर पर बच्चे भी खुश थे कि उन्हें नया कपड़ा खरीदा जाएगा। रुमाना मायके से रुपये लेकर तीन बेटी और सास के साथ ऑटो रिक्शा में बैठकर घर लौट रही थी। रास्ते में रोहुआ मोड़ के पास हादसे की शिकार हो गई। रुमाना और उसकी बेटी राबिया और साबिया की मौत हो गई। घटना के बाद मदद करने के लिए मौके पर भीड़ जुट गई। इस दौरान लोग जहां घायलों की मदद कर रहे थे। वहीं कोई रुमाना का 25 हजार रुपया और मोबाइल आदि चुरा लिया। इसकी जानकारी लोगों को तब हुई जब उसके घर वाले मौके पर पहुंचे और पुलिस को यह बात बताया। पुलिस उसकी पहचान करने में जुटी है जो रुपये, मोबाइल आदि गायब किया है।
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