{"_id":"5b391e9f4f1c1b315d8b8370","slug":"131530470047-azamgarh-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"व्यक्तिगत रुचि लेकर बनवाएं शौचालय, नहीं तो होगी कार्रवाई","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
व्यक्तिगत रुचि लेकर बनवाएं शौचालय, नहीं तो होगी कार्रवाई
Updated Mon, 02 Jul 2018 12:04 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आजमगढ़। शासन की ओर से नगरीय और ग्रामीण क्षेत्रों को दो अक्तूबर तक ओडीएफ कराने का लक्ष्य रखा गया है। नगरीय क्षेत्रों में 10650 शौचालय बनवाने का लक्ष्य रखा गया था। इसमें 3913 शौचालय अभी भी निर्माणाधीन हैं। 1034 शौचालयों की निर्माण अभी शुरू नहीं हुआ है। इस तरीके से अभी 62.79 फीसदी वार्डों को ही ओडीएफ कराया जा सका है। सभी ईओ और परियोजना प्रबंधक स्वच्छ भारत मिशन को व्यक्तिगत रुचि लेकर बचे वार्डों को ओडीएफ कराने और शौचालयों का निर्माण पूरा कराने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही वेतन रोकने और कार्रवाई के लिए शासन को लिखने की चेतावनी भी दी गई है।
नगरीय निकायों में 10650 शौचालय बनवाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया था। अभी तक 3913 शौचालय निर्माणाधीन पड़े हुए हैं। 1034 शौचालयों की निर्माण अभी शुरू नहीं हुआ है। कई बार इस बारे में संबंधित ईओ को सचेत किया गया, इसके बाद भी शौचालयों का निर्माण अभी पूरा नहीं हुआ है। इसके साथ ही अभी तक जनपद के कुल 172 वार्डों में 108 को ही ओडीएफ कराया जा सका है। शासन की ओर से जनपद को ओडीएफ कराने के लिए घोषित दो अक्तूबर की घोषित तिथि नजदीक आ रही है। शनिवार को विडियो कांफ्रेंसिंग में भी अपर मुख्य सचिव ने जनपद को जल्द से जल्द ओडीएफ कराने के निर्देश दिए थे। जिलाधिकारी ने सभी ईओ और सभी ईओ और परियोजना प्रबंधक स्वच्छ भारत मिशन को व्यक्तिगत रुचि लेकर बचे वार्डों को ओडीएफ कराने और शौचालयों का निर्माण पूरा कराने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही वेतन रोकने और कार्रवाई के लिए शासन को लिखने की चेतावनी भी दी गई है। इसके साथ ही नगरीय क्षेत्र में 480 सीट के सामुदायकि, 105 सीट के सार्वजनिक, 65 सीट के पिंक शौचालय बनवाने का भी लक्ष्य है। इसमें निकायों की ओर से अभी तक कितने सीट का निर्माण करा दिया गया है इसके बारे में निकायों की ओर से कोएई सूचना नहीं दी जा रही है। जिलाधिकारी शिवाकांत द्विेवेदी शीघ्र ही वास्तु स्थिति से अवगत नहीं कराने पर वेतन रोकने की चेतावनी दी गई है।
विज्ञापन
नगरीय निकायों में 10650 शौचालय बनवाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया था। अभी तक 3913 शौचालय निर्माणाधीन पड़े हुए हैं। 1034 शौचालयों की निर्माण अभी शुरू नहीं हुआ है। कई बार इस बारे में संबंधित ईओ को सचेत किया गया, इसके बाद भी शौचालयों का निर्माण अभी पूरा नहीं हुआ है। इसके साथ ही अभी तक जनपद के कुल 172 वार्डों में 108 को ही ओडीएफ कराया जा सका है। शासन की ओर से जनपद को ओडीएफ कराने के लिए घोषित दो अक्तूबर की घोषित तिथि नजदीक आ रही है। शनिवार को विडियो कांफ्रेंसिंग में भी अपर मुख्य सचिव ने जनपद को जल्द से जल्द ओडीएफ कराने के निर्देश दिए थे। जिलाधिकारी ने सभी ईओ और सभी ईओ और परियोजना प्रबंधक स्वच्छ भारत मिशन को व्यक्तिगत रुचि लेकर बचे वार्डों को ओडीएफ कराने और शौचालयों का निर्माण पूरा कराने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही वेतन रोकने और कार्रवाई के लिए शासन को लिखने की चेतावनी भी दी गई है। इसके साथ ही नगरीय क्षेत्र में 480 सीट के सामुदायकि, 105 सीट के सार्वजनिक, 65 सीट के पिंक शौचालय बनवाने का भी लक्ष्य है। इसमें निकायों की ओर से अभी तक कितने सीट का निर्माण करा दिया गया है इसके बारे में निकायों की ओर से कोएई सूचना नहीं दी जा रही है। जिलाधिकारी शिवाकांत द्विेवेदी शीघ्र ही वास्तु स्थिति से अवगत नहीं कराने पर वेतन रोकने की चेतावनी दी गई है।
विज्ञापन