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Auraiya News: जवान का पार्थिव शरीर पहुंचा घर, उमड़ा जनसैलाब
Wed, 10 Sep 2025 11:22 PM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, औरैया
संवाद न्यूज एजेंसी, औरैया
Updated Wed, 10 Sep 2025 11:22 PM IST
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फोटो-10 एयूआरपी 34 शहीद को श्रद्धांजलि देते डीएम। संवाद
कंचौसी। लद्दाख के सियाचिन में बर्फ के नीचे दबकर बलिदान हुए सैनिक मोहित कुमार का पार्थिव शरीर बुधवार को गांव पहुंचा। जहां पर श्रद्धांजलि देने को भारी भीड़ उमड़ी। पैतृक गांव में सैन्य सम्मान के साथ अंतिम विदाई दी गई। अंतिम संस्कार में डीएम डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी, एसपी अभिजित आर शंकर, आर्मी के कर्नल मैश कृष्णा समेत जनप्रतिनिधि भी शामिल हुए।
जमौली निवासी मोहित कुमार (25) पुत्र सुभाष चंद्र वर्ष 2019 में भारतीय सेना में भर्ती हुए थे। वह लद्दाख के बटालिक सेक्टर में तैनात थे। सियाचिन में डयूटी के दौरान उनके ऊपर बर्फ की ढांग गिर गई। इसके नीचे वह दब गए। वहां तैनात अन्य जवानों ने किसी तरह से उन्हें बाहर निकाला और आर्मी हॉस्पिटल में भर्ती कराया। वहां उपचार के दौरान सैनिक मोहित कुमार की मौत हो गई। मोहित के बलिदानी होने की सूचना पाकर परिजनों में कोहराम मच गया। बुधवार को सेना के जवान फूल मालाओं से सजी गाड़ी में मोहित कुमार के पार्थिव शरीर को लेकर उसके पैतृक गांव जमौली पहुंचे। यहां उनके घर क्षेत्रवासियों का भारी जनसमूह जमा हो गया।
इस दौरान पिता सुभाष चंद्र, मां, ज्ञानवती भाई व परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था। परिजन उन्हें हिम्मत बंधा रहे थे। इसके बाद मोहित की शवयात्रा पूरे गांव की परिक्रमा करने के पश्चात अंत्येष्टि स्थल पहुंची। वहां पर सैनिक सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया। पिता ने मुखाग्नि दी। शवयात्रा में डीएम डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी, एसपी अभिजित आर शंकर, आर्मी के कर्नल मैश कृष्णा उन्नी, विधायक प्रदीप यादव, भाजपा जिलाध्यक्ष सर्वेश कठेरिया, नगर पंचायत कंचौसी अध्यक्ष राजेंद्र सिंह राजू आदि शामिल रहे।
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जमौली निवासी मोहित कुमार (25) पुत्र सुभाष चंद्र वर्ष 2019 में भारतीय सेना में भर्ती हुए थे। वह लद्दाख के बटालिक सेक्टर में तैनात थे। सियाचिन में डयूटी के दौरान उनके ऊपर बर्फ की ढांग गिर गई। इसके नीचे वह दब गए। वहां तैनात अन्य जवानों ने किसी तरह से उन्हें बाहर निकाला और आर्मी हॉस्पिटल में भर्ती कराया। वहां उपचार के दौरान सैनिक मोहित कुमार की मौत हो गई। मोहित के बलिदानी होने की सूचना पाकर परिजनों में कोहराम मच गया। बुधवार को सेना के जवान फूल मालाओं से सजी गाड़ी में मोहित कुमार के पार्थिव शरीर को लेकर उसके पैतृक गांव जमौली पहुंचे। यहां उनके घर क्षेत्रवासियों का भारी जनसमूह जमा हो गया।
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इस दौरान पिता सुभाष चंद्र, मां, ज्ञानवती भाई व परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था। परिजन उन्हें हिम्मत बंधा रहे थे। इसके बाद मोहित की शवयात्रा पूरे गांव की परिक्रमा करने के पश्चात अंत्येष्टि स्थल पहुंची। वहां पर सैनिक सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया। पिता ने मुखाग्नि दी। शवयात्रा में डीएम डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी, एसपी अभिजित आर शंकर, आर्मी के कर्नल मैश कृष्णा उन्नी, विधायक प्रदीप यादव, भाजपा जिलाध्यक्ष सर्वेश कठेरिया, नगर पंचायत कंचौसी अध्यक्ष राजेंद्र सिंह राजू आदि शामिल रहे।

फोटो-10 एयूआरपी 34 शहीद को श्रद्धांजलि देते डीएम। संवाद
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