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प्राण घातक हमले के दोषी दो भाईयों को पांच वर्ष की कैद
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औरैया। अपर सत्र न्यायाधीश पीएन श्रीवास्तव ने कोतवाली क्षेत्र के ग्राम क्योटरा में 16 वर्ष पूर्व लाइसेंसी बंदूक से फायर कर एक व्यक्ति को घायल करने व गाय की मौत के लिए दोषी दो भाई सुरेंद्र उर्फ बनर्जी व सुरेंद्र उर्फ चटर्जी को पांच वर्ष कारावास व आठ हजार रुपये अर्थदंड की सजा से दंडित किया है।
मामले में अभियोजन की ओर से पैरवी कर रहे अपर जिला शासकीय अधिवक्ता रमेश चंद्र मिश्रा व चंद्रभूषण तिवारी ने बताया कि वादी हरीशंकर पुत्र लाल जी दुबे निवासी क्योटरा ने थाना औरैया में रिपोर्ट लिखाई थी कि तीन अगस्त 2006 की शाम छह बजे वह अपने बच्चे को लेकर दूसरे घर जा रहा था। तभी सुरेंद्र उर्फ चटर्जी व सुरेंद्र उर्फ बनर्जी अपनी लाइसेंसी दोनाली बंदूक लेकर गाली देेते हुए ललकारने लगे। उनके परिवार का अभिषेक भी गाली देते हुए घेरने लगा। वादी जान बचा कर भागा तो बनर्जी ने अपनी दोनाली बंदूक से व उसके भाई ने कट्टे से फायर कर दिया।
एक गोली वादी के लड़के सिनोद उर्फ दद्दू को लगी व एक गोली वादी के गाय को लगी जो कि घटना स्थल पर ही मर गई। मामले में पुलिस ने विवेचना कर दोनों भाई बनर्जी व चटर्जी के विरूद्ध आरोप पत्र कोर्ट में दाखिल किया। 16 वर्ष पुराने इस मामले का निर्णय एडीजे पीएन श्रीवास्तव की कोर्ट में मंगलवार को हुआ। दोनों पक्षों को सुनने के बाद एडीजे पीएन श्रीवास्तव ने आरोपी भाइयों को पांच वर्ष कारावास व आठ हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। अर्थदंड अदा न करने पर तीन माह का अतिरिक्त साधारण कारावास की सजा भुगतनी पड़ेगी। सजा पाए दोनों अभियुक्तों को जिला कारागार इटावा भेज दिया गया।
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मामले में अभियोजन की ओर से पैरवी कर रहे अपर जिला शासकीय अधिवक्ता रमेश चंद्र मिश्रा व चंद्रभूषण तिवारी ने बताया कि वादी हरीशंकर पुत्र लाल जी दुबे निवासी क्योटरा ने थाना औरैया में रिपोर्ट लिखाई थी कि तीन अगस्त 2006 की शाम छह बजे वह अपने बच्चे को लेकर दूसरे घर जा रहा था। तभी सुरेंद्र उर्फ चटर्जी व सुरेंद्र उर्फ बनर्जी अपनी लाइसेंसी दोनाली बंदूक लेकर गाली देेते हुए ललकारने लगे। उनके परिवार का अभिषेक भी गाली देते हुए घेरने लगा। वादी जान बचा कर भागा तो बनर्जी ने अपनी दोनाली बंदूक से व उसके भाई ने कट्टे से फायर कर दिया।
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एक गोली वादी के लड़के सिनोद उर्फ दद्दू को लगी व एक गोली वादी के गाय को लगी जो कि घटना स्थल पर ही मर गई। मामले में पुलिस ने विवेचना कर दोनों भाई बनर्जी व चटर्जी के विरूद्ध आरोप पत्र कोर्ट में दाखिल किया। 16 वर्ष पुराने इस मामले का निर्णय एडीजे पीएन श्रीवास्तव की कोर्ट में मंगलवार को हुआ। दोनों पक्षों को सुनने के बाद एडीजे पीएन श्रीवास्तव ने आरोपी भाइयों को पांच वर्ष कारावास व आठ हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। अर्थदंड अदा न करने पर तीन माह का अतिरिक्त साधारण कारावास की सजा भुगतनी पड़ेगी। सजा पाए दोनों अभियुक्तों को जिला कारागार इटावा भेज दिया गया।
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