फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Auraiya News ›   bread crisis in township

बस्ती के कई परिवारों में रोटी का संकट

Thu, 28 Jul 2016 12:07 AM IST
Auraiya, Uttar pradesh, India
Auraiya, Uttar pradesh, India Updated Thu, 28 Jul 2016 12:07 AM IST
विज्ञापन
bread crisis in township
अपनी पत्नी के साथ पीड़ा बयां करता सरमन। - फोटो : अमर उजाला
पछैंया बस्ती के लोगोें ने शराब का धंधा छोड़ दिया तो कई परिवारों को अब दो जून की रोटी के भी लाले पड़ गए हैं। बस्ती के लोग अब प्रशासन से फौरी तौर पर मदद की मांग कर रहे हैं। जिससे उनके घर के चूल्हे जल सकें। प्रशासन ने राशनकार्ड के लिए लोगों के नाम दर्ज तो कर लिए लेकिन उनके लिए खाद्यान्न की अब तक व्यवस्था नहीं कराई। इससे बस्ती के लोगों में आक्रोश पनप रहा है।  
विज्ञापन


पछैंया बस्ती में पिछले चार दिन अवैध शराब निर्माण पूरी तरह से बंद है। महिलाओं और युवाओं ने पियक्कड़ों को भी भगा दिया। बस्ती में कई परिवार ऐसे हैं जिनके चूल्हे शराब बिकने पर ही जलते थे। अब स्थिति यह है कि कई घरों में दो जून के रोटी के भी लाले पड़ गए हैं। प्रशासन ने उन्हें बेहतर जिंदगी के सपने तो दिखाए मगर फौरी तौर पर कोई सहायता नही दी। बस्ती निवासी लक्ष्मण सिंह ने बताया कि कई घरों के बच्चे तो कई दिनों से भूखे पेट ही सो रहे हैं। आस पड़ोस के लोग कुछ खाने को दे देते हैं। इसके अलावा उनके पास जीविका का कोई साधन नहीं है।
विज्ञापन


सरमन ने बताया कि उनके तीन बच्चे हैं। सालों से वह भी शराब के कारोबार में था। आज जब इस कारोबार से तौबा कर ली है तो उनके पास पेट की आग बुझाने को एक तिनका भी नहीं है। ऐसे में अब वह क्या खुद खाएं और क्या बच्चों को खिलाएं। यहां तक की उनके पास रहने के लिए भी कोई पक्का आवास नहीं है। बरसात के बीच पालिथीन के सहारे झोपड़ी में रहने को मजबूर हैं। उन्होंने कहा कि हमने तो शराब निर्माण को बंद करने का फैसला कर लिया है। अब जिला प्रशासन उनकी रोजी रोटी की भी व्यवस्था करे। बनारसीदास वार्ड की सभासद कमला देवी ने जिला प्रशासन से गरीबी की हालत मेें रह रहे पछैंया बस्ती के लोगों की समस्याओं को दूर करने की दिशा में ठोस कदम उठाने की मांग की है।
विज्ञापन
विज्ञापन


पछैंया बस्ती के गरीब परिवारों के लिए तुरंत खाद्यान्न की व्यवस्था की जा रही है। किसी भी तरह से उनकी जीविका का संकट नही होने दिया जाएगा। जल्द ही फाइल बनवाकर सबको नया काम भी दिलाया जाएगा।

माला श्रीवास्तव, डीएम

डीएम के निर्देश पर तुरंत बस्ती में टीम भेजकर लोगों के फार्म भरवाकर पूर्ति विभाग से खाद्यान्न उपलब्ध कराने की व्यवस्था कराई जा रही है। किसी को दिक्कत नही होने दी जाएगी।
राजेंद्र कुमार, एसडीएम
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed