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Auraiya News: अपहरण के मामले में बाल अपचारी को जमानत
Fri, 18 Sep 2026 12:27 AM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, औरैया
संवाद न्यूज एजेंसी, औरैया
Updated Fri, 18 Sep 2026 12:27 AM IST
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औरैया। बाल न्यायालय से बाल अपचारी के पक्ष में एक बड़ा फैसला आया है। पीठासीन अधिकारी अखिलेश्वर प्रसाद मिश्र की अदालत ने किशोर न्याय बोर्ड की ओर से 30 जून को पारित किए गए उस आदेश को निरस्त कर दिया है, जिसमें बाल अपचारी का जमानत प्रार्थनापत्र खारिज कर दिया गया था। न्यायालय ने 50 हजार रुपये व्यक्तिगत बंधपत्र और इतनी ही राशि के दो जमानती पेश करने पर रिहा करने का आदेश दिया है।
अजीतमल कोतवाली क्षेत्र के एक गांव निवासी ग्रामीण ने 15 वर्षीय बेटी को ले जाने के आरोप में कुछ लोगों पर मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस जांच में एक बाल अपचारी का नाम प्रकाश में आया। बाल अपचारी पांच जून 2026 से राजकीय संप्रेक्षण गृह फतेहगढ़ फर्रुखाबाद में निरुद्ध था। न्यायालय ने अपने निर्णय में स्पष्ट किया कि किशोर न्याय बोर्ड द्वारा यह तर्क देना कि जमानत मिलने पर बाल अपचारी का नैतिक और मनोवैज्ञानिक पतन हो जाएगा, पूरी तरह से कल्पना पर आधारित था।
जिला प्रोबेशन अधिकारी स्थित बाल संरक्षण इकाई, पटना की रिपोर्ट में किशोर का चरित्र अच्छा और मानसिक सुधार की संभावना जताई गई थी, जिसे अदालत ने संज्ञान में लिया। इसके बाद उसे रिहा करने का आदेश दिया।
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अजीतमल कोतवाली क्षेत्र के एक गांव निवासी ग्रामीण ने 15 वर्षीय बेटी को ले जाने के आरोप में कुछ लोगों पर मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस जांच में एक बाल अपचारी का नाम प्रकाश में आया। बाल अपचारी पांच जून 2026 से राजकीय संप्रेक्षण गृह फतेहगढ़ फर्रुखाबाद में निरुद्ध था। न्यायालय ने अपने निर्णय में स्पष्ट किया कि किशोर न्याय बोर्ड द्वारा यह तर्क देना कि जमानत मिलने पर बाल अपचारी का नैतिक और मनोवैज्ञानिक पतन हो जाएगा, पूरी तरह से कल्पना पर आधारित था।
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जिला प्रोबेशन अधिकारी स्थित बाल संरक्षण इकाई, पटना की रिपोर्ट में किशोर का चरित्र अच्छा और मानसिक सुधार की संभावना जताई गई थी, जिसे अदालत ने संज्ञान में लिया। इसके बाद उसे रिहा करने का आदेश दिया।
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