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Amroha News: पॉक्सो एक्ट व सपोर्ट पर्सन पर कार्यशाला, बाल सुरक्षा और त्वरित न्याय पर जोर

Moradabad  Bureau मुरादाबाद ब्यूरो
Updated Wed, 22 Apr 2026 01:12 AM IST
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Workshop on POCSO Act and support person, emphasis on child protection and speedy justice
अमरोहा। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वावधान में जनपद न्यायालय परिसर में मंगलवार को पॉक्सो एक्ट एवं सपोर्ट पर्सन विषय पर एक विस्तृत जागरूकता कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों के विरुद्ध होने वाले अपराधों की रोकथाम, पीड़ितों को त्वरित न्याय दिलाना और न्यायिक प्रक्रिया के दौरान उन्हें समुचित सहयोग प्रदान करने के प्रति जागरूक करना रहा।
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कार्यशाला की शुरुआत जनपद न्यायाधीश एवं प्राधिकरण के अध्यक्ष विवेक द्वारा दीप प्रज्वलन के साथ की। उन्होंने कहा कि पॉक्सो अधिनियम बच्चों को यौन अपराधों से सुरक्षा देने वाला एक मजबूत और संवेदनशील कानून है। ऐसे मामलों में त्वरित सुनवाई, पीड़ित की पहचान की गोपनीयता और उसकी गरिमा की रक्षा सर्वोपरि है। उन्होंने संबंधित विभागों को समन्वय के साथ कार्य करने और पीड़ित बच्चों के हितों को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। उन्होंने यह भी कहा कि समाज में जागरूकता बढ़ाना अत्यंत आवश्यक है, ताकि ऐसे अपराधों की समय रहते जानकारी मिल सके और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित हो। न्यायपालिका, पुलिस, प्रशासन, चिकित्सा विभाग और समाजसेवी संस्थाओं के सामूहिक प्रयास से ही इन अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण संभव है। कार्यक्रम की मुख्य वक्ता अपर जिला जज हेमलता त्यागी ने पॉक्सो अधिनियम के कानूनी प्रावधानों, न्यायालयीन प्रक्रिया, साक्ष्य संकलन और बाल पीड़ितों के अधिकारों पर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने सपोर्ट पर्सन की भूमिका पर प्रकाश डालते हुए बताया कि वह पीड़ित बच्चों को न्यायिक प्रक्रिया के हर चरण में भावनात्मक, सामाजिक और व्यवहारिक सहयोग प्रदान करते हैं, जिससे बच्चा बिना भय के अपनी बात रख सके। अपर जिला जज अरविंद कुमार शुक्ला ने कहा कि पॉक्सो मामलों में संवेदनशील दृष्टिकोण अपनाना समय की आवश्यकता है और हर अधिकारी को बाल अधिकारों के प्रति सजग रहना चाहिए। कार्यशाला में न्यायिक अधिकारी, अधिवक्ता, पुलिस विभाग के अधिकारी, बाल कल्याण समिति के सदस्य, महिला कल्याण विभाग के प्रतिनिधि और पराविधिक स्वयंसेवक मौजूद रहे।
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