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Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Amroha News ›   Villagers of the island and khadar are in panic due to the continuously rising water level in the Ganges

Amroha News: बाढ़ से फसलें बर्बाद, दुश्वारियां भी कम नहीं

Sat, 23 Aug 2025 02:58 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा Updated Sat, 23 Aug 2025 02:58 AM IST
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Villagers of the island and khadar are in panic due to the continuously rising water level in the Ganges
जोखिम उठा कर पशुओं के लिए चारा लाते किसान
गजरौला।
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पिछले दिनों से गंगा का जलस्तर भले ही स्थिर हो लेकिन लोगों की दुश्वारियां कम नहीं हुई है। खेतों में भरे बाढ़ के पानी से फसलें बर्बाद होने लगी है। उधर, बिजनौर बैराज से लगातार छोड़े जा रहे पानी से भी टापू और खादर के लोगों में दहशत का माहौल है। शुक्रवार सुबह भी बैराज से 1,28,822 क्यूसेक तो शाम चार बजे 1.25 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया।
बाढ़ खंड विभाग ने शुक्रवार सुबह गंगा का जलस्तर 200.70 मीटर दर्ज किया। उन्होंने बताया कि कई दिन से जलस्तर 200.70 मीटर पर स्थिर है। उधर, भले ही पिछले दिनों से गंगा के जलस्तर पर बढ़ोतरी न हुई हो लेकिन बाढ़ का पानी खेतों में भर है। पानी भर जाने के कारण ओसीता जगदेवपुर के ग्रामीण करीब 15 दिन से अपने खेतों में नहीं जा रहे। वह अन्य गांव के खेतों से चारा ला रहे हैं। गंगा पार चरागाह स्थल पर पानी भर जाने के कारण तिगरी, शाहपुर उर्फ साहबपुर के ग्रामीण गंगा तट बांध किनारे या आर्मी के मैदान में पशुओं को चरा रहे हैं। बढ़ते जल स्तर के कारण दारानगर, अलीनगर, मुरादपुर, पपसरा खादर, चकन वाला,कांकाठेर आदि गांव के ग्रामीण चितिंत है। बाढ़ खंड के अधिशासी अभियंता राजेश कुमार गंगवार का कहना है कि शाम को छोड़े गए पानी से जलस्तर दस सेंटीमीटर बढ़ सकता है।
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मंडी धनौरा में भी खतरा बरकरार
मंडी धनौरा। बिजनौर बैराज से पानी छोड़ने की सूचना मिलने पर खादर क्षेत्र के गांवों में फिर से बाढ़ का खतरा बरकरार है। बीते एक हफ्ते में बाढ़ का पानी आबादी से निकल गया था लेकिन अब उनको डर सता रहा है कि बाढ़ से उनकी दिक्कतें बढ़ जाएंगी।
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तहसील के खादर क्षेत्र के गांव पपसरी खादर, पहाड़पुर, मोहसनपुर, मुकारमपुर, सीपीया फार्म, शाहजहांपुर, पटटी खादर, रसूलपुर भांवर, विशावली, शीशोवाली, झुंडपुरा, इब्राहीमपुर आदि में साल दर साल बाढ़ आती है। इस साल भी इन गांवों में बाढ़ का पानी भर गया था। बीते एक हफ्ते में पानी उतर गया था लेकिन ग्रामीणों की दुश्वारियां कम होने का नाम नहीं ले रही हैं।

बृहस्पतिवार की रात को बिजनौर बैराज से छोड़े गए पानी की वजह से ग्रामीणों को बाढ़ की आशंका सताने लगी है। मुकारमपुर के पूर्व प्रधान गंगाशरण सिंह का कहना है कि पानी छोड़ने की सूचना मिली है। ऐसी स्थिति में बाढ़ का खतरा मंडरा रहा है। ग्रामीण अपनी जान जोखिम में डालकर पशुओं के लिए चारा ला रहे हैं।
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