{"_id":"58e549d24f1c1bd5655b4029","slug":"theka-khulne-ki-aphwah","type":"story","status":"publish","title_hn":"ठेका खुलने की अफवाह पर भीड़ ने फूंका सामान, हंगामा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
ठेका खुलने की अफवाह पर भीड़ ने फूंका सामान, हंगामा
अमराेहा/अमर उजाला ब्यूराे
Updated Thu, 06 Apr 2017 01:20 AM IST
विज्ञापन
हसनपुर के गांव देहरा मिलक में शराब की दुकान हटाने को प्रदर्शन करतीं महिलाएं।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
डिडौली कोतवाली क्षेत्र में चार दिन पूर्व बंद कराए गए शराब के बुधवार को कुछ दूर हटाकर खोले जाने की अफवाह फैल गई। जिससे ग्रामीण ठेके के विरोध में उधर को दौड़ पड़े। बंद पड़े ठेके के बाहर रखे तख्त को आग के हवाले कर दिया तथा गत्ते को जला डाला।
जंगल में किसान की भूसा रखने के लिए बनाई गई कोठरी को ढहा दिया। इस दौरान जमकर हंगामा हुआ। सूचना पर पहुंची यूपी-100 ने ग्रामीणों को यह आश्वासन दिया कि यहां पर ठेका नहीं खोला जाएगा, तब जाकर भीड़ शांत हुई।
क्षेत्र के ड्योढ़ी वाजिदपुर गांव में कैलसा मार्ग पर शराब का ठेका था। चार दिन पूर्व डिडौली कोतवाली पुलिस ने रास्ते के किनारे से ठेके को हटवा दिया। गांव निवासी किसान राजेंद्र की खेत में भूसा भरने के लिए कोठरी बनी हुई है। बुधवार की सुबह गांव में यह अफवाह फैल गई कि शराब का ठेका मार्ग से हटाकर खेतों में खोले जाने की तैयारी की जा रही है। जैसे ही यह अफवाह गांव में फैली, ग्रामीण उधर की तरफ दौड़ पड़े।
विज्ञापन
शराब की दुकान के विरोध में लोग इस कदर गुस्से में थे कि हाथों में लाठी डंडे ले रखे थे। सबसे पहले लोगों ने शराब के बंद पड़े ठेके के बाहर रखे तख्त को फूंक डाला। गत्ते को आग के हवाले कर दिया। शराब के ठेके के विरोध में कुछ भी कर गुजरने को तैयार महिलाओं के हाथ में लाठी डंडे थे। इसके बाद ग्रामीण इकट्ठा होकर जंगल में पहुंचे। यहां बनी राजेंद्र की कोठरी को ध्वस्त कर दिया। जमकर हंगामा होता रहा। सूचना पर यूपी-100 पहुंच गई। ग्रामीणों को समझाकर शांत किया। आश्वासन दिया कि यहां पर शराब का ठेका नहीं खुलने दिया जाएगा।
विज्ञापन
जंगल में किसान की भूसा रखने के लिए बनाई गई कोठरी को ढहा दिया। इस दौरान जमकर हंगामा हुआ। सूचना पर पहुंची यूपी-100 ने ग्रामीणों को यह आश्वासन दिया कि यहां पर ठेका नहीं खोला जाएगा, तब जाकर भीड़ शांत हुई।
विज्ञापन
क्षेत्र के ड्योढ़ी वाजिदपुर गांव में कैलसा मार्ग पर शराब का ठेका था। चार दिन पूर्व डिडौली कोतवाली पुलिस ने रास्ते के किनारे से ठेके को हटवा दिया। गांव निवासी किसान राजेंद्र की खेत में भूसा भरने के लिए कोठरी बनी हुई है। बुधवार की सुबह गांव में यह अफवाह फैल गई कि शराब का ठेका मार्ग से हटाकर खेतों में खोले जाने की तैयारी की जा रही है। जैसे ही यह अफवाह गांव में फैली, ग्रामीण उधर की तरफ दौड़ पड़े।
विज्ञापन
शराब की दुकान के विरोध में लोग इस कदर गुस्से में थे कि हाथों में लाठी डंडे ले रखे थे। सबसे पहले लोगों ने शराब के बंद पड़े ठेके के बाहर रखे तख्त को फूंक डाला। गत्ते को आग के हवाले कर दिया। शराब के ठेके के विरोध में कुछ भी कर गुजरने को तैयार महिलाओं के हाथ में लाठी डंडे थे। इसके बाद ग्रामीण इकट्ठा होकर जंगल में पहुंचे। यहां बनी राजेंद्र की कोठरी को ध्वस्त कर दिया। जमकर हंगामा होता रहा। सूचना पर यूपी-100 पहुंच गई। ग्रामीणों को समझाकर शांत किया। आश्वासन दिया कि यहां पर शराब का ठेका नहीं खुलने दिया जाएगा।