Amroha: सड़क हादसे में छात्र की मौत, पुलिस की गाड़ी में तोड़फोड़, 40 लोगो के खिलाफ केस दर्ज
निरीक्षक प्रेमपाल सिंह की तहरीर पर थाना पुलिस ने दस नामजद और 25-30 के खिलाफ आईपीसी की धारा 147,149,323, 504, 506,332,353, 341,427, आपराधिक कानून (संशोधन) अधिनियम 1932 और सार्वजनिक संपत्ति नुकसान निवारण अधिनियम 1984 के तहत मुकदमा दर्ज किया है।
विस्तार
दूध के कैंटर से इंटरमीडिएट के छात्र की मौत के बाद आक्रोशित भीड़ द्वारा पुलिस की गाड़ी व एंबुलेंस में तोड़फोड़ और हंगामा करने में भानपुर खालसा के दस नामजद और 25-30 अज्ञात लोग फंस गए हैं। पुलिस ने उनके खिलाफ एकराय होकर जबरन जाम लगाने, जाम खुलवाने के प्रयास पर धमकियां देने, राहगीरों से अभद्रता करने, सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने, सरकारी कार्य में बाधा डालने की रिपोर्ट दर्ज की है।
एफआईआर के मुताबिक, 14 अगस्त को दोपहर ढाई बजे दिल्ली-मुरादाबाद हाईवे के बराबर वाले मार्ग पर हाईवे रिसोर्ट के पास यूपी 23ए टी 1502 कैंटर के चालक ने तेजी एवं लापरवाही से चलाते हुए बाइक सवार 19 वर्षीय विकास पुत्र गजेंद्र को टक्कर मार दी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया था। मौके पर उसकी मौत हो गई। घटना की सूचना पाकर थाना प्रभारी राजेश कुमार तिवारी सरकारी गाड़ी यूपी-23जी 0348 से मय हमराही सिपाही अभिषेक कुमार, महेश कुमार और चालक विपिन कुमार के साथ मौके पर पहुंचे।
रिपोर्ट के अनुसार, तभी भानपुर खालसा निवासी नरेश उसके दो बेटे जानी, नोमिंद, विनोद, मनोज, अरुण, विवेक, मोहित, जितेंद्र, कपिल और 25-30 अज्ञात व्यक्ति घटना स्थल पर आ गए। सभी आक्रोशित थे। सरकारी एंबुलेंस 108 जल्द न आने का आरोप लगाते हुए हंगामा कर दिया। एंबुलेंस 108 के चालक अमित कुमार व ईएमटी अक्षय कुमार पर हमला कर दिया। एंबुलेंस में तोड़फोड़ की। मौके पर मौजूद पुलिस ने समझाने और बचाने की कोशिश की तो थाने की सरकारी गाड़ी का पिछला शीशा तोड़ दिया। बामुश्किल छात्र के शव को रखकर थाने की सरकारी गाड़ी चौपला पर आई थी।
पुलिस वाहन का मार्ग अवरुद्ध किया
आरोप है कि तभी उपरोक्त आरोपी चौपला पर आ गए। भीड़ में शामिल उपरोक्त लोगों ने सरकारी बैरियरों को खींच कर रोड पर लगाकर जाम लगा दिया। इसके कारण हसनपुर और चांदपुर बिजनौर की तरफ से आने वाले वाहन जाम में फंस गए। करीब 35-40 मिनट जाम की स्थिति बनी रही। इस बीच आने जाने वाले लोगों से भी अभद्रता की गई, जिससे लोगों में भय और असुरक्षा का माहौल पैदा हो गया। हसनपुर, रजबपुर, बछरायूं पुलिस और पीएसी के साथ मौके पर एएसपी चंद्र प्रकाश शुक्ल, सीओ अरुण कुमार सिंह, सीओ हसनपुर सतीश चंद्र पांडे मौके पर पहुंचे थे, जिनके द्वारा बामुश्किल जाम खुलवाया गया था।
उपरोक्त आरोपियों द्वारा एकराय होकर राष्ट्रीय राजमार्ग चौपला जबरन रोड जाम कर सरकारी कार्य में बाधा डाली गई। जाम खुलवाने का प्रयास करने वालों के साथ गाली गलौज कर धमकियां दी गई। राजकीय वाहन एवं संपत्ति को नुकसान पहुंचाया गया। घटना आस पास के सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गई। साथ ही वीडियोग्राफी की गई थी। आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए सरकारी एंबुलेंस 108 के अमित कुमार व अक्षय कुमार ने भी प्रार्थना पत्र दिया था।
नामजदों के खिलाफ दी जा रही दबिश
निरीक्षक प्रेमपाल सिंह की तहरीर पर थाना पुलिस ने दस नामजद और 25-30 के खिलाफ आईपीसी की धारा 147,149,323, 504, 506,332,353, 341,427, आपराधिक कानून (संशोधन) अधिनियम 1932 और सार्वजनिक संपत्ति नुकसान निवारण अधिनियम 1984 के तहत मुकदमा दर्ज किया है। थाना प्रभारी राजेश कुमार तिवारी का कहना है कि रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी को दबिश दी जा रही है। अज्ञात के चेहरे सीसीटीवी फुटेज में पहचान कर कार्रवाई की जाएगी।