{"_id":"6a25c313452fba092d0fbcab","slug":"seven-religious-sites-in-amroha-will-be-transformed-with-rs-2225-crore-to-be-spent-on-tourism-facilities-jpnagar-news-c-284-1-smbd1013-165476-2026-06-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"Amroha News: अमरोहा के सात धार्मिक स्थलों का बदलेगा स्वरूप, पर्यटन सुविधाओं पर खर्च होंगे 22.25 करोड़ रुपये","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Amroha News: अमरोहा के सात धार्मिक स्थलों का बदलेगा स्वरूप, पर्यटन सुविधाओं पर खर्च होंगे 22.25 करोड़ रुपये
विज्ञापन
अमरोहा। प्रदेश सरकार धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। इसी क्रम में अमरोहा जिले के सात प्रमुख धार्मिक स्थलों को पर्यटन सुविधाओं से सुसज्जित करने की तैयारी शुरू हो गई है। वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए जिला प्रशासन ने विधानसभा क्षेत्रवार सात धार्मिक स्थलों के विकास का प्रस्ताव तैयार कर पर्यटन विभाग को भेज दिया है। प्रस्तावों को मंजूरी मिलने और शासन से बजट जारी होने के बाद इन स्थलों का कायाकल्प किया जाएगा। इस योजना पर करीब 22.25 करोड़ रुपये खर्च किए जाने का प्रस्ताव है। सरकार का उद्देश्य धार्मिक स्थलों पर आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना है, जिससे धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा मिले और स्थानीय स्तर पर रोजगार तथा आर्थिक गतिविधियों में वृद्धि हो सके। इसी उद्देश्य से राज्य योजना के अंतर्गत पर्यटन विकास कार्यों को प्राथमिकता दी जा रही है।
-- -- -- -- -- -- -- -- -
सात धार्मिक स्थलों को विकास योजना में किया गया शामिल
वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए भेजे गए प्रस्तावों में नौगावां सादात विधानसभा क्षेत्र के वारसपुर कलां स्थित शिव मंदिर, गुरुकुल कन्या चोटीपुरा का वेद मंदिर, खजूरी गांव का बाबा बालक राम मंदिर तथा खंडसाल कलां स्थित गुरुद्वारा सिंह सभा गुरुनानक दरबार को शामिल किया गया है। इसके अलावा हसनपुर विधानसभा क्षेत्र के गांव ढबारसी के प्राचीन शिव मंदिर और गांव बिजनौरा के शिव मंदिर को भी योजना में स्थान मिला है। अमरोहा विधानसभा क्षेत्र के प्रमुख धार्मिक स्थल वासुदेव मंदिर को विशेष रूप से विकसित करने की योजना बनाई गई है। यहां आधुनिक लाइट एंड साउंड शो स्थापित किया जाएगा, जिससे मंदिर के ऐतिहासिक और धार्मिक महत्व को आकर्षक ढंग से प्रस्तुत किया जा सके।
-- -- -- -- -- -- -- -- -
पिछले वर्षों में भी मिली थी मंजूरी
पर्यटन विभाग की राज्य योजना के तहत वर्ष 2025-26 में जिले की तीन परियोजनाओं को 283.27 लाख रुपये की मंजूरी मिली थी। इनमें जकड़ी स्थित बाबा लालचंद्र मंदिर, रेहरा का प्रज्ञा बुद्ध बिहार तथा हसनपुर क्षेत्र का चामुंडा देवी मंदिर शामिल थे। वहीं, वर्ष 2024-25 में 139.80 लाख रुपये की दो परियोजनाओं को स्वीकृति मिली थी। इनमें हसनपुर के मोहल्ला होलीवाला स्थित शिवाला मंदिर परिसर तथा बहलोलपुर के प्राचीन शिव मंदिर परिसर का विकास कराया गया। इसके अलावा वर्ष 2023-24 में चार धार्मिक स्थलों के विकास के लिए 445.93 लाख रुपये स्वीकृत किए गए थे। इनमें फूलपुर बीझलपुर का शिव मंदिर, गजस्थल का शिव मंदिर मेला स्थल, वासुदेव मंदिर तथा पत्थरकुटी स्थित प्राचीन शिव मंदिर शामिल रहे।
विज्ञापन
-- -- -- -- -- -- -- -- -- --
पर्यटन बढ़ेगा, स्थानीय अर्थव्यवस्था को मिलेगा लाभ
धार्मिक स्थलों पर सड़क, प्रकाश व्यवस्था, सौंदर्यीकरण, पेयजल, विश्राम स्थल और अन्य पर्यटन सुविधाओं के विकास से श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी। प्रशासन का मानना है कि इन परियोजनाओं के पूरा होने से जिले में धार्मिक पर्यटन को नई पहचान मिलेगी और स्थानीय व्यापारियों, दुकानदारों व रोजगार से जुड़े लोगों को भी इसका सीधा लाभ मिलेगा। अब पर्यटन विभाग द्वारा प्रस्तावों की तकनीकी और वित्तीय समीक्षा के बाद अंतिम मंजूरी का इंतजार किया जा रहा है। मंजूरी मिलते ही जिले के इन धार्मिक स्थलों के विकास कार्य शुरू कर दिए जाएंगे।
विज्ञापन
सात धार्मिक स्थलों को विकास योजना में किया गया शामिल
वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए भेजे गए प्रस्तावों में नौगावां सादात विधानसभा क्षेत्र के वारसपुर कलां स्थित शिव मंदिर, गुरुकुल कन्या चोटीपुरा का वेद मंदिर, खजूरी गांव का बाबा बालक राम मंदिर तथा खंडसाल कलां स्थित गुरुद्वारा सिंह सभा गुरुनानक दरबार को शामिल किया गया है। इसके अलावा हसनपुर विधानसभा क्षेत्र के गांव ढबारसी के प्राचीन शिव मंदिर और गांव बिजनौरा के शिव मंदिर को भी योजना में स्थान मिला है। अमरोहा विधानसभा क्षेत्र के प्रमुख धार्मिक स्थल वासुदेव मंदिर को विशेष रूप से विकसित करने की योजना बनाई गई है। यहां आधुनिक लाइट एंड साउंड शो स्थापित किया जाएगा, जिससे मंदिर के ऐतिहासिक और धार्मिक महत्व को आकर्षक ढंग से प्रस्तुत किया जा सके।
विज्ञापन
पिछले वर्षों में भी मिली थी मंजूरी
पर्यटन विभाग की राज्य योजना के तहत वर्ष 2025-26 में जिले की तीन परियोजनाओं को 283.27 लाख रुपये की मंजूरी मिली थी। इनमें जकड़ी स्थित बाबा लालचंद्र मंदिर, रेहरा का प्रज्ञा बुद्ध बिहार तथा हसनपुर क्षेत्र का चामुंडा देवी मंदिर शामिल थे। वहीं, वर्ष 2024-25 में 139.80 लाख रुपये की दो परियोजनाओं को स्वीकृति मिली थी। इनमें हसनपुर के मोहल्ला होलीवाला स्थित शिवाला मंदिर परिसर तथा बहलोलपुर के प्राचीन शिव मंदिर परिसर का विकास कराया गया। इसके अलावा वर्ष 2023-24 में चार धार्मिक स्थलों के विकास के लिए 445.93 लाख रुपये स्वीकृत किए गए थे। इनमें फूलपुर बीझलपुर का शिव मंदिर, गजस्थल का शिव मंदिर मेला स्थल, वासुदेव मंदिर तथा पत्थरकुटी स्थित प्राचीन शिव मंदिर शामिल रहे।
विज्ञापन
पर्यटन बढ़ेगा, स्थानीय अर्थव्यवस्था को मिलेगा लाभ
धार्मिक स्थलों पर सड़क, प्रकाश व्यवस्था, सौंदर्यीकरण, पेयजल, विश्राम स्थल और अन्य पर्यटन सुविधाओं के विकास से श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी। प्रशासन का मानना है कि इन परियोजनाओं के पूरा होने से जिले में धार्मिक पर्यटन को नई पहचान मिलेगी और स्थानीय व्यापारियों, दुकानदारों व रोजगार से जुड़े लोगों को भी इसका सीधा लाभ मिलेगा। अब पर्यटन विभाग द्वारा प्रस्तावों की तकनीकी और वित्तीय समीक्षा के बाद अंतिम मंजूरी का इंतजार किया जा रहा है। मंजूरी मिलते ही जिले के इन धार्मिक स्थलों के विकास कार्य शुरू कर दिए जाएंगे।