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Amroha News: किशोरी को ले जाने में हरदोई युवक को चार साल की सजा
Sun, 07 Jun 2026 01:46 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
Updated Sun, 07 Jun 2026 01:46 AM IST
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अमरोहा। किशोरी को बहलाकर ले जाने के मामले में न्यायालय ने हरदोई निवासी दोषी चार साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही उस पर 10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। फिलहाल दोषी जमानत पर जेल से बाहर था।
मामला नौगावां सादात थाना क्षेत्र के एक गांव का है। यहां पर किसान का परिवार रहता है। किसान की 16 वर्षीय बेटी को हरदोई जनपद के थाना बेहटा गोकुल क्षेत्र के गांव चंद्रपुर खेराई मजरा नेमापुर निवासी अजय प्रताप बहलाकर अपने साथ ले गया था। परिजनों ने काफी तलाश की, लेकिन किशोरी का कोई पता नहीं चला। इसके बाद किसान ने आरोपी के खिलाफ थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। पुलिस ने मामले की जांच शुरू की और सर्विलांस की मदद से किशोरी को उड़ीसा से बरामद कर लिया। बरामदगी के बाद पुलिस ने आरोपी अजय प्रताप को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया था, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। बाद में आरोपी जमानत पर रिहा हो गया था। इस मामले की सुनवाई अपर सत्र न्यायाधीश विशेष पॉक्सो एक्ट-द्वितीय की अदालत में चल रही थी। अभियोजन पक्ष की ओर से विशेष लोक अभियोजक बसंत सिंह सैनी ने प्रभावी पैरवी की। शनिवार को न्यायालय ने मामले में आखिरी सुनवाई की। प्रस्तुत साक्ष्यों व गवाहों के बयान के आधार पर न्यायालय ने आरोपी अजय प्रताप को दोषी करार दिया और अजय प्रताप को चार वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई। इसके साथ ही 10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
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मामला नौगावां सादात थाना क्षेत्र के एक गांव का है। यहां पर किसान का परिवार रहता है। किसान की 16 वर्षीय बेटी को हरदोई जनपद के थाना बेहटा गोकुल क्षेत्र के गांव चंद्रपुर खेराई मजरा नेमापुर निवासी अजय प्रताप बहलाकर अपने साथ ले गया था। परिजनों ने काफी तलाश की, लेकिन किशोरी का कोई पता नहीं चला। इसके बाद किसान ने आरोपी के खिलाफ थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। पुलिस ने मामले की जांच शुरू की और सर्विलांस की मदद से किशोरी को उड़ीसा से बरामद कर लिया। बरामदगी के बाद पुलिस ने आरोपी अजय प्रताप को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया था, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। बाद में आरोपी जमानत पर रिहा हो गया था। इस मामले की सुनवाई अपर सत्र न्यायाधीश विशेष पॉक्सो एक्ट-द्वितीय की अदालत में चल रही थी। अभियोजन पक्ष की ओर से विशेष लोक अभियोजक बसंत सिंह सैनी ने प्रभावी पैरवी की। शनिवार को न्यायालय ने मामले में आखिरी सुनवाई की। प्रस्तुत साक्ष्यों व गवाहों के बयान के आधार पर न्यायालय ने आरोपी अजय प्रताप को दोषी करार दिया और अजय प्रताप को चार वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई। इसके साथ ही 10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
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