{"_id":"698e3114b48dcfaec107aefe","slug":"bhakiyu-tikait-protested-against-the-us-india-trade-agreement-jpnagar-news-c-284-1-smbd1013-157390-2026-02-13","type":"story","status":"publish","title_hn":"Amroha News: अमेरिका-भारत व्यापार समझौते के विरोध में भाकियू टिकैत ने किया प्रदर्शन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Amroha News: अमेरिका-भारत व्यापार समझौते के विरोध में भाकियू टिकैत ने किया प्रदर्शन
विज्ञापन
अमरोहा। अमेरिका-भारत व्यापार समझौते के विरोध में भाकियू टिकैत के पदाधिकारियों ने कलक्ट्रेट में प्रदर्शन किया। उन्होंने राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन डीएम कार्यालय में सौंपकर अमेरिका-भारत व्यापार के समझौते के रद्द कराने की मांग की।
बृहस्पतिवार को संगठन के पदाधिकारी जिलाध्यक्ष डॉ. चंद्रपाल सिंह के नेतृत्व में कलक्ट्रेट पहुंचे। उन्होंने अपनी मांग को लेकर प्रदर्शन व नारेबाजी की। किसानों ने कहा कि अमेरिका-भारत का व्यापार समझौता किसान हित में नहीं है। उन्होंने कहा कि अमेरिका की खेती मशीनीकृत और कॉर्पोरेट फार्म मॉडल पर आधारित है। भारत की मक्का, सोयाबीन, गेंहू, डेयरी उत्पाद दालों पर आयात शुल्क घटता है। सस्ती अमेरिकी फसल भारतीय मंडियों में आएंगी। इससे भारत के किसानों को भारी नुकसान होगा। भारत में डेयरी मॉडल छोटे और सीमांत किसानों पर आधारित और सहकारी व्यवस्था पर टिका है। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि बीज कंपनियों के हाथ में आने से किसान अपनी पारंपरिक बीज स्वतंत्रता व नियंत्रण खो देगा। उन्होंने राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजकर अमेरिका भारत व्यापार समझौता रद्द कराने की मांग की है। इस अवसर पर अभिराज सिंह, सुरेंद्र सिंह, जयकिरत सिंह, शरद यादव, सुभाष चीमा, मुन्नु सिंह गुर्जर, भगवान सिंह व मुकेश कुमार आदि मौजूद रहे।
-- -- -- -- -- -- -
विज्ञापन
बृहस्पतिवार को संगठन के पदाधिकारी जिलाध्यक्ष डॉ. चंद्रपाल सिंह के नेतृत्व में कलक्ट्रेट पहुंचे। उन्होंने अपनी मांग को लेकर प्रदर्शन व नारेबाजी की। किसानों ने कहा कि अमेरिका-भारत का व्यापार समझौता किसान हित में नहीं है। उन्होंने कहा कि अमेरिका की खेती मशीनीकृत और कॉर्पोरेट फार्म मॉडल पर आधारित है। भारत की मक्का, सोयाबीन, गेंहू, डेयरी उत्पाद दालों पर आयात शुल्क घटता है। सस्ती अमेरिकी फसल भारतीय मंडियों में आएंगी। इससे भारत के किसानों को भारी नुकसान होगा। भारत में डेयरी मॉडल छोटे और सीमांत किसानों पर आधारित और सहकारी व्यवस्था पर टिका है। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि बीज कंपनियों के हाथ में आने से किसान अपनी पारंपरिक बीज स्वतंत्रता व नियंत्रण खो देगा। उन्होंने राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजकर अमेरिका भारत व्यापार समझौता रद्द कराने की मांग की है। इस अवसर पर अभिराज सिंह, सुरेंद्र सिंह, जयकिरत सिंह, शरद यादव, सुभाष चीमा, मुन्नु सिंह गुर्जर, भगवान सिंह व मुकेश कुमार आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन