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Amroha News: अतिक्रमण से मुक्त कराई 47.910 हेक्टेयर भूमि
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गजरौला (अमरोहा)। एडीएम वित्त एवं राजस्व भगवान शरण व एडीएम न्यायिक माया शंकर यादव ने धनौरा एसडीएम, तहसीलदार और पुलिस बल साथ लेकर वन विभाग की 47.910 हेक्टेयर भूमि को अतिक्रमण मुक्त करा दिया। जेसीबी से वन विभाग के अफसरों सामने खाई खोदवाकर बताया कि अपनी भूमि पर कब्जा कर लें। इस भूमि पर वन विभाग द्वारा पौधरोपण किया जाएगा।
शुक्रवार को अतिक्रमण मुक्त के लिए अभियान चलाया गया। जिसके लिए दोनों अफसरों के नेतृत्व में एसडीएम राजीव राज, एसडीएम न्यायिक चंद्रकांता, तहसीलदार भगत सिंह पुलिस बल और लेखपालों के साथ तिगरी के जंगल में पहुंचे।
वन विभाग के अफसरों को भी बुला लिया गया। उनके सामने भूमि की पैमाइश कराई गई। इस दौरान पाया गया कि तिगरी में मेला क्षेत्र और उसके आसपास वन विभाग की 47.910 हेक्टेयर भूमि है, जिसमें अधिकांश पर गेहूं की फसल खड़ी थी। जिसे आसपास के किसानों ने अतिक्रमण कर उगा रखा था। प्रशासनिक अफसरों और तहसीलदार ने जेसीबी मंगाकर वन विभाग की भूमि की खुदाई कराई। अतिक्रमण मुक्त कराने के बाद भूमि वन विभाग के अफसरों को बता दी गई कि यह उनकी है और अपनी भूमि को कब्जे में ले लें। वन विभाग ने अपनी भूमि को कब्जे में लिया। एडीएम ने बताया कि वन विभाग की भूमि से अवैध कब्जा हटवा दिया गया है। जिस पर वन विभाग द्वारा पौधरोपण कराया जाएगा। अतिक्रमण मुक्त के दौरान ग्रामीणों के विरोध का भी सामना करना पड़ा। कुछ ग्रामीणों ने कहा कि यह उनकी भूमि है, जिसे जबरन वन विभाग की बताया जा रहा है। उन्होंने अपने कागजात भी दिखाए।
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शुक्रवार को अतिक्रमण मुक्त के लिए अभियान चलाया गया। जिसके लिए दोनों अफसरों के नेतृत्व में एसडीएम राजीव राज, एसडीएम न्यायिक चंद्रकांता, तहसीलदार भगत सिंह पुलिस बल और लेखपालों के साथ तिगरी के जंगल में पहुंचे।
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वन विभाग के अफसरों को भी बुला लिया गया। उनके सामने भूमि की पैमाइश कराई गई। इस दौरान पाया गया कि तिगरी में मेला क्षेत्र और उसके आसपास वन विभाग की 47.910 हेक्टेयर भूमि है, जिसमें अधिकांश पर गेहूं की फसल खड़ी थी। जिसे आसपास के किसानों ने अतिक्रमण कर उगा रखा था। प्रशासनिक अफसरों और तहसीलदार ने जेसीबी मंगाकर वन विभाग की भूमि की खुदाई कराई। अतिक्रमण मुक्त कराने के बाद भूमि वन विभाग के अफसरों को बता दी गई कि यह उनकी है और अपनी भूमि को कब्जे में ले लें। वन विभाग ने अपनी भूमि को कब्जे में लिया। एडीएम ने बताया कि वन विभाग की भूमि से अवैध कब्जा हटवा दिया गया है। जिस पर वन विभाग द्वारा पौधरोपण कराया जाएगा। अतिक्रमण मुक्त के दौरान ग्रामीणों के विरोध का भी सामना करना पड़ा। कुछ ग्रामीणों ने कहा कि यह उनकी भूमि है, जिसे जबरन वन विभाग की बताया जा रहा है। उन्होंने अपने कागजात भी दिखाए।
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