फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Amroha News ›   शीशोवाली में पशुओं के लिए सूखा स्थान तक नहीं बचा, भारी परेशानी

शीशोवाली में पशुओं के लिए सूखा स्थान तक नहीं बचा, भारी परेशानी

Mon, 14 Aug 2017 12:04 AM IST
Updated Mon, 14 Aug 2017 12:04 AM IST
विज्ञापन
शीशोवाली में पशुओं के लिए सूखा स्थान तक नहीं बचा, भारी परेशानी
शीशोवाली में पशुओं के लिए भी नहीं बचा सूखा स्थान
विज्ञापन

-गांव से लेकर खेतों तक बाढ़ का पानी
-आवागमन में बाधक बन रहा है बाढ़ का पानी
अमर उजाला ब्यूरो
गजरौला। गंगा का जलस्तर बढ़ने से खादर के गांवों की हजारों हेक्टेयर फसल जलमग्न हो गई हैं। इस बार वर्षा से जहां जिला अमरोहा में किसानों की एक बड़ी आबादी को लाभ हो रहा है वहीं, खादर के करीब दर्जनभर गांवों के किसानों के लिए मुसीबतें खड़ी कर दी हैं। मंडी धनौरा और हसनपुर तहसील का बहुत बड़ा कृषि क्षेत्र पानी में डूबा है। गांव शीशोवाली में पशुओं के लिए सूखा स्थान तक नहीं बचा है। यदि मौसम साफ नहीं हुआ और पर्वतीय और गंगा तटवर्ती इलाकों में इसी तरह बारिश होती रही, तो गंगा के खादर में बसे गांवों के लोगों की दिक्कतें और अधिक बढ़ जाएंगी।
गंगा खादर के गांव शीशोवाली और जाटोवाली के कृषि क्षेत्रफल में स्थित खेतों में बाढ़ का पानी लबालब भर गया है। तिगरी से लेकर ओसीता जग्देपुर समेत कई गांवों में गंगा के बाढ़ का पानी खेतों में भर गया है। यहां गन्ना, धान और बाजरे की फसलें खड़ी हैं, जो कई स्थानों पर पानी में डूब चुकीं हैं। गन्ने को छोड़ शेष सभी फसलों में भारी नुकसान का खतरा बढ़ गया है। अभी पूरे अगस्त माह में बरसात होने की संभावना से किसानों के चेहरे मुरझाए हुए हैं। चारे की दिक्कत के चलते ग्रामीण मजबूरी में या तो पशुओं को बेच रहे हैं या दूसरे सुरक्षित स्थानों पर ले जा रहे हैं। गांव चकनवाला के निकट पानी आने से रामगंगा पोषक नहर को पार कर आने-जाने वाले लोगों को पुल नहीं होने के कारण परेशानी झेलनी पड़ रही है। इन गांवों के बाशिंदे नाव के सहारे जरूरी काम से गजरौला या बछरायूं आ-जा रहे हैं। जाटोंवाली, सीसोवाली, मीरापुर, नाव वाला, बिसावली, शाहजहांपुर आदि के लोग चारों ओर से बाढ़ में घिरे हैं। इन गांवों का संपर्क शेष इलाके से कट सा गया है। चौंकाने वाली बात यह है कि इन गांवों में प्रशासन स्तर से कोई मदद मुहैया नहीं कराई जा रही है। हसनपुर क्षेत्र के गंगानगर में बाढ़ का पानी ग्रामीणों की मुसीबतें बढ़ा रहा है। तिगरी और ब्रजघाट में गंगा में उफान के बावजूद खतरे के निशान से काफी अभी नीचे है।
विज्ञापन

बाढ़ से घिरे गांवों में सहायता की जरुरत
गजरौला। गंगा का जलस्तर बढ़ने से उफनाई गंगा ने किनारे पर बसे गांवों के लिए दिक्कतें पैदा कर दी हैं। लोग परेशान है। लेकिन, उनकी सहायता के लिए प्रशासन कतई सतर्क नहीं है। पानी में घिरे गांवों में इस समय दवाईयां और चिकित्सकों की जरूरत है। लोगों और पशुओं में महामारी फैलने का खतरा पैदा हो गया है। एक दर्जन गांवों में आवागमन का रास्ता बाढ़ से बंद है। इसलिए वहां के ग्रामीणों के लिए सुरक्षा, खानपान और दवा आदि का तुरंत प्रबंध करना बेहद जरूरी है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रविवार को 10 सेमी गिरा जलस्तर
गजरौला। गंगा का जलस्तर रविवार को 10 सेमी नीचे गिरा। इससे किसानों को थोड़ी राहत जरूर मिली है। लेकिन बाढ़ को लेकर आशंका अभी भी बनी हुई है। सोमवार को ब्रजघाट में 200.70 और तिगरी में 200.95 गेज मीटर जलस्तर दर्ज किया गया था। जो मंगलवार को घटकर ब्रजघाट में 200.55 और तिगरी में 200.70 गेज मीटर दर्ज किया गया था। बुधवार और गुरुवार को जलस्तर में कोई उतार चढ़ाव देखने को नहीं मिला था। लेकिन, शुक्रवार को 25 सेमी बढ़कर ब्रजघाट में 200.75 और तिगरी में 200.95 गेज मीटर दर्ज किया गया था। शनिवार को जलस्तर में कोई उतार चढ़ाव देखने को नहीं मिला। फिलहाल गंगा जलस्तर खतरे के निशान से ब्रजघाट में 201.9 गेज मीटर और तिगरी में 202.5 गेज मीटर से करीब 100.10 सेमी नीचे बह रही है। बाढ़ अधिकारियों लगातार किसानों को सतर्क रहने की चेतावनी दे रहे हैं। रविवार को बिजनौर बैराज से करीब 70 हजार क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। जिससे जलस्तर पर कोई खास प्रभाव नहीं पड़ेगा।

वर्जन
गंगा के जलस्तर में उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। कई गांवों के कृषि क्षेत्रफल में बाढ़ की स्थिति बन गई है। पानी का बहाव तेज होने की वजह से कटान शुरू हो गया है। हालांकि, रविवार को दस सेमी की कमी दर्ज की गई है।
प्रदीप कुमार, जेई बाढ़ खंड तिगरी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed