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Amethi News: एक साथ उठी सगे भाइयों की अर्थी तो रो पड़े ग्रामीण

Wed, 26 Feb 2025 12:42 AM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी Updated Wed, 26 Feb 2025 12:42 AM IST
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The villagers cried when the funeral pyre of their brothers was raised together.
इन्हौना (अमेठी)। बाराबंकी जिले के हैदरगढ़ में सोमवार रात सड़क हादसे में दो सगे भाइयों की मौत से रातभर करुण क्रंदन से सहमे बसंतपुर गांव में मंगलवार को उस समय हर किसी की आंख नम हो गई, जब दोनों की अर्थी एक साथ घर से उठी। दो भाइयों की मौत व एक भाई के अस्पताल में जीवन-मौत के बीच संघर्ष करने से पूरे गांव में मातमी सन्नाटा पसरा है।
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बसंतपुर मजरे मेहमानपुर निवासी देवी प्रसाद के परिवार को सोमवार रात जीवनभर न भूलने वाला दर्द मिला गया। बाराबंकी के हैदरगढ़ में सोमवार रात सड़क हादसे में बेटे चंदन (30), रघुनंदन (22) की मौत हो गई तो एक बेटा सूरज (18) लखनऊ स्थित ट्रॉमा सेंटर में जीवन व मौत से संघर्ष कर रहा है। रात में ही मौत की सूचना के बाद परिजनों में कोहराम मच गया।
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पुरुष तो शव लाने संग घायल का उपचार करवाने के लिए रवाना हो गए, लेकिन महिलाएं रातभर रोती रहीं। मंगलवार दोपहर बाद चंदन व रघुनंदन का शव गांव पहुंचा तो कोहराम मच गया। घर से एक साथ चंदन व रघुनंदन की अर्थी उठी तो हर किसी की आंखों से आंसू बह निकले। गांव के बाहर बाग में दोनों की चिता लगी तो हर कोई परिवार को मिले दुख से गमगीन दिखा।
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दो बेटों के सिर से उठा पिता का साया
सड़क हादसे में जान गंवाने वाले चंदन के बेटे सौरभ (8) व अहम (6) के सिर से पिता का साया उठ गया। पत्नी लक्ष्मी दहाड़े मारकर रो रही रही थी। लक्ष्मी रोते हुए कह रही थी कि सुबह जब फोन पर बात हुई तो मैंने कहा था कि देर हो जाए तो रात में मत आना। लेकिन मेरी बात नहीं सुनी। मृतक के बेटे सौरभ व अहम को तो अभी ये भी नहीं पता कि अब उसके बाप इस दुनिया में नहीं रहे। उधर, मृतक की छोटी अविवाहित बहन शिवलली रोते-रोते बेहोश हो जा रही थी। होश में आते ही केवल भाई चंदन व रघुनंदन को पूछती। कह रही थी कि भैया केवल एक बार बोल दो। फिर अपनी भाभी लक्ष्मी से जाकर लिपट जाती है। विवाहित बहन लक्ष्मी व रामलली का भी रो-रोकर बुरा हाल है। छोटा भाई सुनील अपने दो भाइयों की मौत से गमगीन है। पिता देवी प्रसाद से बेसुध पड़े हैं।
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