{"_id":"6788032d74dad15caf0e6194","slug":"secretary-attached-to-headquarters-after-negligence-was-found-in-investigation-amethi-news-c-96-1-ame1002-133210-2025-01-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"Amethi News: जांच में लापरवाही मिलने पर मुख्यालय से संबद्ध किए गए सचिव","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Amethi News: जांच में लापरवाही मिलने पर मुख्यालय से संबद्ध किए गए सचिव
Thu, 16 Jan 2025 12:19 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
Updated Thu, 16 Jan 2025 12:19 AM IST
विज्ञापन
बाजारशुकुल (अमेठी)। ब्लॉक क्षेत्र की तीन ग्राम पंचायत की विकास निधि निजी फर्म के खाते में पहुंचने के मामले का रहस्य गहराता जा रहा है। डोंगल लगाकर पोर्टल से भुगतान होने की पुष्टि के बाद सचिव, प्रधान व फर्म संचालक की पूरे मामले में भूमिका की जांच शुरू हो गई। मामले में लापरवाही बरतने पर सचिव को मुख्यालय से संबद्ध किया गया है।
विकास खंड बाजार शुकुल की ग्राम पंचायत तेंदुआ, संसारपुर व खेममऊ ग्राम पंचायत को आवंटित 17,91,950 रुपये की निधि क्षेत्र में ही संचालित एक निजी फर्म के बैंक खाते में पहुंचने के मामले में अब फर्म संचालक और सचिव व ग्राम प्रधान आमने-सामने हो गए हैं। एक दूसरे पर दोषारोपण करने का दौर चल रहा है। अब तक की जांच में पोर्टल से डोंगल लगाकर ही भुगतान होने की पुष्टि के बाद टीम सचिव, प्रधान व फर्म संचालक के आरोपों व उनकी भूमिका सहित अन्य बिंदुओं की जांच कर रही है।
फिलहाल पूरे मामले में पंचायत सचिव की ओर से बरती गई लापरवाही पर उसे मुख्यालय से संबद्ध किया गया है। डीपीआरओ मनोज त्यागी ने बताया कि जांच के बाद तथ्यों के आधार पर सरकारी धन की रिकवरी करवाते हुए कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
विकास खंड बाजार शुकुल की ग्राम पंचायत तेंदुआ, संसारपुर व खेममऊ ग्राम पंचायत को आवंटित 17,91,950 रुपये की निधि क्षेत्र में ही संचालित एक निजी फर्म के बैंक खाते में पहुंचने के मामले में अब फर्म संचालक और सचिव व ग्राम प्रधान आमने-सामने हो गए हैं। एक दूसरे पर दोषारोपण करने का दौर चल रहा है। अब तक की जांच में पोर्टल से डोंगल लगाकर ही भुगतान होने की पुष्टि के बाद टीम सचिव, प्रधान व फर्म संचालक के आरोपों व उनकी भूमिका सहित अन्य बिंदुओं की जांच कर रही है।
विज्ञापन
फिलहाल पूरे मामले में पंचायत सचिव की ओर से बरती गई लापरवाही पर उसे मुख्यालय से संबद्ध किया गया है। डीपीआरओ मनोज त्यागी ने बताया कि जांच के बाद तथ्यों के आधार पर सरकारी धन की रिकवरी करवाते हुए कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन