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फसलों को नुकसान से बचाने में जुटे किसान

Wed, 20 Oct 2021 11:18 PM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Wed, 20 Oct 2021 11:18 PM IST
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Farmers engaged in saving crops from damage
जगदीशपुर : बरसात के बाद धूप निकलने पर धान की फसल बचाने की जद्दोजहद में जुटी युवती। -संवाद - फोटो : AMETHI
जगदीशपुर (अमेठी)। रविवार से ही जिले में रुक-रुक कर हुई बारिश से परेशान किसानों ने बुधवार को धूप निकलने के बाद राहत भरी सांस ली। धूप खिलते ही किसानों ने पानी में डूब कर खराब हुई फसलों को खेत से उठाकर ऊंचे स्थान पर सुखाने की कोशिश शुरू की। कई किसान अपनी गाढ़ी कमाई को खेत में ही पीट कर धान को छांव में सुखाते देखे गए।
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इस समय बहुत से किसानों के खेत में धान की फसल कटाई योग्य हो गई थी। बारिश एवं तेज हवा के कारण जिले के सभी ब्लॉकों में काफी क्षेत्रफल में धान की फसल गिर गई थी और खेतों में पानी भर गए थे। इससे किसानों की मेहनत बर्बाद हो गई थी। बुधवार को धूप निकली तो किसान अपने परिवार के साथ खेतों में पहुंच गए। किसान व उनके परिवार के लोगों ने धान की फसल को बचाने की कोशिश शुरू की। नरम फसल को उठाकर पीटते सिरयारी के किसान ने बताया कि गीली फसल को पीट कर सुखा लेने से कुछ फसल के बचा लेने की उम्मीद है। खेत में पड़ी फसल में फफूंदी रोग के साथ साथ उसमें कीड़े और अंकुर आने लगे हैं। किसानों के अनुसार पुआल के गीले होने से जानवर भी उसे खाने से पहरेज करेंगे।
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कृषि विज्ञान केंद्र कठौरा के अध्यक्ष एवं वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. आरके आनंद ने बताया कि पिछले 24 घंटे में अधिकतम तापमान 28 डिग्री तथा न्यूनतम तापमान 22 डिग्री सेंटीग्रेट दर्ज किया गया। इस दौरान 20 मिलीमीटर से अधिक वर्षा हुई। इस बारिश से काफी क्षेत्रफल में धान की फसल गिर गई है। धान के अतिरिक्त अरहर एवं सब्जियों की फसल प्रभावित होने की संभावना है। अगेती गोभी, मूली, पालक, लौकी, कद्दू, आदि सब्जियों के भी खराब होने से किसानों को काफी नुकसान हुआ है। कई किसानों की पपीते की फसल पर प्रभाव पड़ने की शिकायत की है।
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इसके अलावा इस समय किसानों ने सरसों, चना, मटर की बुवाई या तो प्रारंभ कर दिया था या उसकी तैयारी में लगे थे। इस बारिश के कारण इन फसलों की बुवाई में अब कम से कम 10 से 15 दिन के विलंब होने की संभावना है। ऐसी परिस्थिति में खेत में नमी कम होने पर ही बुवाई करें। वैज्ञानिकों द्वारा प्राप्त मौसम पूर्वानुमानों के अनुसार अगले बृहस्पतिवार तक मौसम में नमी बनी रहने की संभावना है। उन्होंने बताया कि तापमान सामान्य से कम रहेगा तथा हवा की गति सामान्य से ज्यादा रहेगी।
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