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किसानों को नहीं मिल पा रही यूरिया-डीएपी
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अमेठी। उर्वरक की कालाबाजारी रोकने को लेकर सरकारी केंद्रों पर ऑनलाइन सिस्टम से उर्वरक बिक्री की व्यवस्था किसानों के गले की फांस बन गई है। आलम यह है कि इन केंद्रों से किसानों को अक्सर बैरंग वापस लौटना पड़ता है। इसका कारण सर्वर सही नहीं होना बताया जा रहा है।
इन दिनों गेहूं, मटर, सरसों, चना आदि की बुवाई का समय चल रहा है। बुवाई के लिए किसानों को उर्वरक की आवश्यकता है। रबी फसलों की बुवाई के लिए किसानों को आसानी से उर्वरक मुहैया कराने के लिए जिला प्रशासन की ओर से बनाई गई व्यवस्था ही किसानों के गले की फांस बन गई है।
किसान प्रतिदिन केंद्रों पर सुबह से शाम तक उर्वरक के लिए कतार में खड़े रहते हैं लेकिन सर्वर नहीं चलने के कारण किसानों को यूरिया और डीएपी नहीं मिल पाती। ऐसे में किसानों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
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किसान नेता बृजेश कुमार मिश्र, दिनेश कुमार मिश्र, बच्चा राम वर्मा आदि ने बताया कि ऑनलाइन सिस्टम से उर्वरक देने की बनाई गई व्यवस्था किसानों के लिए परेशानी का सबब बनी है। ग्रामीण क्षेत्रों में तो नेटवर्क नहीं होने से कोई भी दुकानदार बिक्री नहीं कर पा रहा है।
सर्वर नहीं चलने के कारण उर्वरक के लिए किसानों को हर रोज केंद्रों का चक्कर लगाना पड़ रहा है। समय पर उर्वरक नहीं मिलने के कारण किसानों की बुवाई बाधित हो रही है। शहर स्थित आईडीएफसी इफ्को प्रभारी सुभाषिनी श्रीवास्तव ने बताया कि सर्वर की समस्या होने से परेशानी आ रही है। कहा कि बिना ऑनलाइन फीडिंग के डीएपी व यूरिया खारिज नहीं की जा सकती है।
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इन दिनों गेहूं, मटर, सरसों, चना आदि की बुवाई का समय चल रहा है। बुवाई के लिए किसानों को उर्वरक की आवश्यकता है। रबी फसलों की बुवाई के लिए किसानों को आसानी से उर्वरक मुहैया कराने के लिए जिला प्रशासन की ओर से बनाई गई व्यवस्था ही किसानों के गले की फांस बन गई है।
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किसान प्रतिदिन केंद्रों पर सुबह से शाम तक उर्वरक के लिए कतार में खड़े रहते हैं लेकिन सर्वर नहीं चलने के कारण किसानों को यूरिया और डीएपी नहीं मिल पाती। ऐसे में किसानों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
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किसान नेता बृजेश कुमार मिश्र, दिनेश कुमार मिश्र, बच्चा राम वर्मा आदि ने बताया कि ऑनलाइन सिस्टम से उर्वरक देने की बनाई गई व्यवस्था किसानों के लिए परेशानी का सबब बनी है। ग्रामीण क्षेत्रों में तो नेटवर्क नहीं होने से कोई भी दुकानदार बिक्री नहीं कर पा रहा है।
सर्वर नहीं चलने के कारण उर्वरक के लिए किसानों को हर रोज केंद्रों का चक्कर लगाना पड़ रहा है। समय पर उर्वरक नहीं मिलने के कारण किसानों की बुवाई बाधित हो रही है। शहर स्थित आईडीएफसी इफ्को प्रभारी सुभाषिनी श्रीवास्तव ने बताया कि सर्वर की समस्या होने से परेशानी आ रही है। कहा कि बिना ऑनलाइन फीडिंग के डीएपी व यूरिया खारिज नहीं की जा सकती है।