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Amethi News: 98 करोड़ खर्च कर पटरी पर लाएंगे बिजली व्यवस्था
Sun, 23 Jul 2023 11:54 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
Updated Sun, 23 Jul 2023 11:54 PM IST
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अमेठी। जर्जर तार, लाइन ट्रिपिंग सहित अन्य समस्याओं से जूझ रहे उपभोक्ताओं को अब राहत मिलेगी। पावर कारपोरेशन ने तारों को बदलने व अन्य सुधार के लिए 98 करोड़ रुपये की योजना बनाई है। इसके तहत गौरीगंज के कई इलाकों में जर्जर तार बदलने का काम चल रहा है। जिससे लोगों को काफी राहत मिलेगी।जिले में गौरीगंज, जगदीशपुर, तिलोई व अमेठी खंड से बिजली आपूर्ति दी जाती है। जिले में कुल तीन लाख तीन हजार उपभोक्ता है।
इन जगहों से आएदिन बिजली संकट की शिकायत आ रही है। कहीं पर तार टूट रहा है तो कहीं पर अन्य दिक्कत। इसके लिए पावर कारपोरेशन ने 98 करोड़ रुपये की योजना बनाई है। इसके तहत जर्जर तारों को बदलने, पोल बदलने के साथ ही कंडक्टर बदलने व पोल पर बाक्स लगाने की कवायद शुरू की है।अधीक्षण अभियंता ललित कृष्ण ने बताया कि इससे बिजली व्यवस्था में काफी सुधार आएगा।
इन जर्जर खंभों से हो रही आपूर्ति
गौरीगंज शहर में करीब एक लाख की आबादी निवास करती है। शहर में श्री रणंजय इंटर कालेज स्कूल के पास, तहसील रोड, चौक बाजार में बिजली के लोहे का खंभा जर्जर अवस्था में खड़ा है। अमेठी रोड के साथ ही शहर के कई स्थानों पर 11 हजार लाइन का खंभा तिरछा खड़े हैं। इन्हीं खंभों पर तार बांधे गए हैं और आपूर्ति हो रही है। तार बंधे होने के कारण ही यह खंभे अभी तक खड़े हैं। तेज हवा, फाल्ट में तार टूटने पर कभी भी ये खंभे गिर सकते हैं। जिससे बड़ा हादसा हो सकता है।
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कॉलेज के मुख्यमार्ग पर बड़ी संख्या छात्र छात्राओं के साथ ही राहगीरों की आवाजाही बनी रहती है। ये खंभे आबादी के बीच के हैं और खंभा गिरने की स्थिति में बड़ा हादसा हो सकता है। खंभे पिछले कई माह से क्षतिग्रस्त हालत में हैं। इनमें सुधार के लिए बिजली विभाग ने कोई कोशिश नहीं की। एसडीओ गौरीगंज अशोक कुमार यादव ने बताया कि जहां-जहां जर्जर बिजली के खंभे हैं, उसको जल्द ही ठीक कराया जाएगा।
मुख्य अभियंता ने मांगा प्रस्ताव
मध्यांचल विद्युत वितरण निगम अयोध्या के मुख्य अभियंता हरीश बंसल ने अधीक्षण अभियंता से बिजनेस प्लान मद में प्रस्ताव मांगा है। इसमें जर्जर बिजली के तारों को बदलने, लकड़ी के कॉसआर्म एवं खंभे बदलने, वितरण परिवर्तकों की क्षमता विस्तार, उपकेंद्रों पर वीसीबी की क्रियाशीलता, पावर परिवर्तकों के प्रोटेक्शन, पावर परिवर्तक से कंट्रोल रूम पैनल केबल के डबल सर्किट को लेकर जानकारी मांगी गई है। यही नहीं, लो वोल्टेज की समस्या के समाधान को लंबी एलटी लाइन के स्थान पर एचटी लाइन को लेकर भी प्रस्ताव मांगा गया है।
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इन जगहों से आएदिन बिजली संकट की शिकायत आ रही है। कहीं पर तार टूट रहा है तो कहीं पर अन्य दिक्कत। इसके लिए पावर कारपोरेशन ने 98 करोड़ रुपये की योजना बनाई है। इसके तहत जर्जर तारों को बदलने, पोल बदलने के साथ ही कंडक्टर बदलने व पोल पर बाक्स लगाने की कवायद शुरू की है।अधीक्षण अभियंता ललित कृष्ण ने बताया कि इससे बिजली व्यवस्था में काफी सुधार आएगा।
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इन जर्जर खंभों से हो रही आपूर्ति
गौरीगंज शहर में करीब एक लाख की आबादी निवास करती है। शहर में श्री रणंजय इंटर कालेज स्कूल के पास, तहसील रोड, चौक बाजार में बिजली के लोहे का खंभा जर्जर अवस्था में खड़ा है। अमेठी रोड के साथ ही शहर के कई स्थानों पर 11 हजार लाइन का खंभा तिरछा खड़े हैं। इन्हीं खंभों पर तार बांधे गए हैं और आपूर्ति हो रही है। तार बंधे होने के कारण ही यह खंभे अभी तक खड़े हैं। तेज हवा, फाल्ट में तार टूटने पर कभी भी ये खंभे गिर सकते हैं। जिससे बड़ा हादसा हो सकता है।
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कॉलेज के मुख्यमार्ग पर बड़ी संख्या छात्र छात्राओं के साथ ही राहगीरों की आवाजाही बनी रहती है। ये खंभे आबादी के बीच के हैं और खंभा गिरने की स्थिति में बड़ा हादसा हो सकता है। खंभे पिछले कई माह से क्षतिग्रस्त हालत में हैं। इनमें सुधार के लिए बिजली विभाग ने कोई कोशिश नहीं की। एसडीओ गौरीगंज अशोक कुमार यादव ने बताया कि जहां-जहां जर्जर बिजली के खंभे हैं, उसको जल्द ही ठीक कराया जाएगा।
मुख्य अभियंता ने मांगा प्रस्ताव
मध्यांचल विद्युत वितरण निगम अयोध्या के मुख्य अभियंता हरीश बंसल ने अधीक्षण अभियंता से बिजनेस प्लान मद में प्रस्ताव मांगा है। इसमें जर्जर बिजली के तारों को बदलने, लकड़ी के कॉसआर्म एवं खंभे बदलने, वितरण परिवर्तकों की क्षमता विस्तार, उपकेंद्रों पर वीसीबी की क्रियाशीलता, पावर परिवर्तकों के प्रोटेक्शन, पावर परिवर्तक से कंट्रोल रूम पैनल केबल के डबल सर्किट को लेकर जानकारी मांगी गई है। यही नहीं, लो वोल्टेज की समस्या के समाधान को लंबी एलटी लाइन के स्थान पर एचटी लाइन को लेकर भी प्रस्ताव मांगा गया है।