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Ambedkar Nagar News: श्रीमद्भागवत कथा के दूसरे दिन दिया भक्ति व करुणा का संदेश
Tue, 04 Nov 2025 11:32 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अम्बेडकरनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, अम्बेडकरनगर
Updated Tue, 04 Nov 2025 11:32 PM IST
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अंबेडकरनगर। कटेहरी विकासखंड के ग्राम आमदपुर तिंदौली में चल रही श्रीमद्भागवत कथा के दूसरे दिन मंगलवार को श्रद्धा और भक्ति का वातावरण बना रहा। प्रवाचक आचार्य मुकेशानंद महाराज ने भक्तों को भगवान श्रीकृष्ण की लीलाओं एवं राजा परीक्षित के प्रसंगों का मनोहर वर्णन सुनाया।
आचार्य ने कहा कि मनुष्य से गलती हो जाना बड़ी बात नहीं, लेकिन समय रहते सुधार और प्रायश्चित आवश्यक है। अन्यथा वही गलती पाप का रूप ले लेती है। उन्होंने बताया कि श्रीमद्भागवत कथा केवल धार्मिक ग्रंथ नहीं, बल्कि जीवन का सार है, यह प्रेम, करुणा और सत्य के मार्ग का बोध कराती है। प्रवाचक ने राजा परीक्षित और ऋषि के श्राप के प्रसंगों के माध्यम से यह समझाया कि भक्ति ही जीवन की सबसे उत्तम साधना है, जो न केवल दुखों से मुक्ति दिलाती है बल्कि मोक्ष का मार्ग भी प्रशस्त करती है। इस अवसर पर मुख्य यजमान आशा देवी, कपिल चतुर्वेदी, रामशौक चतुर्वेदी, लवकुश चतुर्वेदी, पवन चतुर्वेदी, राजेश, शिवकुमार सिंह, रमाशंकर सिंह, प्रदीप चतुर्वेदी, सुशांत सहित अनेक श्रद्धालु उपस्थित रहे।
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आचार्य ने कहा कि मनुष्य से गलती हो जाना बड़ी बात नहीं, लेकिन समय रहते सुधार और प्रायश्चित आवश्यक है। अन्यथा वही गलती पाप का रूप ले लेती है। उन्होंने बताया कि श्रीमद्भागवत कथा केवल धार्मिक ग्रंथ नहीं, बल्कि जीवन का सार है, यह प्रेम, करुणा और सत्य के मार्ग का बोध कराती है। प्रवाचक ने राजा परीक्षित और ऋषि के श्राप के प्रसंगों के माध्यम से यह समझाया कि भक्ति ही जीवन की सबसे उत्तम साधना है, जो न केवल दुखों से मुक्ति दिलाती है बल्कि मोक्ष का मार्ग भी प्रशस्त करती है। इस अवसर पर मुख्य यजमान आशा देवी, कपिल चतुर्वेदी, रामशौक चतुर्वेदी, लवकुश चतुर्वेदी, पवन चतुर्वेदी, राजेश, शिवकुमार सिंह, रमाशंकर सिंह, प्रदीप चतुर्वेदी, सुशांत सहित अनेक श्रद्धालु उपस्थित रहे।
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