{"_id":"5d94d3598ebc3e93c52f023d","slug":"rain-ambedkar-nagar-news-lko484809230","type":"story","status":"publish","title_hn":"एक दिन की राहत के बाद फिर बारिश से हुई मुश्किल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
एक दिन की राहत के बाद फिर बारिश से हुई मुश्किल
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अंबेडकरनगर। एक दिन की राहत के बाद बुधवार को मौसम ने फिर करवट बदली। सुबह से दोपहर तक कहीं तेज तो कहीं हल्की बारिश हुई। इससे किसानों की चिंता बढ़ गई है। उनका कहना है कि जल्द ही धूप नहीं निकली तो खेतों में धराशाई हुई अगैती धान व गन्ने की फसल चौपट हो जाएगी। उधर, सुबह से ही बारिश का सिलसिला शुरू होने से एक तरफ जहां छात्र-छात्राओं को भीगते हुए विद्यालय जाने को मजबूर होना पड़ा वहीं बाजारों में भी दोपहर तक सन्नाटे का माहौल रहा।
मंगलवार को जब सुबह से ही मौसम साफ हुआ और कुछ देर बाद धूप भी निकली तो लगा कि अब मौसम सामान्य हो जाएगा। इससे सबसे अधिक खुशी उन किसानों को हुई, जिनकी अगैती धान व गन्ने की फसल खेतों में धराशाई हो गई थी। मौसम साफ होने से एक तरफ जहां बाजारों में भी रौनक छा गई थी वहीं दुर्गा पूजा पंडालों के निर्माण कार्य ने भी गति पकड़ ली थी। मौसम साफ होने से पूजा समितियों के पदाधिकारियों के चेहरे पर भी चमक उत्पन्न हो गई थी। दरअसल, खराब मौसम के चलते पूजा पंडालों के निर्माण में बाधा आ रही थी।
इस बीच बुधवार को एक बार फिर झटका लगा। दरअसल बुधवार सुबह से ही जिले के कुछ क्षेत्रों में तेज तो ज्यादातर क्षेत्रों में हल्की बारिश शुरू हो गई। बारिश का यह सिलसिला दोपहर तक चला। इसके बाद बारिश का दौर तो थमा, लेकिन काले बादल उमड़ते घुमड़ते रहे। सुबह से ही बारिश का दौर शुरू होने से जहां पानी में भीगते हुए छात्र-छात्राओं को विद्यालय जाने को मजबूर होना पड़ा, वहीं बाजारों में भी दोपहर तक सन्नाटा पसरा रहा। दोपहर बाद बारिश रुकने पर बाजारों में रौनक बढ़ी। दुकानदारों के अनुसार लगातार हो रही बारिश से व्यवसाय पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। बारिश होने से पूजा पंडालों के निर्माण में भी बाधा पैदा हुई।
विज्ञापन
आलापुर के किसान रामनवल व जगजीवन ने कहा कि यदि बारिश का दौर नहीं थमा और धूप नहीं निकली, तो खेतों में धराशायी हुई फसल को नुकसान हो सकता है। यदि ऐसा हुआ, तो इससे उन्हें तगड़ी आर्थिक चपत लगेगी। अकबरपुर के किसान कुलदीप व दिलीप वर्मा ने कहा कि मंगलवार को बारिश थमने से एक उम्मीद बंधी थी, लेकिन बुधवार को एक बार फिर से बारिश का दौर शुरू होने से फसल को लेकर चिंता सताने लगी है। यदि मौसम साफ नहीं हुआ, तो गन्ने के साथ ही अगैती धान की फसल को नुकसान हो सकता है।
विज्ञापन
मंगलवार को जब सुबह से ही मौसम साफ हुआ और कुछ देर बाद धूप भी निकली तो लगा कि अब मौसम सामान्य हो जाएगा। इससे सबसे अधिक खुशी उन किसानों को हुई, जिनकी अगैती धान व गन्ने की फसल खेतों में धराशाई हो गई थी। मौसम साफ होने से एक तरफ जहां बाजारों में भी रौनक छा गई थी वहीं दुर्गा पूजा पंडालों के निर्माण कार्य ने भी गति पकड़ ली थी। मौसम साफ होने से पूजा समितियों के पदाधिकारियों के चेहरे पर भी चमक उत्पन्न हो गई थी। दरअसल, खराब मौसम के चलते पूजा पंडालों के निर्माण में बाधा आ रही थी।
विज्ञापन
इस बीच बुधवार को एक बार फिर झटका लगा। दरअसल बुधवार सुबह से ही जिले के कुछ क्षेत्रों में तेज तो ज्यादातर क्षेत्रों में हल्की बारिश शुरू हो गई। बारिश का यह सिलसिला दोपहर तक चला। इसके बाद बारिश का दौर तो थमा, लेकिन काले बादल उमड़ते घुमड़ते रहे। सुबह से ही बारिश का दौर शुरू होने से जहां पानी में भीगते हुए छात्र-छात्राओं को विद्यालय जाने को मजबूर होना पड़ा, वहीं बाजारों में भी दोपहर तक सन्नाटा पसरा रहा। दोपहर बाद बारिश रुकने पर बाजारों में रौनक बढ़ी। दुकानदारों के अनुसार लगातार हो रही बारिश से व्यवसाय पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। बारिश होने से पूजा पंडालों के निर्माण में भी बाधा पैदा हुई।
विज्ञापन
आलापुर के किसान रामनवल व जगजीवन ने कहा कि यदि बारिश का दौर नहीं थमा और धूप नहीं निकली, तो खेतों में धराशायी हुई फसल को नुकसान हो सकता है। यदि ऐसा हुआ, तो इससे उन्हें तगड़ी आर्थिक चपत लगेगी। अकबरपुर के किसान कुलदीप व दिलीप वर्मा ने कहा कि मंगलवार को बारिश थमने से एक उम्मीद बंधी थी, लेकिन बुधवार को एक बार फिर से बारिश का दौर शुरू होने से फसल को लेकर चिंता सताने लगी है। यदि मौसम साफ नहीं हुआ, तो गन्ने के साथ ही अगैती धान की फसल को नुकसान हो सकता है।