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बीडीओ को कार्यालय में बनाया बंधक
अमर उजाला ब्यूरो/अंबेडकरनगर
Updated Thu, 08 Sep 2016 12:06 AM IST
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अंबेडकरनगर के जहांगीरगंज में बुधवार को खंड विकास अधिकारी के कार्यालय में ताला बंद कर प्रदर्शन करतीं आंगनबाड़ी कार्यकर्ता।
- फोटो : अमर उजाला
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स्थायीकरण की मांग को लेकर आंदोलन कर रहीं आंगनबाड़ी कर्मियों ने बुधवार को उग्र रुख अपनाते हुए बीडीओ को उनके ही कार्यालय में बंधक बना दिया। कार्यालय के मुख्य गेट के साथ ही एक अन्य वैकल्पिक गेट में भी बाहर से ताला लगा दिया। इससे बीडीओ के साथ-साथ वहां कार्यरत अन्य कर्मचारी भी लगभग दो घंटे तक बंधक बने रहे। बाद में पहुंचे एसओ राजेसुल्तानपुर ने ताला खुलवाया।
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इसके बाद भी महिला कर्मचारियों का हंगामा जारी रहा। दफ्तर में फंसे होने के कारण बीडीओ जिला मुख्यालय पर होने वाली एक महत्वपूूर्ण बैठक में भी भाग लेने नहीं जा सके। गौरतलब है कि विभिन्न मांगों को लेकर आंगनबाड़ी कर्मचारी कई दिनों से आंदोलन कर रहे हैं। तीन दिन से कार्यकर्ता व सहायिकाएं ब्लॉक मुख्यालयों पर धरना दे रही हैं।
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इसी क्रम में बुधवार को भी बड़ी तादाद में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता जहांगीरगंज ब्लॉक मुख्यालय पर जुटे। वहां वे सब बाल विकास परियोजना अधिकारी कार्यालय के बजाए बीडीओ कार्यालय के निकट प्रदर्शन करने लगीं। बताया जाता है कि दोपहर बाद कर्मचारियों ने कार्यालय में मौजूद बीडीओ से बाहर आकर ज्ञापन लेने को कहा। वे इस पर तैयार नहीं हुए तो महिला कर्मचारियों में आक्रोश फैल गया।
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उन्होंने हंगामा करते हुए ब्लॉक कार्यालय को घेर लिया और जमकर नारेबाजी शुरू कर दी। कुछ देर बाद उन्होंने ब्लॉक कार्यालय के मुख्य गेट पर ताला जड़ दिया। वैकल्पिक गेट से कोई निकलने न पाए, इसलिए उसमें भी तालाबंदी कर दी गई। दोनों गेट पर ताला बंद कर देने से वहां मौजूद खंड विकास अधिकारी समेत कई अन्य कर्मचारी कार्यालय के भीतर ही बंधक बन गए।
बीडीओ ने जिला मुख्यालय पर होने वाली आवश्यक बैठक में भाग लेने का हवाला दिया, तब भी महिला कर्मचारियों ने गेट नहीं खोला। वे लगातार नारेबाजी करती रहीं। बीडीओ ने इस पर एसडीएम आलापुर को फोन किया लेकिन उनका फोन नहीं मिला। तहसीलदार आलापुर का फोन रिसीव हुआ लेकिन कर्मचारियों के हंगामे के कारण ठीक से बात नहीं हो पायी।
इसके बाद खंड विकास अधिकारी ने एसओ राजेसुल्तानपुर को फोन कर हंगामा व बंधक बनाए जाने की जानकारी दी। इसके बाद भी राजेसुल्तानपुर पुलिस को मौके पर पहुंचने में आधे घंटे से अधिक का समय लग गया। एसओ ने पुलिसकर्मियों के साथ वहां पहुंचने के बाद ताला खुलवाया और बीडीओ व अन्य कर्मचारियों को बाहर निकाला।
तालाबंदी के कारण एक तरफ जहां खंड विकास अधिकारी जिला मुख्यालय पर होने वाली महत्वपूर्ण बैठक में नहीं जा पाए, वहीं लंच करने से भी बीडीओ व अन्य कर्मियों को वंचित रह जाना पड़ा। एसओ ज्ञानेंद्र सिंह ने बताया कि मौके पर गया था। वहां ताला आदि खुलवाकर हंगामा शांत कराया गया।
इस मामले में कोई तहरीर नहीं मिली है। वहीं खंड विकास अधिकारी अकसीर अली अंसारी ने बताया कि कोई पूर्व सूचना न होने के कारण ही ज्ञापन लेने नहीं जा सका। इसी से नाराज होकर न सिर्फ लगभग दो घंटे तक मुझे व अन्य कर्मियों को बंधक बनाए रखा गया वरन जमकर हंगामा व अभद्रतापूर्ण आचरण भी किया गया।