{"_id":"60ad39f88ebc3e14c9153864","slug":"increased-water-level-in-saryu-washed-away-three-pipes-ambedkar-nagar-news-lko5795770194","type":"story","status":"publish","title_hn":"सरयू में बढ़ा जलस्तर, बह गए तीन पीपे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सरयू में बढ़ा जलस्तर, बह गए तीन पीपे
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
राजेसुल्तानपुर। कम्हरिया घाट पर सरयू नदी पर बने पीपे का पुल के तीन पीपे मंगलवार तड़के नदी का जलस्तर बढ़ने व कटान के चलते टूटकर बह गए। इससे मौके पर हड़कंप मच गया। बाद में पुल पर काम करने वाले मजदूरों ने लगभग एक किमी दूरी से टूटकर बहने वाले पीपों को नदी के किनारे किया। इसके बाद संबंधित पुल पर आवागमन को रोकने के साथ ही पीपों को समय से पहले ही खोलने का कार्य प्रारंभ कर दिया गया।
लोगों के आवागमन को देखते हुए कम्हरिया घाट पर सरयू नदी पर पीपों का पुल बनाया गया है। नवंबर से 15 जून तक पीपे के पुल से आवागमन होता है। सरयू नदी का जलस्तर बढ़ने पर 15 जून से पीपों को खोलकर आवागमन पूरी तरह ठप कर दिया जाता है। लोक निर्माण विभाग गोरखपुर की ओर से निर्मित पीपे के पुल का प्रयोग लोग आवागमन के लिए कर रहे थे। इस बीच मंगलवार तड़के बड़ी घटना होने से बच गई। हुआ यह कि सरयू नदी का जलस्तर बढ़ने व कटान होने के चलते तीन पीपे टूटकर बह गए। यह संयोग ही था कि यह घटना भोर में उस समय हुई, जब पुल पर आवागमन नहीं हो रहा था, अन्यथा बड़ी घटना हो सकती थी। पुल से तीन पीपों के बह जाने से मौके पर हड़कंप मच गया।
इस बीच पुल पर काम कर रहे मजदूरों ने पीपों की तलाश शुरू की, तो लगभग एक किमी दूर तीनों पीपे बहते मिले। अथक प्रयास कर तीनों पीपों को तट पर ले जाया गया। तीन पीपों के बह जाने से संबंधित पुल पर आवागमन पूरी तरह ठप कर दिया गया। उधर, लोक निर्माण विभाग गोरखपुर के अवर अभियंता गौरव श्रीवास्तव ने बताया कि सरयू नदी का जलस्तर बढ़ने व कटान होने से तीन पीपे टूटकर बह गए थे। इसके बाद पुल पर आवागमन पूरी तरह से ठप कर दिया गया। जलस्तर बढ़ने व कटान को देखते हुए पीपों को खोलने का कार्य समय से पहले ही किया जा रहा है। बताया कि 15 जून तक पुल पर आवागमन किया जाता है, लेकिन इस बार परिस्थितियों को देखते हुए समय से पहले ही इसे खोल दिया जा रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
लोगों के आवागमन को देखते हुए कम्हरिया घाट पर सरयू नदी पर पीपों का पुल बनाया गया है। नवंबर से 15 जून तक पीपे के पुल से आवागमन होता है। सरयू नदी का जलस्तर बढ़ने पर 15 जून से पीपों को खोलकर आवागमन पूरी तरह ठप कर दिया जाता है। लोक निर्माण विभाग गोरखपुर की ओर से निर्मित पीपे के पुल का प्रयोग लोग आवागमन के लिए कर रहे थे। इस बीच मंगलवार तड़के बड़ी घटना होने से बच गई। हुआ यह कि सरयू नदी का जलस्तर बढ़ने व कटान होने के चलते तीन पीपे टूटकर बह गए। यह संयोग ही था कि यह घटना भोर में उस समय हुई, जब पुल पर आवागमन नहीं हो रहा था, अन्यथा बड़ी घटना हो सकती थी। पुल से तीन पीपों के बह जाने से मौके पर हड़कंप मच गया।
विज्ञापन
इस बीच पुल पर काम कर रहे मजदूरों ने पीपों की तलाश शुरू की, तो लगभग एक किमी दूर तीनों पीपे बहते मिले। अथक प्रयास कर तीनों पीपों को तट पर ले जाया गया। तीन पीपों के बह जाने से संबंधित पुल पर आवागमन पूरी तरह ठप कर दिया गया। उधर, लोक निर्माण विभाग गोरखपुर के अवर अभियंता गौरव श्रीवास्तव ने बताया कि सरयू नदी का जलस्तर बढ़ने व कटान होने से तीन पीपे टूटकर बह गए थे। इसके बाद पुल पर आवागमन पूरी तरह से ठप कर दिया गया। जलस्तर बढ़ने व कटान को देखते हुए पीपों को खोलने का कार्य समय से पहले ही किया जा रहा है। बताया कि 15 जून तक पुल पर आवागमन किया जाता है, लेकिन इस बार परिस्थितियों को देखते हुए समय से पहले ही इसे खोल दिया जा रहा है।
विज्ञापन